NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
स्वास्थ्य
विज्ञान
खसरा वायरस से बर्बाद हो सकता हो सकता है विकसित हुआ इम्यून सिस्टम : अध्ययन
ये निष्कर्ष कई आंकड़ों पर आधारित थे, जो बताते हैं कि खसरे के प्रकोप के बाद अन्य रोगजनकों से मृत्यु दर बढ़ जाती है।
संदीपन तालुकदार
02 Nov 2019
science
Image courtesy: Science

खसरा संक्रामक रोग है और कभी-कभी निमोनिया और मस्तिष्क सूजन जैसी जानलेवा समस्याओं के चलते ख़तरनाक हो सकता है। लेकिन खसरा केवल बचपन की तकलीफदेह  बीमारी नहीं है। साइंस में प्रकाशित दो नए अध्ययनों से पता चलता है कि यह वास्तव में अन्य प्रकार के संक्रमणों के लिए शरीर की प्रतिरक्षा को नष्ट कर सकता है।

2017-2018 के दौरान खसरे में 30% से अधिक की वैश्विक वृद्धि हुई है। जिसका मुख्य कारण टीकाकरण की संख्या में कमी या पथभ्रष्ट टीका सुरक्षा (मिसगाइडेड वैक्सिन सेफ्टी) मामले हैं। केवल अमेरिका में 1994 के बाद से इस वर्ष सबसे ज़्यादा खसरा का मामला सामने आया है और 3 अक्टूबर तक 1,250 मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें से अधिकांश मामलों में उन परिवारों को ज़िम्मेदार ठहराया जा सकता है जो बच्चों को टीका नहीं लगवाएं।

ये दो विस्तृत अध्ययन हॉलैंडवासी बच्चों से इकट्ठा किए गए रक्त के नमूनों पर किए गए थे, जिन्हें टीका नहीं लगा था और खसरा के चपेट में आ गए। यह बताता है कि अतीत में अन्य रोगजनकों के लिए विकसित की गई प्रतिरक्षा स्मृति को दूर कर संक्रमण प्रतिरक्षा प्रणाली को महीनों या वर्षों बाद भी प्रतिरक्षा स्मृति को नष्ट कर सकता है। वैज्ञानिकों ने इसे इम्यून एमनेसिया नाम दिया है और यह किस हद तक अन्य बीमारियों की तुलना में बीमारी और मौतों की संख्या को बढ़ाता है वह स्पष्ट नहीं है।

अध्ययन के लेखकों और अन्य संक्रामक रोग विशेषज्ञों का मानना है कि ये परिणाम इस वायरस के प्रतिकूल बच्चों को टीकाकरण करने के लिए अच्छे कारण प्रदान करते हैं। यूके के हिंक्सटन स्थित वेलकम संगर इंस्टीट्यूट के वेलिस्लावा पेट्रोवा जो इन दोनों अध्ययनों में से एक अध्ययन के साइंटिस्ट हैं उन्होंने कहा, "अगर हम [खसरा] फैलने देते हैं तो हम जान-बूझकर ऐसे लोगों की जेब तैयार कर रहे हैं जो अन्य बीमारियों के लिए भी अतिसंवेदनशील हैं।"

इसके निष्कर्ष कई आंकड़ों पर आधारित थे जो दिखाते है कि खसरे के प्रकोप के बाद अन्य रोगजनकों से मृत्यु दर बढ़ जाती है। दोनों टीमों ने नीदरलैंड के एक रूढ़िवादी समुदाय से संबंधित बच्चों के एक जाने माने जनसंख्या वर्ग को चुना जिनके माता-पिता ने अपने बच्चों का टीकाकरण नहीं कराया। इस इलाक़े में 2013 के खसरे के प्रकोप के दौरान संक्रमण से पहले और बाद में 77 बच्चों से ख़ून के नमूने इकट्ठा किए गए थे। खसरे के संपर्क में आने से पहले बच्चों के रक्त में कई सामान्य रोगजनकों के एंटीबॉडी थे। और इस बीमारी के बाद पाया गया कि बच्चों ने औसतन 20% अपना एंटीबॉडी खो दिया।

कुछ मामलों में तो यह और भी बदतर था जो वायरल रोगजनकों के लिए उनकी प्रतिरक्षा का 70% नुकसान हुआ। इन शोधकर्ताओं ने अपने अध्ययन में पाया कि जिन लोगों को खसरा नहीं था उनके प्रतिरक्षा का नुकसान नहीं हुआ था। साथ ही उन्होंने पाया कि जिन बच्चों को खसरा का टीका लगाया गया था उनमें एंटीबॉडी का कोई नुकसान नहीं था।

