NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
भारत
राजनीति
कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद बोले- शाहीन बाग प्रदर्शनकारियों से बातचीत के लिए तैयार सरकार
यह संभवत: पहली बार है जब किसी केंद्रीय मंत्री ने शाहीन बाग प्रदर्शनकारियों से बातचीत करने की इच्छा जताई है। शाहीन बाग में प्रदर्शनकारी संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ पिछले 50 दिनों से धरने पर हैं।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
01 Feb 2020
Ravi Shankar Prasad

नई दिल्ली : कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने शनिवार को कहा कि सरकार संशोधित नागरिकता कानून को लेकर शाहीन बाग के प्रदर्शनकारियों के संशयों को दूर करने के लिए तैयार है, लेकिन यह नियमों के दायरे में होना चाहिए। यह संभवत: पहली बार है जब किसी केंद्रीय मंत्री ने शाहीन बाग प्रदर्शनकारियों से बातचीत करने की इच्छा जताई है। शाहीन बाग में प्रदर्शनकारी संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ पिछले 50 दिनों से धरने पर हैं।

प्रसाद ने ट्विटर पर कहा, “सरकार शाहीन बाग के प्रदर्शनकारियों से बातचीत करने के लिए तैयार है लेकिन यह नियमों के दायरे में होना चाहिए और नरेंद्र मोदी सरकार उनसे संवाद कर सीएए के प्रति उनके सारे संदेहों को दूर करने के लिए तैयार है।”

उन्होंने टीवी चर्चा का लिंक भी साझा किया जिसमें उन्होंने हिस्सा लिया था। इस चर्चा में, प्रदर्शन से जुड़े एक व्यक्ति ने मंत्री से पूछा था कि केंद्र सरकार शाहीन बाग के प्रदर्शनकारियों से बातचीत करने की कोशिश क्यों नहीं कर रही है।

प्रसाद ने कहा कि यह “अच्छी बात” है कि लोग कई दिनों से प्रदर्शन कर रहे हैं लेकिन कुछ लोगों को टेलीविजन पर कहते हुए सुना गया कि सीएए वापस लिए जाने तक कोई संवाद नहीं होगा।

प्रसाद ने कहा, “अगर आप चाहते हैं कि सरकार का कोई प्रतिनिधि बात करे, तो शाहीन बाग से नियमानुसार अनुरोध होना चाहिए जो कहे कि वहां के सभी लोग इस विषय पर बात करना चाहते हैं।”

उन्होंने स्पष्ट किया कि शाहीन बाग बातचीत करने का स्थान नहीं है। प्रसाद ने कहा, “मान लो कि वहां कोई गया और उसके साथ बदसलूकी हो गई तो।” दक्षिणपूर्वी दिल्ली का शाहीन बाग प्रदर्शन स्थल भाजपा के चुनाव अभियान का अहम मुद्दा है।

शाहीन बाग में बैठे प्रदर्शनकारियों का कहना है कि मोदी सरकार के द्वारा लाया गया सीएए संविधान के खिलाफ है। ये कानून अल्पसंख्यकों के खिलाफ है जो भारत के मूल नियमों का उल्लंघन करती हैं।

दिल्ली के शाहीन बाग की तर्ज पर देश के कई हिस्सों में इस प्रकार का प्रदर्शन हो रहा है, लखनऊ से लेकर मुंबई, बेंगलुरू से लेकर कोलकाता तक बीते दिनों में हजारों की संख्या में मुस्लिम महिलाएं इस कानून के खिलाफ आवाज़ उठा रही हैं।

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

ravi shankar prasad
CAA
NRC
Shaheen Bagh
modi sarkar
Narendra modi
Citizenship Amendment India

Related Stories

गैर-लोकतांत्रिक शिक्षानीति का बढ़ता विरोध: कर्नाटक के बुद्धिजीवियों ने रास्ता दिखाया

छात्र संसद: "नई शिक्षा नीति आधुनिक युग में एकलव्य बनाने वाला दस्तावेज़"

दलितों पर बढ़ते अत्याचार, मोदी सरकार का न्यू नॉर्मल!

