NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कर्नाटक: बिटकॉइन घोटाला ने सियासत में हलचल क्यों मचा दी है?
इस स्कैम ने राज्य की राजननीति में एक नई हलचल पैदा कर दी है। एक ओर सीएम बोम्मई पार्टी के भीतर की चुनौती से परेशान हैं तो वहीं दूसरी ओर सुस्त जांच को लेकर विपक्ष सरकार पर जमकर निशाना साध रहा है।
सोनिया यादव
20 Nov 2021
bitcoin

कर्नाटक का कथित बिटकॉइन घोटाला बीते कई दिनों से सुर्खियों में है। देश का पहला बिटकॉइन स्कैम माने जाने वाला ये घोटाला कर्नाटक की बसावराज बोम्मई की सरकार के लिए चुनौती बन गया है। एक ओर सीएम बोम्मई पार्टी के भीतर की चुनौती से परेशान हैं तो वहीं दूसरी ओर विपक्ष सरकार पर जमकर निशाना साध रहा है।

बता दें कि इस घोटाले के केंद्र में एक 25 साल का हैकर श्रीकृष्ण रमेश उर्फ़ सिर्की है। सिर्की पर आरोप है कि उसने बिटक्वाइन एक्सचेंज, पोकर गेम वेबसाइट और कर्नाटक सरकार के ई-शासन विभाग की ई-ख़रीद वेबसाइटों को हैक किया। इस कथित हैकिंग का पता पहली बार जुलाई 2019 में चला था, जब एक वित्तीय सलाहकार एस.के. शैलजा ने इस बारे में जानकारी दी थी। Earnest Money Deposits (EMD) रिफंड के वेरिफिकेशन के दौरान उन्हें 7.37 करोड़ अनधिकृत फंड ट्रांसफर के बारे में पता चला था। इसके बाद सीआईडी में शिकायत दर्ज की गई।

2020 में एक ड्रग केस की पूछताछ के दौरान श्रीकृष्ण के कबूलनामे से पुलिस को 2019 में ई-ख़रीद वेबसाइट में हुए 11.5 करोड़ के घोटाले की कहानी पता लगी। हैकरों ने नीलामी लगाने वालों की तरफ़ से जमा किए गए 11.5 करोड़ रुपये हैक करके चुरा लिए थे। इस मामले की जाच अब ईडी कर रही है। जांच में पता चला की ई-शासन विभाग की वेबसाइट से चुराया गया पैसा यूपी के बुलंदशहर स्थित एक कंपनी से जुड़े 14 बैंक खातों में रखा था। निम्मी इंटरप्राइजेज़ के अलावा ये पैसा उदय ग्राम विकास संस्था, नागपुर के खाते में भी था।

बीबीसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक एक पुलिस अधिकारी अपना नाम न ज़ाहिर करते हुए कहते हैं कि ये पैसे को ठिकाने लगाने की किसी विस्तृत योजना का हिस्सा लगता है। इससे पुलिस को ये भी शक होता है कि श्री कृष्ण जैसे हैकर के साथ किया गया बिटक्वाइन स्कैम किसी राजनीतिक वर्ग का सभी को ख़ुश रखने की कोशिश का हिस्सा है।

क्या है पूरा मामला?

मीडिया में आई खबरों के अनुसार बीते साल नवंबर में बेंगलुरु सेंट्रल क्राइम ब्रांच पुलिस ने श्रीकृष्ण रमेश उर्फ सिर्की और उसके सहयोगियों को नारकोटिक्स केस में गिरफ्तार किया था। सिर्की पर डार्कनेट के जरिए बिटकॉइन का इस्तेमाल कर ड्रग्स खरीदने और इसे हाईप्रोफाइल क्लाइंट को बेचने का आरोप था। आगे की जांच में पता चला कि श्रीकृष्ण एक हैकर भी है जो साइबर क्राइम में शामिल रहा है। वो बिटकॉइन एक्सचेंज हैकिंग, क्रिप्टोकरंसी की लूट, मनी लॉन्ड्रिंग और साइबर फ्रॉड में भी शामिल रहा है।

