NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
मुख्य सचिव से हाथापाई मामले में केजरीवाल सहित सभी अन्य विधायक आरोपमुक्त
अदालत ने 2018 में तत्कालीन मुख्य सचिव अंशु प्रकाश के साथ कथित हाथापाई से जुड़े मामले में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और आम आदमी पार्टी (आप) के नौ अन्य विधायकों को बुधवार को आरोप-मुक्त कर दिया।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
12 Aug 2021
मुख्य सचिव से हाथापाई मामले में केजरीवाल सहित सभी अन्य विधायक आरोपमुक्त

नयी दिल्ली: दिल्ली की एक अदालत ने 2018 में तत्कालीन मुख्य सचिव अंशु प्रकाश के साथ कथित हाथापाई से जुड़े मामले में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और आम आदमी पार्टी (आप) के नौ अन्य विधायकों को बुधवार को आरोप-मुक्त कर दिया।

हालाँकि अतिरिक्त मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट सचिन गुप्ता ने हालांकि, मामले में आप के दो विधायकों अमानतुल्ला खान और प्रकाश जरवाल के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया है।

क्या था पूरा मामला

19-20 फरवरी, 2018 की रात को केजरीवाल के आधिकारिक आवास पर एक बैठक के दौरान सचिव अंशु प्रकाश पर कथित हमले का आरोप लगाया था। जिसके बाद इस मामले ने टूल पकड़ा और यहाँ तक की आईएएस अफसरों के संगठन ने इसको लेकर विरोध भी किया था। यह अपने आप में एक चुने भी मुख्यमंत्री पर गंभीर आरोप थे।  

फरवरी 2018 में मुख्य सचिव अंशु प्रकाश ने आरोप लगाया था कि केजरीवाल ने उन्हें घर बुलाया और अपने विधायकों से पिटवाया।   इसके बाद मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, उप-मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के अलावा आम आदमी पार्टी (आप) के 11 विधायकों पर मामला दर्ज किया गया था। यही नहीं खुद केजरीवाल के घर पर दिल्ली पुलिस ने कई घंटे पूछताझ की थी।  हालांकि उस समय भी  केजरीवाल और विधायकों ने इन आरोपों को सिरे से नकारा था।  

आप के जिन 11 विधायकों को आरोपी बनाया गया था, उनमें अमानतुल्लाह खान, प्रकाश जरवाल के अलावा नितिन त्यागी, रितुराज गोविंद, संजीव झा, अजय दत्त, राजेश ऋषि, राजेश गुप्ता, मदन लाल, प्रवीण कुमार और दिनेश मोहनिया शामिल थे।

इस मामले भी सभी आरोपियों को  अक्टूबर 2018 में जमानत दे दी गई थी।  
 
इस घटना के बाद केंद्र सरकार ने नवंबर 2018 में मुख्य सचिव अंशु प्रकाश का तबादला कर दिया था।  अंशु प्रकाश को तब केंद्र के दूर संचार विभाग में एडिशनल सेक्रटरी के पद पर तैनात किया गया था।

 केजरीवाल, सिसोदिया ने फैसले को सत्य की जीत करार दिया

मुख्य सचिव से कथित तौर पर हाथापाई के मामले में बरी किए जाने के बाद मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने बुधवार को कहा कि सत्य की जीत हुई।

सिसोदिया ने भाजपा नीत केन्द्र सरकार पर लोगों द्वारा चुनी गई दिल्ली सरकार को कमजोर करने के लिए केजरीवाल के खिलाफ साजिश रचने आरोप लगाया।

केजरीवाल ने अदालत के फैसल के बाद ट्वीट किया, ‘‘सत्यमेव जयते’’।

वहीं, सिसोदिया ने एक ऑनलाइन संवाददाता सम्मेलन में कहा , ‘‘ यह न्याय और सच्चाई की जीत का दिन है। अदालत ने कहा कि सभी आरोप गलत और निराधार है। मुख्यमंत्री को आज उस झूठे मामले में बरी कर दिया गया। हम पहले दिन से ही कह रहे थे कि आरोप गलत हैं। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा भाजपा नीत केन्द्र सरकार की एक साजिश थी और उन्हीं के निर्देश पर झूठा मामला भी दर्ज किया गया।’’

उन्होंने कहा, ‘‘ यह पहला मौका है जब निर्वाचित प्रधानमंत्री ने किसी निर्वाचित मुख्यमंत्री की सरकार को इस तरह से बाहर करने की कोशिश की हो। जनता ने दोनों सरकारों को चुना है, आपको विपक्षी सरकारों के खिलाफ साजिश रचने और उनकी जासूसी करने में लिप्त नहीं होना चाहिए। प्रधानमंत्री और भाजपा को इसके लिए देश के लोगों से माफी मांगनी चाहिए।’’