शाहीन बाग से खरगोन : मुस्लिम महिलाओं का शांतिपूर्ण संघर्ष !

CAA आंदोलनकारियों को फिर निशाना बनाती यूपी सरकार, प्रदर्शनकारी बोले- बिना दोषी साबित हुए अपराधियों सा सुलूक किया जा रहा

आईपीओ लॉन्च के विरोध में एलआईसी कर्मचारियों ने की हड़ताल

सार्वजनिक संपदा को बचाने के लिए पूर्वांचल में दूसरे दिन भी सड़क पर उतरे श्रमिक और बैंक-बीमा कर्मचारी

झारखंड: केंद्र सरकार की मज़दूर-विरोधी नीतियों और निजीकरण के ख़िलाफ़ मज़दूर-कर्मचारी सड़कों पर उतरे!

दो दिवसीय देशव्यापी हड़ताल को मिला व्यापक जनसमर्थन, मज़दूरों के साथ किसान-छात्र-महिलाओं ने भी किया प्रदर्शन

देशव्यापी हड़ताल का दूसरा दिन, जगह-जगह धरना-प्रदर्शन


बाकी खबरें

  • sever
    रवि शंकर दुबे
    यूपी: सफ़ाईकर्मियों की मौत का ज़िम्मेदार कौन? पिछले तीन साल में 54 मौतें
    06 Apr 2022
    आधुनिकता के इस दौर में, सख़्त क़ानून के बावजूद आज भी सीवर सफ़ाई के लिए एक मज़दूर ही सीवर में उतरता है। कई बार इसका ख़ामियाज़ा उसे अपनी मौत से चुकाना पड़ता है।
  • सोनिया यादव
    इतनी औरतों की जान लेने वाला दहेज, नर्सिंग की किताब में फायदेमंद कैसे हो सकता है?
    06 Apr 2022
    हमारे देश में दहेज लेना या देना कानूनन अपराध है, बावजूद इसके दहेज के लिए हिंसा के मामले हमारे देश में कम नहीं हैं। लालच में अंधे लोग कई बार शोषण-उत्पीड़न से आगे बढ़कर लड़की की जान तक ले लेते हैं।
  • पटनाः डीजल-पेट्रोल से चलने वाले ऑटो पर प्रतिबंध के ख़िलाफ़ ऑटो चालकों की हड़ताल
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    पटनाः डीजल-पेट्रोल से चलने वाले ऑटो पर प्रतिबंध के ख़िलाफ़ ऑटो चालकों की हड़ताल
    06 Apr 2022
    डीजल और पेट्रोल से चलने वाले ऑटो पर प्रतिबंध के बाद ऑटो चालकों ने दो दिनों की हड़ताल शुरु कर दी है। वे बिहार सरकार से फिलहाल प्रतिबंध हटाने की मांग कर रहे हैं।
  • medicine
    ऋचा चिंतन
    दवा के दामों में वृद्धि लोगों को बुरी तरह आहत करेगी – दवा मूल्य निर्धारण एवं उत्पादन नीति को पुनर्निर्देशित करने की आवश्यता है
    06 Apr 2022
    आवश्यक दवाओं के अधिकतम मूल्य में 10.8% की वृद्धि आम लोगों पर प्रतिकूल असर डालेगी। कार्यकर्ताओं ने इन बढ़ी हुई कीमतों को वापस लेने और सार्वजनिक क्षेत्र के दवा उद्योग को सुदृढ़ बनाने और एक तर्कसंगत मूल्य…
  • wildfire
    स्टुअर्ट ब्राउन
    आईपीसीसी: 2030 तक दुनिया को उत्सर्जन को कम करना होगा
    06 Apr 2022
    संयुक्त राष्ट्र की नवीनतम जलवायु रिपोर्ट कहती है कि यदि​ ​हम​​ विनाशकारी ग्लोबल वार्मिंग को टालना चाहते हैं, तो हमें स्थायी रूप से कम कार्बन का उत्सर्जन करने वाले ऊर्जा-विकल्पों की तरफ तेजी से बढ़ना…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License