जांच के दौरान ही पता चला था कि श्रीकृष्ण कथित तौर पर कर्नाटक सरकार के ई-प्रोक्योरमेंट पोर्टल की हैकिंग में शामिल था। तब अनधिकृत लेनदेन के माध्यम से कुछ खातों में अवैध रूप से धन ट्रांसफर किया गया था। जांच से पता चला कि 1.05 करोड़ रुपये उत्तर प्रदेश की एक फर्म को अवैध रूप से ट्रांसफर किए गए थे। कुल मिलाकर 11.55 करोड़ की हेराफेरी की गई थी। नवंबर 2020 में ही जब श्रीकृष्ण को नशीले पदार्थों के मामले में गिरफ्तार किया गया, तब पुलिस को मालूम हुआ कि वास्तव में वही कथित हैकिंग के पीछे का मास्टरमाइंड है।

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों की जांच के लिए मार्च 2021 में ईडी से संपर्क किया गया था। तब जांच एजेंसी ने अपने बयान में कहा कि मनी लॉन्ड्रिंग की जांच के दौरान पता चला कि श्रीकृष्ण उर्फ श्रीक्की नाम के एक हैकर ने कर्नाटक सरकार के ई-गवर्नेंस पोर्टल को हैक कर लिया था। कर्नाटक सरकार के खाते से एनजीओ उदय ग्राम विकास संस्था और निम्मी इंटरप्राइज़ेज बुलंदशहर को क्रमश: 10.5 करोड़ रुपये और 1.05 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए गए।मादक पदार्थ मामले में पूछताछ के दौरान पुलिस ने श्रीकृष्ण से 9 करोड़ रुपये की कीमत के 31 बिटकॉइन बरामद करने का दावा किया था।

कर्नाटक पुलिस को दिए एक बयान में बिटकॉइन घोटाले के मुख्य आरोपी श्रीकृष्ण रमेश ने खुलासा किया कि उसने नीदरलैंड में रहने के दौरान दो बार बिटफिनेक्स को हैक किया था और ऐसा करने वाला वो पहला व्यक्ति था। बिटफिनेक्स हांगकांग बेस्ट क्रिप्टोकरेंसी है। सिर्की का कहना है कि उन्होंने अपने स्कूल की पढ़ाई के दौरान हैकिंग सीखी थी।

हालांकि श्रीकृष्ण ड्रग्स से जुड़े मामलों में कई बार जेल जा चुका है। लेकिन इस बार कर्नाटक जांच एजेंसी को दिए उसके बयानों और जांच की रफ़्तार ने मुख्यमंत्री बोम्मई और विपक्षी कांग्रेस के बीच राजनीतिक जंग शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि कृष्णा ने जो दावे किए हैं, उनकी पुष्टि नहीं हो सकी है।

सरकार क्या कह रही है?

मीडिया खबरों की मानें तो मुख्यममंत्री बसावराज बोम्मई ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से शिकायत की है कि राज्य में पार्टी के लोग उन्हों बिटक्वाइन स्कैम में परेशान कर रहे हैं। रिपोर्टों के मुताबिक़ पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने इस संबंध में पार्टी की प्रांतीय यूनिट से रिपोर्ट मांगी है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक सीएम बोम्मई ने कहा, "पीएम मोदी से बिटकॉइन स्कैम को लेकर कोई बातचीत नहीं हुई। मैं बात करना चाहता था, लेकिन पीएम मोदी ने बात काट दी। प्रधानमंत्री ने मुझसे यही कहा कि गंभीरता से काम करिए, सब ठीक हो जाएगा। गृह मंत्री अमित शाह को इस बारे में ज्यादा जानकारी है।"

हालांकि अभी तक बीजेपी के किसी पदाधिकारी ने अधिकारिक तौर पर इन रिपोर्टों का खंडन नहीं किया है। वहीं इस मामले में कांग्रेस का आरोप है कि बीजेपी इस मामले की जाँच को ठंडे बस्ते में डाल रही है और ये पुलिस जांच महज़ कुछ ऊंचे लोगों को बचाने के लिए है।

विपक्ष क्या बोल रहा है?

राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी ने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार इस मामले को कवरअप करने की कोशिश कर रही है। उनके मुताबिक हरेक जन धन खाते से 2-2 रुपये ट्रांसफर किए गए और इस तरह आरोपियों ने लगभग 6000 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए।

इंडिया टुडे की खबर के मुताबिक कुमारस्वामी ने कहा, "मुझे बताया गया है कि जन धन खातों की हैकिंग हुई। हर एक जन धन खाते को हैक किया गया और 2 रुपये प्रति खाता ट्रांसफर किए गए। मुझे नहीं पता कि ये कितना सच है। लेकिन ये राशि 6000 करोड़ रुपये है।”