शक्तिहीन एंटीबॉडी ने संकेत दिया कि खसरे के एक मामले के बाद जिन बच्चों का टीकाकरण नहीं हुआ एक बार फिर उन विषाणुओं की चपेट में आ गए जो पहले सामने आए थे। उदाहरण के लिए अगर किसी बच्चे को खसरा होने से पहले गलसुआ (मम्प्स)की समस्या थी तो वह बच्चा फिर से गलसुआ के लिए अतिसंवेदनशील हो जाता है।

खसरा वायरस बी कोशिकाओं को संक्रमित करने के लिए जाना जाता है। ये बी कोशिका प्रतिरक्षा प्रणाली के कोशिका का प्रकार है, जो रोगजनकों के संपर्क में आने के बाद शरीर में "प्रतिरक्षा स्मृति" (इम्यून मेमोरी) तैयार करता है। इन रोगजनकों के हमले के बाद इस स्मृति को सक्रिय करेंगे और प्रतिरक्षा प्रणाली आसानी से रोगजनकों को नष्ट कर सकती है। खसरा संक्रमण स्मृति बी कोशिकाओं की विविधता को कम करने में पाया गया था। ये वायरस अन्य रोगजनकों के लिए विशिष्ट बी कोशिकाओं को मारता है और नए खसरा विशिष्ट स्मृति बी कोशिकाओं को उन्हें बदलने की अनुमति देता है।

खसरा बी कोशिकाओं के अन्य प्रकार की विविधता को भी कम कर देता है, जो अस्थि मज्जा में गैर-विशिष्ट सरल बी कोशिकाएं होती है। ये कोशिकाएं अनजान संक्रमणों से लड़ने के लिए तैयार रहती हैं। खसरा संक्रमण भ्रूण के समान इस तरह की कोशिका को अपरिपक्व छोड़ देता है।

ये निष्कर्ष खसरा को रोकने और सबसे प्रभावी तरीके से टीकाकरण के महत्व को बताते हैं।

अंग्रेजी में लिखा मूल आलेख आपने नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक कर पढ़ सकते हैं।

Measles Virus Can Cause Immune Amnesia and Increase Risk of Other Infections: Studies

Measles Vaccine
Measles
Measles Virus Erases Immune Memory

Related Stories


बाकी खबरें

  • भाषा
    श्रीलंका में हिंसा में अब तक आठ लोगों की मौत, महिंदा राजपक्षे की गिरफ़्तारी की मांग तेज़
    10 May 2022
    विपक्ष ने महिंदा राजपक्षे पर शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे लोगों पर हमला करने के लिए सत्तारूढ़ दल के कार्यकर्ताओं और समर्थकों को उकसाने का आरोप लगाया है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    दिवंगत फोटो पत्रकार दानिश सिद्दीकी को दूसरी बार मिला ''द पुलित्ज़र प्राइज़''
    10 May 2022
    अपनी बेहतरीन फोटो पत्रकारिता के लिए पहचान रखने वाले दिवंगत पत्रकार दानिश सिद्दीकी और उनके सहयोगियों को ''द पुल्तिज़र प्राइज़'' से सम्मानित किया गया है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    लखीमपुर खीरी हत्याकांड: आशीष मिश्रा के साथियों की ज़मानत ख़ारिज, मंत्री टेनी के आचरण पर कोर्ट की तीखी टिप्पणी
    10 May 2022
    केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी के आचरण पर तीखी टिप्पणी करते हुए कहा है कि यदि वे इस घटना से पहले भड़काऊ भाषण न देते तो यह घटना नहीं होती और यह जघन्य हत्याकांड टल सकता था।
  • विजय विनीत
    पानी को तरसता बुंदेलखंडः कपसा गांव में प्यास की गवाही दे रहे ढाई हजार चेहरे, सूख रहे इकलौते कुएं से कैसे बुझेगी प्यास?
    10 May 2022
    ग्राउंड रिपोर्टः ''पानी की सही कीमत जानना हो तो हमीरपुर के कपसा गांव के लोगों से कोई भी मिल सकता है। हर सरकार ने यहां पानी की तरह पैसा बहाया, फिर भी लोगों की प्यास नहीं बुझ पाई।''
  • लाल बहादुर सिंह
    साझी विरासत-साझी लड़ाई: 1857 को आज सही सन्दर्भ में याद रखना बेहद ज़रूरी
    10 May 2022
    आज़ादी की यह पहली लड़ाई जिन मूल्यों और आदर्शों की बुनियाद पर लड़ी गयी थी, वे अभूतपूर्व संकट की मौजूदा घड़ी में हमारे लिए प्रकाश-स्तम्भ की तरह हैं। आज जो कारपोरेट-साम्प्रदायिक फासीवादी निज़ाम हमारे देश में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License