NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
मज़दूर-किसान
भारत
राजनीति
किसान आंदोलन: केएमपी-केजीपी एक्सप्रेसवे पर 24 घंटे का जाम
तीन कृषि क़ानूनों के ख़िलाफ़ दिल्ली की सीमाओं पर विरोध- प्रदर्शन कर रहे किसानों ने शनिवार सुबह से 24 घंटे के लिये कुंडली-मानेसर-पलवल और कुंडली-ग़ाज़ियाबाद-पलवल राजमार्ग पर आवाजाही को अवरुद्ध कर दिया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
10 Apr 2021
किसान आंदोलन: केएमपी-केजीपी एक्सप्रेसवे पर 24 घंटे का जाम
फोटो साभार : जागरण

तीन कृषि क़ानूनों के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर विरोध- प्रदर्शन कर रहे किसानों ने शनिवार सुबह से 24 घंटे के लिये कुंडली-मानेसर-पलवल राजमार्ग पर आवाजाही को अवरुद्ध कर दिया है। विरोध कर रहे किसानों ने कहा कि आज का बंद केवल एक झांकी है अगर सरकार नहीं मानी तो हम पूरे देश में चक्का जाम करेंगे। 

प्रदर्शनकारी किसान यूनियनों के प्रमुख संगठन संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) ने शुक्रवार को ही एक बयान में कहा था, ' दस अप्रैल को सरकार को चेतावानी देने के रूप में 24 घंटे (10 अप्रैल सुबह आठ बजे से 11 अप्रैल सुबह आठ बजे तक) के लिये केएमपी-केजीपी राजमार्ग बंद किया जाएगा।'

भारतीय किसान यूनियन (लखोवाल) के महासचिव हरिंदर सिंह लखोवाल ने कहा कि एक्सप्रेसवे को 24 घंटे के लिए बाधित किया जाएगा।

केएमपी का अर्थ कुंडली-मानेसर-पलवल राजमार्ग है, जबकि केजीपी का मतलब कुंडली-ग़ाज़ियाबाद-पलवल राजमार्ग है। करीब 136 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेसवे को वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे के नाम से भी जाना जाता है।

बहरहाल प्रदर्शनरत किसानों ने कहा कि आपात वाहनों की आवाजाही की अनुमति दी जाएगी।

इस बीच, हरियाणा पुलिस ने यातायात परामर्श जारी करते हुए यात्रियों से केएमपी मार्ग से यात्रा नहीं करने के लिए कहा। हरियाणा पुलिस ने लोगों से केएमपी से बचने को कहा।

हरियाणा के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (क़ानून व्यवस्था) नवदीप सिंह विर्क ने शुक्रवार को कहा कि क़ानून व्यवस्था को बनाए रखने, किसी प्रकार की हिंसा को रोकने के लिए विस्तृत प्रबंध किए गए हैं।

विर्क ने एक बयान जारी करके कहा कि सोनीपत, झज्जर, पानीपत,रोहतक, पलवल, फरीदाबाद,गुरुग्राम और नूह जिलों में यातायात मार्ग को परिवर्तित करने की योजना पहले ही तैयार कर ली गई है।

उन्होंने बताया कि यात्रियों को इन योजनाओं के बारे में पहले से बताया जा रहा है ताकि किसी तरह की असुविधा से बचने के लिए वे पहले से ही योजना बना ले या पूर्व में बनाई गयी योजना को परिवर्तित कर लें।

विर्क ने कहा कि अंबाला/चंडीगढ़ की तरफ से राष्ट्रीय राजमार्ग-44 आने वाले यात्रियों को उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद, नोएडा होते हुए ,करनाल होते हुए शामली तथा पानीपत से सनौली जाना होगा।

इसी प्रकार से गुरुग्राम और जयपुर जाने वाले वाहन राष्ट्रीय राजमार्ग-71ए से जा सकते हैं। विर्क ने कहा कि क़ानून व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की प्राथमिकता है और किसी को भी क़ानून अपने हाथों में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी, क़ानून व्यवस्था को बिगाड़ने का प्रयास करने वाले के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

24 घंटे केएमपी-केजीपी एक्सप्रेस-वे अवरुद्ध करने के बाद आंदोलन के भविष्य के कार्यक्रम और रूपरेखा

किसान नेताओं ने कहा केएमपी-केजेपी का बंद करने का यह फैसला इस महीने होने वाले विरोध-प्रदर्शनों की किसानों की रणनीति का एक हिस्सा है। इस महीने 13 अप्रैल को जलियांवाला बाग नरसंहार की बरसी और 14 अप्रैल को आंबेडकर जयंती जैसे महत्वपूर्ण ऐतिहासिक दिन भी आने हैं।

बयान में कहा गया है, '13 अप्रैल को दिल्ली की सीमाओं पर खालसा पंथ का स्थापना दिवस मनाया जाएगा और साथ ही जलियांवाला बाग नरसंहार की बरसी पर शहीदों के सम्मान में कार्यक्रम आयोजित किये जाएंगे।'

बयान के अनुसार, '14 अप्रैल को 'संविधान बचाओ दिवस' और 'किसान बहुजन एकता दिवस' मनाया जाएगा। इस दिन संयुक्त किसान मोर्चा के सभी मंचों का प्रबंधन बहुजन समाज के आंदोलनकारी करेंगे। सभी वक्ता भी बहुजन समाज के ही होंगे।'

एसकेएम ने सभी दलित-बहुजनों और किसानों से भाजपा नेताओं के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने का आह्वान किया है। एसकेएम का आरोप है कि भाजपा नेता 'नफरत और विभाजन' पैदा कर रहे हैं।

