NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
मोदी सरकार ने अपनी नीतियों से देश को बड़े ख़तरे में डाला: राहुल गांधी
कांग्रेस नेता ने प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘ऐसा लगता है कि एक किंग हैं, शहंशाह हैं, शासकों के शासक हैं। राहुल गांधी ने दो उद्योगपतियों का उल्लेख करते हुए सदन में कहा कि कोरोना के समय कई वैरिएंट आते हैं, लेकिन यह ‘डबल ए’ वैरिएंट है, जो देश की अर्थव्यवस्था में बढ़ रहा है।’’
भाषा
03 Feb 2022
Rahul Gandhi

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए कहा कि देश को ‘शहंशाह’ की तरह चलाने की कोशिश हो रही है तथा इस सरकार की नीतियों के चलते आज देश आंतरिक एवं बाहरी मोर्चों पर ‘बड़े खतरे’ का सामना कर रहा है।

संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लोकसभा में धन्यवाद प्रस्ताव पर हो रही चर्चा में भाग लेते हुए राहुल गांधी ने यह दावा भी किया कि केंद्र सरकार की नीति के कारण ही आज चीन एवं पाकिस्तान एक साथ आ गए हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि नरेंद्र मोदी सरकार में दो हिंदुस्तान बन गए हैं जिनमें से एक अमीरों और दूसरा गरीबों के लिए है। राहुल गांधी ने यह दावा भी किया कि देश के सामने खड़ी प्रमुख चुनौतियों का अभिभाषण में उल्लेख नहीं किया गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘इस देश के दो नजरिये हैं। एक नजरिया यह है कि देश राज्यों का संघ है जिसका मतलब है कि संवाद होगा...आप भारत में शासन करने वाले किसी साम्राज्य को देख लीजिए। आप अशोक महान को देख लें, मौर्य वंश को देख लें, आप यह पाएंगे कि आपसी संवाद के जरिये शासन किया गया।’’

राहुल ने कहा कि दूसरा नजरिया देश को ‘शहंशाह’ की तरह चलाने का है। कांग्रेस नेता के अनुसार, केंद्र की भाजपा सरकार विभिन्न राज्यों की आवाज दबा रही है, लेकिन उसे इसका आभास नहीं है कि देश के ‘संस्थागत ढांचे’ पर हमले की प्रतिक्रिया हो सकती है।

उन्होंने कहा, ‘‘मेरे परनाना (जवाहरलाल नेहरू) इस राष्ट्र को बनाने के लिए ही 15 साल तक जेल में रहे, मेरी दादी (इंदिरा गांधी) को 32 गोलियां मारी गईं और मेरे पिता (राजीव गांधी) को विस्फोट से उड़ा दिया गया। इन्होंने इस राष्ट्र को बनाने के लिए अपनी कुर्बानी दी। इसलिए मैं थोड़ा बहुत जानता हूं कि राष्ट्र क्या है।’’

कांग्रेस सांसद ने सत्तापक्ष से मुखातिब होते हुए कहा, ‘‘आप खतरे से खेल रहे हैं। मेरी सलाह है कि रुक जाइए।’’

सीमा पर चीन की आक्रामकता और पाकिस्तान की सीमा से जुड़ी चुनौती का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा, ‘‘आप खतरे को हल्के में मत लीजिए। आप चीन और पाकिस्तान को साथ ला चुके हैं, यह भारत के लोगों के साथ सबसे बड़ा अपराध है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘मुझे कोई संदेह नहीं है कि चीन के पास स्पष्ट योजना है। इसकी बुनियाद डोकलाम और लद्दाख में रख दी गई है। यह देश के लिए बहुत बड़ा खतरा है। आपने जम्मू-कश्मीर और विदेश नीति में बहुत बड़ी रणनीतिक गलतियां की हैं..आपने दो मोर्चों को एक मोर्चे में बदल दिया है।’’

राहुल गांधी ने दावा किया, ‘‘मैं स्पष्ट कह रहा हूं कि हमने बड़ी गलतियां की हैं। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि हम चीन के खिलाफ अपनी रक्षा कर सकें। याद रखिये जो मैं कह रहा हूं। अगर कुछ होता है तो आप जिम्मेदार होंगे। आप हमें सुनिए। हमारे पास ऐसे लोग हैं जिन्हें इन मुद्दों की गहरी समझ है।’’

कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘आज देश बड़े खतरे का सामना कर रहा है। यह खतरा आंतरिक भी है और बाहरी भी। मैं अपने प्रिय देश को इस स्थिति में नहीं देख सकता। यह देखकर मुझे दु:ख होता है।’’
 
राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर देश के संघीय ढांचे पर हमले का आरोप लगाया और दावा किया, ‘‘भाजपा असमंजस में है। समस्या यह भी है कि भाजपा को लगता है कि देश की अलग अलग भाषाओं, संस्कृतियों, इतिहास को दरकिनार किया जा सकता है।’’
   
उन्होंने कहा, ‘‘राष्ट्रपति का संबोधन रणनीतिक दृष्टि के बजाय नौकरशाही के विचारों की एक सूची थी, यह मुझे ऐसा लग रहा था जैसे इसे नेतृत्व की दृष्टि से नहीं बल्कि नौकरशाहों के एक समूह द्वारा बनाया गया था।’’
 
कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘अभिभाषण में कई रणनीतिक मुद्दों को नहीं छुआ गया है। कई प्रमुख चुनौतियों का उल्लेख नहीं हुआ। तीन बुनियादी विषयों पर इसमें बात नहीं हुई। सबसे महत्वपूर्ण है कि अब दो भारत हैं। एक अमीरों का हिंदुस्तान है, दूसरा हिंदुस्तान गरीबों के लिए है। इनमें खाई बढ़ती जा रही है।’’

राहुल ने यह भी कहा, ‘‘प्रधानमंत्री को सुझाव देता हूं कि दो हिन्दुस्तान को साथ लाने की दिशा में काम करें जिन्हें उनकी सरकार ने सृजित किया है।’’

कांग्रेस नेता ने प्रधानमंत्री पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए कहा, ‘‘ऐसा लगता है कि एक किंग हैं, शहंशाह हैं, शासकों के शासक हैं....किसान एक साल तक बैठे रहे, लेकिन किंग उनकी बातों से सहमत नहीं हुए।’’

उन्होंने यह भी कहा, ‘‘अभिभाषण में बेरोजगारी के बारे में एक शब्द नहीं है। आज देश का युवा रोजगार ढूंढ़ रहा है। यह सरकार रोजगार नहीं दे पा रही है।’’

राहुल गांधी ने आरोप लगाया, ‘‘पिछले साल तीन करोड़ युवाओं को रोजगार गंवाने पड़े। बीते 50 साल में सबसे ज्यादा बेरोजगारी देश में आज है...इस सरकार ने असंगठित क्षेत्र और छोटे कारोबारों पर आक्रमण किया। नोटबंदी और गलत तरीके से जीएसटी लागू करके आक्रमण किया गया।’’

उन्होंने दावा किया कि असंगठित क्षेत्र में ‘मेक इन इंडिया’ लागू हो ही नहीं सकता है, इस क्षेत्र को बर्बाद कर दिया गया है।

उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘संप्रग सरकार ने 10 साल में 27 करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकाला था, लेकिन इस सरकार ने 23 करोड़ लोगों को गरीबी में पहुंचा दिया।’’

राहुल गांधी ने दो उद्योगपतियों का उल्लेख करते हुए कहा, ‘‘कोरोना के समय कई वैरिएंट आते हैं, लेकिन ‘डबल ए’ वैरिएंट है जो देश की अर्थव्यवस्था में बढ़ रहा है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘मुझे बड़े उद्योगों से कोई दिक्कत नहीं है, उन पर ध्यान दीजिए, लेकिन इसका अहसास करिये कि ये बड़े उद्योग रोजगार पैदा नहीं कर सकते। छोटे और मझोले उद्योग ही युवाओं के लिए नौकरियां पैदा कर सकते हैं।’’

सदन में अपनी बात रखते हुए राहुल गांधी ने अपने पहले के वक्ता और भाजपा सांसद कमलेश पासवान की तारीफ करते हुए कहा कि वह गलत पार्टी में हैं। बाद में पासवान ने कहा कि भाजपा ने उन्हें तीन बार सांसद बनाया है और उन्हें अपने साथ लेने की ‘‘कांग्रेस और राहुल गांधी की हैसियत नहीं है’’।

