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टोरी सरकार की नीतियों के ख़िलाफ़ प्रगतिशील वर्गों की लंदन में विशाल रैली
ट्रेड यूनियनों, राजनीतिक दलों और कार्यकर्ता समूहों ने कोविड-19 संकट से निपटने में बोरिस जॉनसन के नेतृत्व वाली कन्जर्वेटिव सरकार की विफलता और विरोध को दबाने के लिए सरकार के प्रयासों को लेकर प्रदर्शन किया।
पीपल्स डिस्पैच
28 Jun 2021
टोरी सरकार की नीतियों के ख़िलाफ़ प्रगतिशील वर्गों की लंदन में विशाल रैली

वीकेंड में कोविड-19 संकट से निपटने में टोरी सरकार की विफलता के विरोध में ब्रिटेन में प्रगतिशील वर्गों के हजारों लोगों ने लंदन में रैली निकाली। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि टोरी देश पर शासन करने के लिए अयोग्य हैं,प्रदर्शनकारियों ने लोगों के विरोध को रोकने के उद्देश्य से कठोर कानून बनाने के लिए सरकार के प्रयासों की निंदा की।

इस प्रदर्शन का आह्वान पीपल्स असेंबली अगेंस्ट ऑस्टेरिटी द्वारा किया गया था। इसमें ट्रेड यूनियनों, राजनीतिक दलों,नारीवादी समूहों, साम्राज्यवाद-विरोधी और शांति समूहों,नस्लवाद-विरोधी और फासीवाद-विरोधी संगठनों, आवास अधिकार समूहों, जलवायु कार्यकर्ताओं, मानवाधिकार कार्यकर्ताओं और अन्य कार्यकर्ता शामिल हुए थे। प्रदर्शनकारियों ने "यूनाइटेड अगेंस्ट द टोरीज़" के बैनर तले रैली निकाली।

इन प्रदर्शनकारियों ने पुलिस, क्राइम, सेंटेंसिंग एंड कोर्ट्स बिल को लागू करने के लिए बोरिस जॉनसन के नेतृत्व वाली सरकार की भी आलोचना की। ये बिल पुलिस को विरोध प्रदर्शन और सार्वजनिक समारोहों को नियंत्रित करने के लिए अधिक विवेकाधीन अधिकार देगा।

उधर शनिवार को विरोध मार्च के साथ साथ यूके के स्वास्थ्य सचिव मैट हैनकॉक ने कोविड-19 नियमों के उल्लंघन के मामले विवादों को लेकर अपने पद से इस्तीफा दे दिया। साजिद जाविद के स्टेट फॉर हेल्थ एंड सोशल केयर के नए सचिव होने की संभावना है। भले ही प्रगतिशील वर्गों ने हैनकॉक के इस्तीफे का स्वागत किया वहीं उन्होंने जेपी मॉर्गन बैंकिंग समूह के साथ घनिष्ठ संबंधों के कारण स्टेट हेल्थ सेक्रेटरी के रूप में साजिद जाविद की नई नियुक्ति को लेकर चिंता जताई है, जिसका निजी हेल्थ केयर में निहित स्वार्थ है।

लंदन में इस लामबंदी को लेकर पीपल्स असेंबली अगेंस्ट ऑस्टेरिटी ने कहा है कि "इस सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि वह चाहती है कि कामकाजी लोग कोरोनोवायरस संकट के लिए भुगतान करें। नर्सों को अल्प पेशकश, सार्वजनिक क्षेत्र का वेतन रोकना, बीमार के लिए भुगतान की कमी घनिष्ठ मित्रों को दिए गए अनुबंधों के विपरीत है। खासकर हटाने और फिर से काम पर रखने की नीतियों के साथ नियोक्ता आक्रामक हो रहे हैं। लेकिन इसका व्यापक विरोध हुआ है, जिसमें हड़ताल भी शामिल है।"

Tory government
Anti Tory government protest
London
COVID-19

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