यह आपराधिक मामला 19 फरवरी, 2018 को केजरीवाल के आधिकारिक आवास पर एक बैठक के दौरान प्रकाश पर कथित हमले से जुड़ा है। मुख्यमंत्री एवं उपमुख्यमंत्री के अलावा, आप के 11 विधायकों को मामले में आरोपी बनाया गया था। केजरीवाल, सिसोदिया और आप के नौ अन्य विधायकों को अक्टूबर 2018 में जमानत दे दी गई थी। अमानतुल्ला खान और प्रकाश जरवाल को उच्च न्यायालय ने जमानत दी थी।

सिसोदिया ने कहा कि भाजपा केजरीवाल की लोकप्रियता से डरी हुई है और ‘‘ दिल्ली पुलिस का इस्तेमाल कर उनके खिलाफ एक झूठी प्राथमिकी दर्ज की गई और उनके आवास तथा कार्यालय पर छापे मारे गए। उनके साथ एक आतंकवादी जैसा व्यवहार किया गया। पुलिस ने लगातार छह घंटे उनसे पूछताछ की थी।

(समाचार एजेंसी भाषा इनपुट के साथ)

Arvind Kejriwal
MANISH SISODIA
AAP

Related Stories

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग

PM की इतनी बेअदबी क्यों कर रहे हैं CM? आख़िर कौन है ज़िम्मेदार?

मूसेवाला की हत्या को लेकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन, कांग्रेस ने इसे ‘राजनीतिक हत्या’ बताया

ख़बरों के आगे-पीछे: MCD के बाद क्या ख़त्म हो सकती है दिल्ली विधानसभा?

‘आप’ के मंत्री को बर्ख़ास्त करने से पंजाब में मचा हड़कंप

हार्दिक पटेल का अगला राजनीतिक ठिकाना... भाजपा या AAP?

मुंडका अग्निकांड: सरकारी लापरवाही का आरोप लगाते हुए ट्रेड यूनियनों ने डिप्टी सीएम सिसोदिया के इस्तीफे की मांग उठाई

मुंडका अग्निकांड के लिए क्या भाजपा और आप दोनों ज़िम्मेदार नहीं?

ख़बरों के आगे-पीछे: राष्ट्रपति के नाम पर चर्चा से लेकर ख़ाली होते विदेशी मुद्रा भंडार तक


बाकी खबरें

  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 11,499 नए मामले, 255 मरीज़ों की मौत
    26 Feb 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.28 फ़ीसदी यानी 1 लाख 21 हज़ार 881 हो गयी है।
  • up elections
    रवि शंकर दुबे
    यूपी चुनाव, पांचवां चरण: अयोध्या से लेकर अमेठी तक, राम मंदिर पर हावी होगा बेरोज़गारी का मुद्दा?
    26 Feb 2022
    पांचवें चरण के चुनावों में अयोध्या, प्रयागराज और चित्रकूट.... तीन-तीन धर्म नगरी शामिल हैं, जो हमेशा से चुनावों में भाजपा का बड़ा हथियार रही हैं, इसके बावजूद इस बार बेरोज़गारी और महंगाई भाजपा के लिए…
  • pak
    श्रिया सिंह
    पाकिस्तानी छात्रों का छात्र संगठन पर प्रतिबंध के ख़िलाफ़ जारी संघर्ष को सिंह प्रांत में मिली बड़ी जीत
    26 Feb 2022
    क़रीब 38 साल पहले जनरल ज़िया उल हक़ की सैन्य तानाशाही सरकार के दौरान छात्र संगठनों पर प्रतिबंध लगाया गया था। अब अगर सिंध के गवर्नर इमरान इस्माइल सिंध स्टूडेंट यूनियंस बिल 2019 पर हस्ताक्षर कर देते हैं…
  • human
    संदीपन तालुकदार
    सबसे बड़ा फ़ैमिली ट्री बनने से आसान हुई पलायन और वंशावली की खोज
    26 Feb 2022
    शोधकर्ताओं ने जेनेटिक्स का इस्तेमाल कर अब तक का सबसे बड़ा फ़ैमिली ट्री तैयार किया है। इसके बनने से पूर्वजों की जानकारी और अभी जो ज़िंदा हैं उनसे उनके संबंधों के बारे में जानकारी मिलना आसान हो गया है।
  • chunav chakra
    न्यूज़क्लिक टीम
    चुनाव चक्र: उत्तर प्रदेश का आधे से ज़्यादा रास्ता तय, मणिपुर में भी वोट की जंग
    25 Feb 2022
    इस बार उत्तर ही नहीं पूर्वोत्तर में भी वोट की जंग है। उत्तर प्रदेश अपने चार चरण पूरे कर चुका है और 27 फरवरी को पांचवें चरण का वोट करेगा, जबकि पूर्वोत्तर का अहम राज्य मणिपुर पहले चरण के मतदान के लिए…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License