NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
इज़रायल ने क़ब्ज़े वाले क्षेत्रों में फ़िलिस्तीनियों के कई घर ध्वस्त किए
अंतरराष्ट्रीय मानवीय क़ानूनों का उल्लंघन करते हुए इज़रायल रोज़ाना फ़िलिस्तीनी घरों और अन्य संपत्तियों को नष्ट कर देता है।
पीपल्स डिस्पैच
06 Aug 2020
इज़रायल ने क़ब्ज़े वाले क्षेत्रों में फ़िलिस्तीनियों के कई घर ध्वस्त किए

इज़रायल की सेना ने बुधवार 5 अगस्त को बुलडोज़र से वेस्ट बैंक और ईस्ट येरुशेलम के क़ब्ज़े वाले क्षेत्र में फ़िलिस्तीनियों के स्वामित्व वाली आवासीय और वाणिज्यिक ढांचों की ध्वस्त कर दिया। कुल मिलाकर, इज़रायलियों ने तीन फिलिस्तीनी घरों, एक नाई की दुकान, बड़े भू भाग में बने कई ढांचों के साथ ही साथ कई पशु आश्रय को भी ध्वस्त कर दिया।

क़ब्ज़े वाले पूर्वी यरुशलम में सिलवान भूमि की रक्षा के लिए समिति के एक सदस्य खालिद अबू तायेह ने कहा कि इज़रायली पुलिस और यरूशेलम नगर पालिका कर्मचारी सिलवान के ईन अल-लोज़ा क्षेत्र में बुलडोज़र ले गए। इसके बाद इन बुलडोजरों ने दो भाइयों समीर और सुलेमान अल-काक के दो फ़िलिस्तीनी घरों को ध्वस्त कर दिया। इन दो भाइयों को कथित तौर पर दो दिन पहले घर गिराने के आदेश मिले थे, जिसके बाद उन्होंने गिरने से पहले अपने घरों को खाली कर दिया था। उसी क्षेत्र में शरीफ अमरो के एक और घर को ध्वस्त कर दिया गया था। इसके अलावा, एक फिलीस्तीनी व्यक्ति जिसका नाम अमर शिहा था जिसकी एक नाई की दुकान थी उसे भी ध्वस्त कर दिया गया। इज़रायली अधिकारियों ने इस विध्वंस के लिए आधिकारिक मंजूरी में कमी होने का हवाला दिया।

हेब्रोन के दक्षिणी वेस्ट बैंक शहर के दक्षिण पश्चिम में स्थित डूरा शहर में और अधिक विध्वंस किए गए। एंटी-वॉल एंड सेटलमेंट कमेटी रातेब अल-जबूर के समन्वयक के अनुसार, ये विध्वंस फिलिस्तीनी के स्वामित्व वाली भूमि पर किया गया था जो कि नेगोहोट के अवैध इज़रायली बस्ती से सटे थे। ये भूमि जो फिलिस्तीनी घन्नम और ओडेह परिवारों की थी उस पर कुछ अनिश्चित ढांचे थे। इज़रायली सैनिकों ने सभी ढ़ांचों को ध्वस्त करते हुए पूरे क्षेत्र में बुलडोजर चलाया। ये विध्वंस कथित तौर पर पास के अवैध इज़रायली बस्ती के विस्तार के लिए किए गए थे।

इस बीच मंगलवार 4 अगस्त को बेथलेहम शहर के पूर्व में स्थित किसान गांव में इज़रायल के बुलडोजरों ने सेना के साथ दो स्थानीय ग्रामीण निवासियों द्वारा इस्तेमाल किए गए पशु शालाओं को ध्वस्त कर दिया और कहा कि वे बिना परमिट के बनाए गए हैं।

