NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
इज़रायली सैनिकों ने क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीनी क्षेत्रों में एक 12 वर्षीय लड़के की हत्या की
एक हफ़्ते से भी कम समय में क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक में इज़रायली सेना द्वारा की गई हत्या की यह तीसरी घटना थी।
पीपल्स डिस्पैच
29 Jul 2021
 फ़िलिस्तीनी

इजरायली सैनिकों ने बुधवार 28 जुलाई को एक 12 वर्षीय लड़के मोहम्मद अल-अलामी की गोली मारकर उस समय हत्या कर दी जब वह अपने पिता और बहन के साथ कार में सफर कर रहा था। कब्जे वाले वेस्ट बैंक में हेब्रोन के उत्तर-पश्चिम में बेत उमर में सीने में गोली लगने के बाद लड़के को अस्पताल ले जाया गया जहां उसकी मृत्यु हो गई।

बेत उमर शहर के नसरी सबरनेह मेयर के अनुसार अल-अलामी की कार पर तब हमला हुआ जब उसके पिता ने पास की एक दुकान से कुछ खरीदने के लिए यू-टर्न लिया। इजरायली सेना ने कहा कि वह घटना की जांच कर रही है।

कब्जे वाले वेस्ट बैंक में पिछले कुछ दिनों में इजरायल की गोलीबारी में मारा गया यह दूसरा लड़का था। शनिवार 24 जुलाई को एक 17 वर्षीय मोहम्मद मुनीर अल-तमीमी को वेस्ट बैंक के नब्लुस जिले के बेता में इजरायली सेना ने गोली मार दी थी। बाद में उसकी भी अस्पताल में मौत हो गई। अल-तमीमी शहर के पास एक अवैध इजरायली बस्ती के खिलाफ प्रदर्शन में शामिल था। रेड क्रिसेंट के अनुसार, इस गोलीबारी में कम से कम 320 अन्य फिलिस्तीनी घायल हो गए।

मंगलवार 27 जुलाई को एक 41 वर्षीय फिलिस्तीनी व्यक्ति शदी उमर लोतफी सलीम की बेता के पास गोली मारकर उस समय हत्या कर दी गई जब वह काम से घर लौट रहा था। पैलेस्टिनियन अथॉरिटी ने कहा कि सलीम प्लंबर था।

मीडिया संगठनों ने बेता के डिप्टी मेयर के हवाले से लिखा कि सलीम को इजरायली सैनिकों द्वारा क्रूरता से मार दिया गया था क्योंकि उस क्षेत्र के पास कोई विरोध प्रदर्शन नहीं हो रहा था जहां वह मारा गया था। इजरायली सेना ने कहा था कि सलीम उनके पास हाथ में लोहे की छड़ लेकर आ रहा था तब उसे गोली मारी गई।

इस क्षेत्र में जबल सबीह नामक नामक एक पहाड़ी पर कई इजरायलियों द्वारा एविएटर नामक एक अवैध बस्ती के निर्माण के विरोध में सैकड़ों स्थानीय फिलिस्तीनी साप्ताहिक विरोध प्रदर्शन करते आ रहे हैं। ये पहाड़ी वह जगह है जहां अधिकांश फिलिस्तीनियों का अपने खेत और घर हैं। वे इन अवैध बस्तियों के निर्माण को फिलिस्तीनी भूमि को हड़पने और उन्हें इजरायली सैन्य क्षेत्रों से घिरे यहूदी बस्ती में रहने के लिए मजबूर करने के प्रयास के रूप में देखते हैं।

Israel
Palestine
Israel Occupied Palestine
Israeli Security Forces

Related Stories

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

फ़िलिस्तीन पर इज़राइली हिंसा और यूक्रेन-रूस में ख़ूनी जंग कब तक

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

ईरान नाभिकीय सौदे में दोबारा प्राण फूंकना मुमकिन तो है पर यह आसान नहीं होगा

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है


बाकी खबरें

  • पीपल्स डिस्पैच
    हिरासत के दौरान कथित तौर पर प्रताड़ित किए जाने के बाद तीन इराक़ियों की मौत
    11 Aug 2021
    इन मौतों की रिपोर्ट संयुक्त राष्ट्र की उस एक रिपोर्ट के कुछ दिनों बाद आई है जिसमें इराक़ी और कुर्दिस्तान के क्षेत्रीय सरकारी अधिकारियों पर व्यापक स्तर पर बंदियों के साथ अत्याचार और दुर्व्यवहार करने…
  • climate change
    उपेंद्र स्वामी
    दुनिया भर की: धरती एक दावानल की चपेट में आने जा रही है
    11 Aug 2021
    कुछ साल पहले तक तो जलवायु परिवर्तन को एक सैद्धांतिक बात कहकर टाल दिया जाता था लेकिन अब हक़ीक़त यह है कि जलवायु परिवर्तन का असर हमारे रोज़मर्रा के जीवन में दिखाई देने लगा है।
  • SOCIALISM
    प्रभात पटनायक
    बराबरी और किल्लत: कैसे समाजवाद ने पूंजीवाद को पछाड़ा
    11 Aug 2021
    सामान के लिए उपभोक्ताओं की लंबी-लंबी कतारें लगना, समाजवादी उत्पादन व्यवस्था की अकुशलता को नहीं, बल्कि इन समाजवादी समाजों की बहुत ही समतावादी प्रकृति को ही दिखाता था।
  • AIDWA PROTEST
    असद रिज़वी
    अध्ययन: स्मार्ट फ़ोन, इंटरनेट और बढ़ती फ़ीस इस सबने ग़रीब मेहनतकशों के बच्चों को पीछे धकेला
    11 Aug 2021
    अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति (एडवा) ने कोविड-19 के दौरान प्राथमिक व माध्यमिक शिक्षा पर पड़े नकारात्मक प्रभाव पर एक अध्ययन किया है। अध्ययन में सामने आया है कि सुविधाओं की कमी और ख़राब आर्थिक हालत के…
  • पीपल्स डिस्पैच
    थाईलैंडः पुलिस की कार्रवाई के बावजूद "कार" रैली में हज़ारों लोग शामिल हुए
    11 Aug 2021
    प्रयुत चान-ओ-चा की सरकार द्वारा कोविड-19 महामारी के कुप्रबंधन के ख़िलाफ़ गुस्साए हज़ारों लोगों ने 2020 में थम्मासैट विश्वविद्यालय के विरोध के एक साल पूरे होने पर रैली निकाली।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License