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मेरठ: वेटरनरी छात्रों को इंटर्नशिप के मिलते हैं मात्र 1000 रुपए, बढ़ाने की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे
नाराज छात्रों ने वेटरनरी कॉलेज के गेट पर बैठकर धरना दिया और फिर नारेबाजी करते हुए वेटरनरी कॉलेज से प्रशासनिक भवन तक जुलूस भी निकाला।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
06 Apr 2022
मेरठ: वेटरनरी छात्रों को इंटर्नशिप के मिलते हैं मात्र 1000 रुपए, बढ़ाने की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे

यूपी के मेरठ स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विवि के पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान महाविद्यालय के छात्रों ने इंटर्नशिप भत्ता बढ़ाने की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरु कर दी है।

ज्ञात हो कि पिछले काफी समय से छात्र भत्ता बढ़ाने की मांग कर रहे हैं लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। नाराज छात्रों ने वेटरनरी कॉलेज के गेट पर बैठकर धरना दिया और फिर नारेबाजी करते हुए वेटरनरी कॉलेज से प्रशासनिक भवन तक जुलूस भी निकाला।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार पशु चिकित्सा के करीब 400 छात्र यूजी एवं पीजी की पढ़ाई कर रहे हैं। इन छात्रों का आरोप है कि अन्य राज्यों में इंटर्नशिप भत्ता 14 हजार रुपये से लेकर 20 हजार रुपये प्रतिमाह दिया जाता है जबकि उन्हें मात्र 1 हजार रुपये ही भत्ता दिया जाता है। उनका कहना है कि मजदूरों को मिलने वाली मजदूरी से भी कम है। 

छात्रों का कहना है कि कुछ समय पहले राजस्थान और बिहार कॉलेज के छात्र-छात्राएं भत्ता बढ़ाने की मांग को लेकर धरने पर बैठे थे। वहां की सरकार ने उनकी मांग को मानकर भत्ता बढ़ा दिया है। राजस्थान में 14000 प्रति माह और बिहार में 15000 प्रति माह भत्ता देना शुरू कर दिया गया है। 

धरना दे रहे छात्रों ने अपनी तीन मांगें विश्वविद्यालय प्रशासन के सामने रखने की बात कही, जिसमें पहली मांग है कि इंटर्नशिप भत्ते को एमबीबीएस के समकक्ष किया जाए। दूसरी मांग पशु चिकित्सक पीजी छात्रों को फैलोशिप दिए जाने की है। वहीं तीसरी मांग बीवीएससी और एएच छात्रों को इंटर्नशिप भत्ते की शुरुआत तथा वृद्धि की जाए। 

छात्रों का कहना है कि अभी तक के बैच वाले छात्रों को कोई भत्ता ही नहीं दिया गया है जिसके लिए एक शिकायती पत्र विवि के डीन वेटनरी और रजिस्ट्रार को सौंपा गया था जिसका जवाब कई माह बाद तक भी नहीं मिला। उनका कहना है कि मथुरा, अयोध्या और मेरठ तीनों शहरों में पशु चिकित्सा छात्र इन्हीं मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं। धरना दे रहे छात्रों का कहना है कि जब तक मुख्य सचिव पशुपालन उत्तर प्रदेश सरकार से आश्वासन नहीं मिलता तब तक धरना जारी रहेगा। 

ये भी पढ़ें: नई शिक्षा नीति, सीयूसीईटी के ख़िलाफ़ छात्र-शिक्षकों ने खोला मोर्चा 

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