चौथे जिनेवा सम्मेलनों के तहत ये विध्वंस अवैध हैं क्योंकि ये ऑक्यूपायड लोगों को सामूहिक दंड के जैसा है और अंतरराष्ट्रीय क़ानून के तहत प्रतिबंधित हैं। इज़रायल नियमित रूप से विस्तार के लिए अधिक से अधिक फिलिस्तीनी भूमि को जब्त करने और हड़पने के लिए और विशेष शहरों और गांवों में जनसांख्यिकीय संतुलन को बदलने के लिए फ़िलिस्तीनियों को विस्थापित करने के लिए इस तरह के विध्वंस को अंजाम देता है। फ़िलिस्तीनियों के साथ भी काफी भेदभाव किया जाता है वह भी तब जब उनके अपनी संपत्ति और घरों के निर्माण के अधिकार की बात आती है क्योंकि इज़रायल के अधिकारियों ने इजरायल का निर्माण परमिट प्राप्त करने के लिए फिलिस्तीनियों के लिए लगभग असंभव बना दिया है।

Israel
Palestine
International Humanitarian Laws
West Bank
International news

Related Stories

दुनिया भर की: कोलंबिया में पहली बार वामपंथी राष्ट्रपति बनने की संभावना

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

अमेरिका में महिलाओं के हक़ पर हमला, गर्भपात अधिकार छीनने की तैयारी, उधर Energy War में घिरी दुनिया

रूस-यूक्रैन संघर्षः जंग ही चाहते हैं जंगखोर और श्रीलंका में विरोध हुआ धारदार

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

दुनिया भर की: सोमालिया पर मानवीय संवेदनाओं की अकाल मौत

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया


बाकी खबरें

  • prashant kishor
    अनिल सिन्हा
    नज़रिया: प्रशांत किशोर; कांग्रेस और लोकतंत्र के सफ़ाए की रणनीति!
    04 Dec 2021
    ग़ौर से देखेंगे तो किशोर भारतीय लोकतंत्र की रीढ़ तोड़ने में लगे हैं। वह देश को कारपोरेट लोकतंत्र में बदलना चाहते हैं और संसदीय लोकतंत्र की जगह टेक्नोक्रेट संचालित लोकतंत्र स्थापित करना चाहते हैं…
  • All five accused arrested in the murder case
    भाषा
    माकपा के स्थानीय नेता की हत्या के मामले में सभी पांच आरोपी गिरफ्तार
    04 Dec 2021
    घटना पर माकपा प्रदेश सचिवालय ने एक बयान जारी कर आरएसएस को हत्या का जिम्मेदार बताया है और मामले की गहराई से जांच करने की मांग की है.पुलिस के अनुसार, घटना बृहस्पतिवार रात साढ़े आठ बजे हुई थी और संदीप…
  • kisan andolan
    लाल बहादुर सिंह
    MSP की कानूनी गारंटी ही यूपी के किसानों के लिए ठोस उपलब्धि हो सकती है
    04 Dec 2021
    पंजाब-हरियाणा के बाहर के, विशेषकर UP के किसानों और उनके नेताओं की स्थिति वस्तुगत रूप से भिन्न है। MSP की कानूनी गारंटी ही उनके लिए इस आंदोलन की एक ठोस उपलब्धि हो सकती है, जो अभी अधर में है। इसलिए वे…
  • covid
    भाषा
    कोरोना अपडेट: देशभर में 8,603 नए मामले सामने आए, उपचाराधीन मरीजों की संख्या एक लाख से कम हुई
    04 Dec 2021
    देश में कोविड-19 के 8,603 नए मामले सामने आए हैं, जिसके बाद कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 3,46,24,360 हो गई है।  
  • uttarkhand
    सत्यम कुमार
    देहरादून: प्रधानमंत्री के स्वागत में, आमरण अनशन पर बैठे बेरोज़गारों को पुलिस ने जबरन उठाया
    04 Dec 2021
    4 दिसंबर 2021 को उत्तराखंड की अस्थाई राजधानी देहरादून में देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आ रहे हैं। लेकिन इससे पहले ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत के लिए आमरण अनशन पर बैठे बेरोजगार युवाओं…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License