बयान में कहा गया है, 'इन दिन (14 अप्रैल को) हरियाणा के उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटला जानबूझकर कैथल में एक कार्यक्रम आयोजित करने जा रहे हैं। किसानों और दलित-बहुजनों से हमारी अपील है कि वे अधिक से अधिक संख्या में वहां पहुंचकर शांतिपूर्ण तरीके से कार्यक्रम का विरोध करें।'

आंदोलन में 'स्थानीय लोगों की भागीदारी और समर्पण के सम्मान में' किसान 18 अप्रैल को एक विशेष कार्यक्रम का भी आयोजन करेंगे।

बयान में कहा गया है, 'स्थानीय लोगों को मंचों पर बुलाकर सम्मानित किया जाएगा। मंच संभालने की जिम्मेदारी भी स्थानीय निवासियों को दी जाएगी।'

देश भर के हजारों किसान चार महीने से भी ज़्यादा समय से तीन कृषि क़ानूनोंके खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। आंदोलन के 150 दिन पूरे होने के मौके पर किसान 24 अप्रैल से सप्ताह भर का कार्यक्रम आयोजित करेंगे।

एसकेएम ने कहा, 'सप्ताह भर विशेष कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा जिसमें किसानों और मजदूरों के साथ-साथ कर्मचारियों, युवाओं, व्यापारियों, छात्रों और अन्य संगठनों को आमंत्रित किया जाएगा।'

बयान में कहा गया है, 'अप्रैल के अंतिम सप्ताह में, देश भर में किसान आंदोलन का समर्थन करने वाले संगठनों का एक राष्ट्रीय सम्मेलन होगा, जिसमें राष्ट्रव्यापी रूप से इस आंदोलन को तेज करने की योजना बनाई जाएगी।'

इससे पहले किसानों ने घोषणा की थी कि वे मई के पहले पखवाड़े में संसद की ओर पैदल मार्च निकालेंगे। हालांकि, उसकी तारीख अभी तय नहीं हुई है।

(समाचार एजेंसी भाषा इनपुट के साथ )

farmers protest
Farm Bills
Farm Laws
KMP-KGP Expressway
SKM

Related Stories

राम सेना और बजरंग दल को आतंकी संगठन घोषित करने की किसान संगठनों की मांग

क्यों मिला मजदूरों की हड़ताल को संयुक्त किसान मोर्चा का समर्थन

पूर्वांचल में ट्रेड यूनियनों की राष्ट्रव्यापी हड़ताल के बीच सड़कों पर उतरे मज़दूर

देशव्यापी हड़ताल के पहले दिन दिल्ली-एनसीआर में दिखा व्यापक असर

बिहार में आम हड़ताल का दिखा असर, किसान-मज़दूर-कर्मचारियों ने दिखाई एकजुटता

"जनता और देश को बचाने" के संकल्प के साथ मज़दूर-वर्ग का यह लड़ाकू तेवर हमारे लोकतंत्र के लिए शुभ है

मोदी सरकार की वादाख़िलाफ़ी पर आंदोलन को नए सिरे से धार देने में जुटे पूर्वांचल के किसान

ग़ौरतलब: किसानों को आंदोलन और परिवर्तनकामी राजनीति दोनों को ही साधना होगा

एमएसपी पर फिर से राष्ट्रव्यापी आंदोलन करेगा संयुक्त किसान मोर्चा

बंगाल: बीरभूम के किसानों की ज़मीन हड़पने के ख़िलाफ़ साथ आया SKM, कहा- आजीविका छोड़ने के लिए मजबूर न किया जाए


बाकी खबरें

  • wildlife
    सीमा शर्मा
    भारतीय वन्यजीव संस्थान ने मध्य प्रदेश में चीता आबादी बढ़ाने के लिए एक्शन प्लान तैयार किया
    11 Jan 2022
    इस एक्शन प्लान के तहत, क़रीब 12-14 चीतों(8-10 नर और 4-6 मादा) को भारत में चीतों की नई आबादी पैदा करने के लिए चुना जाएगा।
  • workers
    सतीश भारतीय
    गुरुग्राम में बेरोजगारी, कम कमाई और बढ़ती महंगाई के बीच पिसते मजदूरों का बयान
    11 Jan 2022
    मजदूर वर्ग सरकार की योजनाओं का नाम तक नहीं बता पा रहा है, योजनाओं का लाभ मिलना तो दूर की बात है।
  • Swami Prasad Maurya
    रवि शंकर दुबे
    चुनावों से ठीक पहले यूपी में बीजेपी को बड़ा झटका, श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के बाद तीन और विधायकों के इस्तीफे
    11 Jan 2022
    यूपी में चुनावी तारीखों का एलान हो चुका है, ऐसे वक्त में बीजेपी को बहुत बड़ा झटका लगा है, दरअसल यूपी सरकार में श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने बीजेपी छोड़कर समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए हैं।
  • Schemes workers
    कुमुदिनी पति
    उत्तर प्रदेश में स्कीम वर्कर्स की बिगड़ती स्थिति और बेपरवाह सरकार
    11 Jan 2022
    “आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएँ लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन चला रही हैं। पर तमाम वार्ताओं के बाद भी उनकी एक भी मांग पूरी नहीं की गई। उनकी सबसे प्रमुख मांग है सरकारी कर्मचारी का दर्जा।”
  • AKHILESH AND YOGI
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    80/20 : हिंदू बनाम हिंदू की लड़ाई है यूपी चुनाव
    11 Jan 2022
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ठीक ही कहते हैं कि यह 80 प्रतिशत बनाम 20 प्रतिशत की लड़ाई है। बस वे इसकी व्याख्या ग़लत तरीके से करते हैं। पढ़िए वरिष्ठ पत्रकार अरुण कुमार त्रिपाठी का विचार-विश्लेषण
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License