NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
हिमाचल: एचआरटीसी कर्मियों की मांगों के समर्थन में सीटू ने किया प्रदर्शन
मज़दूर संगठन सीटू ने हिमाचल प्रदेश सरकार से एचआरटीसी कर्मियों की मांगों को पूर्ण करने व क्षेत्रीय प्रबंधक का तबादला रद्द करने की मांग की है। सीटू ने ऐलान किया है कि अगर एचआरटीसी कर्मियों का आंदोलन आगे बढ़ता है तो सीटू भी प्रदेशव्यापी स्तर पर इसका समर्थन करेगा व इसमें शामिल होगा।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
27 Jul 2021
हिमाचल: एचआरटीसी कर्मियों की मांगों के समर्थन में सीटू ने किया प्रदर्शन

हिमाचल प्रदेश में मज़दूर संगठन सेंटर ऑफ़ इंडिट्रेड यूनियन (सीटू) की राज्य इकाई ने एचआरटीसी कर्मियों की मांगों के समर्थन में  सोमवार को ओल्ड बस स्टैंड शिमला पर प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन पिछले कई दिनों से सड़कों पर उतरे एचआरटीसी कर्मियों  के समर्थन में थी। ये कर्मचारी आरएम के तबादले से नाराज हैं।  

सीटू ने प्रदेश सरकार से एचआरटीसी कर्मियों की मांगों को पूर्ण करने व क्षेत्रीय प्रबंधक का तबादला रद्द करने की मांग की है। सीटू ने ऐलान किया है कि अगर एचआरटीसी कर्मियों का आंदोलन आगे बढ़ता है तो सीटू भी प्रदेशव्यापी स्तर पर इसका समर्थन करेगा व इसमें शामिल होगा।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक़ गौरतलब है कि एचआरटीसी लोकल यूनिट और प्राइवेट बस ऑपरेटरों के बीच चल रहे विवाद के बीच शुक्रवार को अचानक एचआरटीसी प्रबंधन ने क्षेत्रीय प्रबंधक शिमला लोकल देवासेन नेगी का शिमला से नेरवा तबादला कर दिया था। चालकों-परिचालकों ने इसे निजी बस ऑपरेटरों के दबाव में लिया फैसला बताकर बसें खड़ी कर निगम मुख्यालय के बाहर धरना दे दिया था। 

कर्मचारियों का कहना है कि अधिकारी ने निजी बस ऑपरेटरों के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए निगम के हित में बात की थी। इसलिए प्रबंधन ने निजी ऑपरेटरों के दबाव में उनका तबादला किया है और वे इसी का विरोध कर रहे हैं।

सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा व महासचिव प्रेम गौतम ने संयुक्त रूप से कहा है कि प्रदेश सरकार गांव-गांव तक बेहतरीन बस सेवाएं देने वाले एचआरटीसी कर्मियों को प्रताड़ित करके उनके हौसलों को पस्त कर रही है। आज भी हिमाचल प्रदेश की  विपरीत भौगोलिक परिस्थिति में हर व्यक्ति तक बस सेवा पहुंचाने का कार्य केवल एचआरटीसी कर्मी ही कर रहे हैं। इस विभाग की बेहतरी के लिए कार्य करने वाले अफसरों व कर्मियों को प्रताड़ित किया जा रहा है। क्षेत्रीय प्रबंधक का तबादला भी इसी कड़ी का एक हिस्सा है। कर्मियों का गुस्सा केवल क्षेत्रीय प्रबंधक के तबादले तक सीमित नहीं है बल्कि निगम व कर्मियों के प्रति सौतेले भेदभाव के खिलाफ भी है।

उन्होंने कहा है कि प्रदेश सरकार का रवैया एचआरटीसी कर्मियों के प्रति हमेशा भेदभावपूर्ण रहा है। इस निगम के लिए सरकार की सहायता लगातार कम हो रही है। इसी का नतीजा है कि निगम के पेंशनरों को कई-कई महीनों तक पेंशन नहीं मिलती है। कर्मियों के ओवरटाइम वेतन का भुगतान कई महीनों तक नहीं होता है। घाटे के रूट एचआरटीसी को देकर इसे जान बूझकर हाशिये पर धकेलने की कोशिश की जा रही है व पूर्ण निजीकरण की कोशिशें हो रही हैं। ऐसी परिस्थिति में भी एचआरटीसी कर्मी बेहतरीन सेवाएं देते रहे हैं परन्तु उन्हें ईनाम की जगह तबादले व प्रताड़ना मिल रही है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।