राहुल गांधी ने यह दावा भी किया कि मणिपुर के कुछ लोगों ने उन्हें जानकारी दी कि गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात के दौरान उनके जूते उतरवाए गए।
 
उन्होंने कहा, ‘‘मेरे पास इसकी तस्वीर हैं। मैं इसे दिखा सकता हूं।’’

इस पर भाजपा सांसदों ने विरोध किया। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने राहुल गांधी पर पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस नेता ने धार्मिक भावनाओं का अपमान किया है। 

Rahul Gandhi
Budget 2022-2023
Modi Govt

Related Stories

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

भारत के निर्यात प्रतिबंध को लेकर चल रही राजनीति

ED के निशाने पर सोनिया-राहुल, राज्यसभा चुनावों से ऐन पहले क्यों!

ईडी ने कांग्रेस नेता सोनिया गांधी, राहुल गांधी को धन शोधन के मामले में तलब किया

सरकारी एजेंसियाँ सिर्फ विपक्ष पर हमलावर क्यों, मोदी जी?

भाजपा के लिए सिर्फ़ वोट बैंक है मुसलमान?... संसद भेजने से करती है परहेज़

भारत में संसदीय लोकतंत्र का लगातार पतन

कांग्रेस के चिंतन शिविर का क्या असर रहा? 3 मुख्य नेताओं ने छोड़ा पार्टी का साथ

जन-संगठनों और नागरिक समाज का उभरता प्रतिरोध लोकतन्त्र के लिये शुभ है

मोदी सरकार 'पंचतीर्थ' के बहाने अंबेडकर की विचारधारा पर हमला कर रही है


बाकी खबरें

  • Kejriwal
    अनिल जैन
    ख़बरों के आगे पीछे: हिंदुत्व की प्रयोगशाला से लेकर देशभक्ति सिलेबस तक
    09 Jan 2022
    देश में हर रोज़ हो रहीं घटनाओं के बीच बहुत सी ख़बरें आगे-पीछे हो जाती हैं। ख़बरों के इस राउंड-अप में पुरानी ताजी ख़बरों को एक साथ बताया गया है। जिसमें आर्थिक-राजनीतिक सब तरह की ख़बरें हैं।
  • lynching
    अनिल अंशुमन
    झारखंड: भाजपा कार्यकर्ताओं ने मुस्लिम युवक से की मारपीट, थूक चटवाकर जय श्रीराम के नारे लगवाए
    09 Jan 2022
    मुख्यमंत्री ने पुलिस को जांच के आदेश देते हुए अपने ट्वीट में कहा है, कि अमन चैन से रहने वाले झारखंडवासियों के इस राज्य में वैमनस्य कि कोई जगह नहीं है।
  • cartoon
    न्यूज़क्लिक डेस्क
    बना रहे रस: वे बनारस से उसकी आत्मा छीनना चाहते हैं
    09 Jan 2022
    सुब्ह-ए-बनारस में सूरज की लालिमा के साथ अपनी सांसों को आवाज़ बनाकर शहनाई के जरिए रंग भरने वाले बिस्मिल्लाह खां को गंगा का किनारा आज भी ढूंढता है। बनारस में जो नदी आठों पहर अमनपसंद लोगों का पांव पखारती…
  • राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: खाली कुर्सियों का डर न कहो इसको!
    09 Jan 2022
    अब यह तो विपक्ष वालों की सरासर बेईमानी है कि पीएम जी के संदेश में से थैंक्यू को छोडक़र, ‘जिंदा लौट आया’ को ही पकडक़र बैठ गए हैं।… और प्लीज, पीएम जी की नहीं हुई सभा में खाली कुर्सियों के ताने मारना बंद…
  • न्यूज़क्लिक डेस्क
    इतवार की कविता: किस चीज़ से डरते हैं वे?
    09 Jan 2022
    गोरख पाण्डेय ने 43 साल पहले देश के हाकिमों से पूछा था कि “किस चीज़ से डरते हैं वे/तमाम धन-दौलत/ गोला-बारूद पुलिस-फ़ौज के बावजूद?”, आज भी ये सवाल मौज़ू है और साथ ही उसका जवाब भी।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License