NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
न्यूज़ीलैंड की 30,000 नर्स करेंगी हड़ताल
20 डिस्ट्रिक्ट हेल्थ बोर्ड्स (डीएचबी) द्वारा संचालित अस्पतालों में काम करने वाली हजारों नर्स, मिडवाइव्स और इसी तरह की स्वास्थ्य सेवा में लगी अन्य कर्मी कम वेतन दर और कर्मचारियों की कमी के विरोध में 9 जून को आठ घंटे की हड़ताल पर रहेंगे।
पीपल्स डिस्पैच
08 Jun 2021
न्यूज़ीलैंड की 30,000 नर्स करेंगी हड़ताल

सोमवार 7 जून को आयोजित मतदान में न्यूजीलैंड भर में हजारों नर्सों ने डिस्ट्रिक्ट हेल्थ बोर्ड्स (डीएचबी) द्वारा नवीनतम वेतन प्रस्ताव को पूरी तरह खारिज करने के लिए मतदान किया है। न्यूज़ीलैंड नर्स ऑर्गनाइज़ेशन (एनजेडएनओ) द्वारा आयोजित 30,000 से अधिक नर्स देश के 20 सरकारी डीएचबी द्वारा संचालित सार्वजनिक अस्पतालों और परिसरों में 9 जून को आठ घंटे की हड़ताल पर बैठेंगी। कम वेतन दरों और सार्वजनिक अस्पतालों में स्टाफ की कमी का विरोध करने के लिए पिछले महीने नर्सें, मिडवाइव्स और हेल्थकेयर में काम करने वाली इसी तरह कर्मचारियों द्वारा हड़ताल का आह्वान किया गया था।

27 मई को डीएचबी द्वारा प्रस्तावित नवीनतम वेतन प्रस्ताव इस साल की गई तीसरी ऐसी पेशकश है। अन्य दो प्रस्ताव 24 फरवरी और 25 मार्च को किए गए थे। 27 मई का पैकेज 25 मार्च के प्रस्ताव का संशोधन था और इसमें एकमुश्त राशि एनजेडडी4,000 (लगभग 2,900 अमेरिकी डॉलर) शामिल थी।

मूल प्रस्ताव में केवल 1.38 प्रतिशत की वेतन वृद्धि की पेशकश की थी जो न केवल एनजेडएनओ द्वारा पेश की गई 17 प्रतिशत की मूल मांग से बहुत कम है, बल्कि 2020 के लिए वार्षिक मुद्रास्फीति दर लगभग 1.7 प्रतिशत से भी कम है। संशोधित प्रस्ताव द्वारा पेश किया गया ये अंतर एकमुश्त भुगतान था, जो बदले में कर्मचारियों को उनके जारी वेतन इक्विटी दावों के माध्यम से बकाया भुगतान का आंशिक भुगतान होगा।

वोट के परिणामों की घोषणा करते हुए, एनजेडएनओ के प्रमुख अधिवक्ता डेविड वेट ने एक बयान में कहा कि यह "दिल तोड़ने वाला है कि नर्स और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों को इतना कमतर समझा जाता हैं कि वे काम रोक देंगे।"

बयान में वेट ने कहा कि यूनियन के सदस्यों को कार्यबल की गंभीर कमी का सामना करना पड़ रहा है और कम वेतन दरों से पीड़ित हैं जो नर्सिंग पेशे में लोगों को आकर्षित नहीं करते हैं। कर्मचारियों की कमी पर उन्होंने कहा "उन्हें और उनके रोगियों को जोखिम में डालते हुए, उन्हें तनावग्रस्त स्थिति तक पहुंचा दिया जाता है।"

वेट ने आगे कहा कि नया प्रस्ताव न तो "काफी बदला" है और न ही इन मुद्दों को पर्याप्त रूप से संबोधित किया है। उन्होंने कहा "हमारे सदस्य वास्तव में चिंतित हैं कि अगर इसे स्वीकार कर लिया गया तो नर्सिंग की कमी बढ़ जाएगी और इसके परिणामस्वरूप एओटेरोआ न्यूजीलैंड में सभी के लिए देखभाल के मानकों को नुकसान होगा"।

उन्होंने आगे कहा, "(हड़ताल) कोई नहीं चाहता है और भविष्य में होने वाली हड़तालों से बचने का सबसे अच्छा तरीका उचित और अच्छा प्रस्ताव होगा।"

ये हड़ताल बुधवार को सुबह 11 बजे से शाम 7 बजे के बीच होगा और जीवन रक्षक और आपातकालीन सेवाओं को छोड़कर लगभग हर सेवा प्रभावित होगी। डीएचबी और सरकार को एनजेडएनओ के साथ बातचीत फिर से शुरू करने की उम्मीद हैं, जबकि यूनियन ने आगे की हड़ताल से इंकार नहीं किया है।

new zealand
Nurses strike
District health boards

Related Stories


बाकी खबरें

  • RAHANE PUJARA
    भाषा
    रणजी ट्राफी: रहाणे और पुजारा पर होंगी निगाहें
    23 Feb 2022
    अपने फॉर्म से जूझ रहे आंजिक्य रहाणे और चेतेश्वर पुजारा अब रणजी ट्रॉफी से वापसी की कोशिश करेंगे। 24 फरवरी को होने वाले मुकाबले में दोनों खिलाड़ियों पर खास नज़र होगी।
  • ibobi singh
    भाषा
    मणिपुर के लोग वर्तमान सरकार से ‘ऊब चुके हैं’ उन्हें बदलाव चाहिए: इबोबी सिंह
    23 Feb 2022
    पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता ओकराम इबोबी सिंह ने कहा "मणिपुर के लोग भाजपा से ऊब चुके हैं। वह खुलकर कह नहीं पा रहे। भाजपा झूठ बोल रही है और खोखले दावे कर रही है। उन्होंने अपने किसी भी वादे को…
  • तारिक़ अनवर
    यूपी चुनाव: बीजेपी के गढ़ पीलीभीत में इस बार असल मुद्दों पर हो रहा चुनाव, जाति-संप्रदाय पर नहीं बंटी जनता
    23 Feb 2022
    पीलीभीत (उत्तर प्रदेश): जैसा वायदा किया गया था, क्या किसानों की आय दोगुनी हो चुकी है? क्या लखीमपुर खीरी में नरसंहार के लिए किसानों को न्याय मिल गया है?
  • vaccine
    ऋचा चिंतन
    शीर्ष कोविड-19 वैक्सीन निर्माताओं ने गरीब देशों को निराश किया
    23 Feb 2022
    फ़ाइज़र, मोडेरना एवं जेएंडजे जैसे फार्मा दिग्गजों ने न तो विश्व स्वास्थ्य संगठन के कोवाक्स में ही अपना कोई योगदान दिया और न ही गरीब देशों को बड़ी संख्या में खुराक ही मुहैया कराई है।
  • vvpat
    एम.जी. देवसहायम
    चुनाव आयोग को चुनावी निष्ठा की रक्षा के लिहाज़ से सभी वीवीपीएटी पर्चियों की गणना ज़रूरी
    23 Feb 2022
    हर एक ईवीएम में एक वीवीपैट होता है, लेकिन मतों की गिनती और मतों को सत्यापित करने के लिए काग़ज़ की इन पर्चियों की गिनती नहीं की जाती है। यही वजह है कि लोग चुनावी नतीजों पर भरोसा नहीं कर पा रहे हैं।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License