उन्होंने एचआरटीसी को निगम के बजाए विभाग का दर्जा देने, पेंशनरों को समय पर पेंशन देने, कर्मियों को समय पर वेतन,ओवरटाइम व भत्तों का भुगतान करने, कच्चे कर्मियों को पक्का करने, बजट में बढ़ोतरी करने, रिक्त पदों को भरने, कर्मियों की प्रताड़ना बन्द करने, स्पेशल वेतन स्केल देने व कर्मियों के बस ठहरावों पर रहने की उचित व्यवस्था करने की मांग की है।

Himachal Pradesh
HRTC
CITU
himachal pradesh government

Related Stories

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग

झारखंड-बिहार : महंगाई के ख़िलाफ़ सभी वाम दलों ने शुरू किया अभियान

हिमाचल में हाती समूह को आदिवासी समूह घोषित करने की तैयारी, क्या हैं इसके नुक़सान? 

आशा कार्यकर्ताओं को मिला 'ग्लोबल हेल्थ लीडर्स अवार्ड’  लेकिन उचित वेतन कब मिलेगा?

मुंडका अग्निकांड: सरकारी लापरवाही का आरोप लगाते हुए ट्रेड यूनियनों ने डिप्टी सीएम सिसोदिया के इस्तीफे की मांग उठाई

मुंडका अग्निकांड: लापता लोगों के परिजन अनिश्चतता से व्याकुल, अपनों की तलाश में भटक रहे हैं दर-बदर

तमिलनाडु: छोटे बागानों के श्रमिकों को न्यूनतम मज़दूरी और कल्याणकारी योजनाओं से वंचित रखा जा रहा है

LIC के कर्मचारी 4 मई को एलआईसी-आईपीओ के ख़िलाफ़ करेंगे विरोध प्रदर्शन, बंद रखेंगे 2 घंटे काम

रोहतक : मारुति सुज़ुकी के केंद्र में लगी आग, दो कर्मियों की मौत


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में एक हफ्ते बाद कोरोना के तीन हज़ार से कम मामले दर्ज किए गए
    10 May 2022
    देश की राजधानी दिल्ली में 17 दिन बाद एक हज़ार से कम नए मामले सामने आए हैं | वहीं उत्तर प्रदेश में कोरोना के लगतार बढ़ते मामलो की देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार फिर से सख्त हुई है |
  • भाषा
    आर्थिक संकट के बीच श्रीलंका के प्रधानमंत्री महिंदा राजपक्षे का इस्तीफ़ा, बुधवार तक कर्फ्यू लगाया गया
    10 May 2022
    प्रधानमंत्री महिंदा ने अपने त्यागपत्र में कहा कि वह सर्वदलीय अंतरिम सरकार के गठन का मार्ग प्रशस्त करने के लिए पद छोड़ रहे हैं। उन्होंने अपने त्यागपत्र में लिखा, ‘‘मैं (आपको) सूचित करना चाहता हूं कि…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    दिल्लीः एलएचएमसी अस्पताल पहुंचे केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मंडाविया का ‘कोविड योद्धाओं’ ने किया विरोध
    10 May 2022
    स्वास्थ्य मंत्री के पहुंचने पर अस्पताल गेट के समक्ष कर्मचारियों ने बैनर के साथ नारे लगाते हुए शांतिपूर्ण विरोध किया।
  • वसीम अकरम त्यागी
    शाहीन बाग़ : देखने हम भी गए थे प तमाशा न हुआ!
    10 May 2022
    मिर्ज़ा के इस शेर में ग़ालिब को शाहीन बाग़ और हम को मेनस्ट्रीम न्यूज़ चैनल पढ़ा जाए। नौ मई का दिन चैनलों और समर्थकों के लिए तय किया गया था जो रोज़ मुसलमान उत्पीड़न का नया नशा चाहता है। मगर हाय, यह हो…
  • भाषा
    दिवंगत दानिश सिद्दीकी सहित चार भारतीय पुलित्ज़र पुरस्कार से सम्मानित
    10 May 2022
    सिद्दीकी (38) की पिछले साल जुलाई में अफगानिस्तान में हत्या कर दी गई थी। अफगानिस्तान के स्पीन बोल्दक जिले में अफगान सैनिकों और तालिबान के बीच हिंसक संघर्ष की तस्वीरें लेते समय उनकी हत्या कर दी गई थी।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License