वहीं कांग्रेस नेता प्रियांक खड़गे ने कहा कि ‘बिटकॉइन घोटाले’ के चलते मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई को अपनी कुर्सी गवांनी पड़ेगी। साल 2008-13 की तरह ही इस बार भी बीजेपी सरकार को तीसरा मुख्यमंत्री देखना पड़ेगा।

विधायक खड़गे ने सरकार द्वारा जांच प्रभावित करने का आरोप लगाते हुए कहा, "ये सरकार बिटकॉइन घोटाले की जांच को चरणबद्ध तरीके से बंद करने का प्रयास कर रही है। बीजेपी के वरिष्ठ नेता, उनके बच्चे और अधिकारी इसमें लिप्त हैं। ये कई करोड़ रुपये का घोटाला है। मादक पदार्थ संबंधी मामले निपटाने और ट्रांसफर के लिए बिटकॉइन प्राप्त किए गए। निवेश घोटाले भी इसी के जरिए किए गए।"

गौरतलब है कि इस मामले में विपक्ष द्वारा सरकार से सभी दस्तावेज सार्वजनिक करने और बिटकॉइन घोटाले की जांच प्रवर्तन निदेशालय या सीबीआई को सौंपे जाने की मांग उठाई गई है। पूर्व मंत्री खड़गे का दावा है कि बिटकॉइन घोटाला उस समय सामने आया, जब अमेरिका की आर्थिक अपराध शाखा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अमेरिका यात्रा के दौरान पीएमओ के समक्ष ये मुद्दा उठाया।

बहरहाल, मामले कि सच्चाई क्या है ये तो जांच के बाद ही साफ होगा। लेकिन मामले की गंभीरता को इसी बात से समझा जा सकता है कि कर्नाटक के मुख्यमंत्री बासवराज बोम्मई को खुद सफाई देनी पड़ रही है और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी, सरकार पर जमकर निशाना साध रहे हैं।

karnataka
bitcoin scam
bitcoin
Basavaraj Bommai
BJP
Congress
Jan Dhan Accounts

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    चरणजीत सिंह चन्नी बने पंजाब के पहले दलित मुख्यमंत्री, यूपी में जानलेवा बुखार और अन्य खबरें
    20 Sep 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हमारी नज़र होगी पंजाब के पहले मुख्यमंत्री के रूप में चरणजीत सिंह चन्नी के शपथग्रहण समारोह, कर्नाटक के मुख्यमंत्री को जानलेवा धमकी देने वाला हिन्दू महासभा नेता की…
  • kashmir
    अनीस ज़रगर
    जम्मू के व्यापारियों ने लगाया भेदभाव का आरोप, 22 सितंबर को बंद का ऐलान
    20 Sep 2021
    सरकार द्वारा लिए गए रिलायंस के 100 रिटेल स्टोर खोलने के फ़ैसले का विरोध करते हुए व्यापारी संगठनों ने विरोध प्रदर्शन की भी चेतावनी दी है।
  • Yogi
    सोनिया यादव
    यूपी: ज़मीनी हक़ीक़त से बहुत दूर है योगी सरकार का  साढ़े 4 साल का रिपोर्ट कार्ड!
    20 Sep 2021
    कोरोना संकट की दूसरी लहर के दौरान अस्पतालों के बाहर बेड के इंतजार में तड़पते लोगों की तस्वीरें हों या युवाओं का सड़क पर रोज़गार को लेकर धरना, अखबारों में हाथरस, उन्नाव जैसे आए दिन छपते मामले हों, या…
  • crime
    एम.ओबैद
    बच्चों के ख़िलाफ़ अपराध के मामले में एमपी पहले और यूपी दूसरे स्थान परः एनसीआरबी
    20 Sep 2021
    बच्चों के ख़िलाफ़ अपराध के मामले में बीजेपी शासित मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश क्रमशः पहले और दूसरे स्थान पर हैं। वहीं भ्रूण हत्या के मामले में गुजरात पहले स्थान पर है।
  • ITI
    न्यूज़क्लिक टीम
    बेरोज़गारी की कगार पर IIT पढ़े शिक्षक
    20 Sep 2021
    केंद्र सरकार के अंतर्गत देश में तकनीकी शिक्षा को सुधारने के लिए चार साल पहले लगभग 1400 शिक्षकों की नियुक्ति हुई. नियुक्ति की शर्त यह थी कि राज्य सरकारें तीन साल बाद उन्हें अपने कॉलेजों में पक्की…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License