NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
COVID-19 के प्रकोप के बीच उत्तरी अमेरिका के कर्मचारियों का विरोध
प्रमुख उत्पादन इकाइयां और व्यवसाय ठप्प पड़ गए हैं क्योंकि कर्मचारियों ने प्रबंधन और यूनियनों दोनों का विरोध करते हुए काम न करने का फैसला किया है।
पीपल्स डिस्पैच
19 Mar 2020
US autoworkers strike

उत्तर अमेरिका की प्रमुख कार निर्माताओं ने मार्च के अंत तक सभी उत्पादन को रोकने की घोषणा की है। कोरोनोवायरस के प्रकोप के बीच सुरक्षा चिंताओं को लेकर यह घोषणा 18 मार्च को उस समय हुई जब कर्मचारियों ने पूरे उत्तरी अमेरिका के पूरे देश में हड़ताल की धमकी दी थी। सबसे बड़े कार निर्माताओं में से एक फिएट क्रिसलर, फोर्ड और जनरल मोटर्स जिन्होंने उत्पादन को रोकने की घोषणा की है।

उत्पादन बंद करने के लिए मजबूर करते हुए अमेरिकी राज्य मिशिगन और ओहियो में फिएट क्रिसलर उत्पादन इकाइयों के कर्मचारियों ने 18 मार्च को ही हड़ताल शुरू कर दिया। यूनाइटेड ऑटो वर्कर्स में कर्मचारियों ने अपने यूनियन प्रतिनिधियों का विरोध किया जिन्होंने एक बयान जारी किया जिसमें दावा किया गया कि कारखानों में काम करना "सुरक्षित" था।

इस तरह के हड़ताल आह्वान इस क्षेत्र में फोर्ड मोटर्स और जनरल मोटर्स में किया गया था, जो अमेरिका के भीतर कार और ऑटोमोटिव्स विनिर्माण को सबसे अधिक प्रभावित कर दिया।

इस महामारी के दौरान कर्मचारियों को घर में रहने देने को लेकर कॉर्पोरेट प्रबंधनों की खामोशी के विरोध में यह इस क्षेत्रों में किए गए श्रमिकों के कई प्रक्रियाओं में से एक था।

17 मार्च को कनाडा में टोरंटो ट्रांजिट कमीशन (टीटीसी) को ट्रामवे स्वच्छता कर्मचारियों की हड़ताल का सामना करना पड़ा। ये कर्मचारी काम करने के लिए सुरक्षित माहौल बनाने के लिए परिवहन प्राधिकरण से कदम उठाने की मांग करते रहे हैं। इन कर्मचारियों ने तब तक काम करने से इनकार कर दिया जब तक कि उनकी मांग पूरी नहीं हो जाती। टीटीसी जो टोरंटो की ट्रामों की देखरेख करता है उसे हड़ताल के कारण कई घंटों तक समस्या का सामना करना पड़ा।

अमेरिका में ही फ्लोरिडा में राज्य में 100 से अधिक मामले सामने आने के बाद से फास्ट-फूड कर्मचारी घरों में हैं। कैलिफोर्निया में घंटे के हिसाब से काम करने वाले कर्मचारी और गिग इकॉनोमी वाले कर्मचारियों ने मांग की है कि सरकार श्रमिकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाए और क्वारंटाइन के कारण वेतन में कटौती को रोकने के लिए भी कदम उठाए।

पूरे अमेरिका में मामलों की संख्या 9,400 से अधिक हो गई है और कनाडा में ये संख्या बढ़कर 700 से अधिक हो गई है। घंटे के हिसाब से काम करने वाले कर्मचारी सबसे अधिक प्रभावित हैं क्योंकि अगर वे काम नहीं करते हैं तो वे अपने वेतन यहां तक की अपनी नौकरियों को भी गंवा सकते हैं।

साभार : पीपल्स डिस्पैच

US autoworkers strike
COVID-19
North America
Toronto Transit Commission
Coronavirus

Related Stories

क्यूबाई गुटनिरपेक्षता: शांति और समाजवाद की विदेश नीति

आर्थिक रिकवरी के वहम का शिकार है मोदी सरकार

महामारी के दौर में बंपर कमाई करती रहीं फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

विश्व खाद्य संकट: कारण, इसके नतीजे और समाधान

महामारी में लोग झेल रहे थे दर्द, बंपर कमाई करती रहीं- फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

कोविड मौतों पर विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट पर मोदी सरकार का रवैया चिंताजनक

महंगाई की मार मजदूरी कर पेट भरने वालों पर सबसे ज्यादा 

जनवादी साहित्य-संस्कृति सम्मेलन: वंचित तबकों की मुक्ति के लिए एक सांस्कृतिक हस्तक्षेप

कोरोना अपडेट: देश में एक हफ्ते बाद कोरोना के तीन हज़ार से कम मामले दर्ज किए गए

दिल्लीः एलएचएमसी अस्पताल पहुंचे केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मंडाविया का ‘कोविड योद्धाओं’ ने किया विरोध


बाकी खबरें

  • rakeh tikait
    लाल बहादुर सिंह
    यूपी चुनाव: किसान-आंदोलन के गढ़ से चली परिवर्तन की पछुआ बयार
    11 Feb 2022
    पहले चरण के मतदान की रपटों से साफ़ है कि साम्प्रदायिक ध्रुवीकरण वोटिंग पैटर्न का निर्धारक तत्व नहीं रहा, बल्कि किसान-आंदोलन और मोदी-योगी का दमन, कुशासन, बेरोजगारी, महंगाई ही गेम-चेंजर रहे।
  • BJP
    वर्षा सिंह
    उत्तराखंड चुनाव: भाजपा के घोषणा पत्र में लव-लैंड जिहाद का मुद्दा तो कांग्रेस में सत्ता से दूर रहने की टीस
    11 Feb 2022
    “बीजेपी के घोषणा पत्र का मुख्य आकर्षण कथित लव जिहाद और लैंड जिहाद है। इसी पर उन्हें वोटों का ध्रुवीकरण करना है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी घोषणा पत्र पर अपनी प्रतिक्रिया में लव-लैड जिहाद को…
  • LIC
    वी. श्रीधर
    LIC आईपीओ: सोने की मुर्गी कौड़ी के भाव लगाना
    11 Feb 2022
    जैसा कि मोदी सरकार एलआईसी के आईपीओ को लांच करने की तैयारी में लगी है, जो कि भारत में निजीकरण की अब तक की सबसे बड़ी कवायद है। ऐसे में आशंका है कि इस बेशक़ीमती संस्थान की कीमत को इसके वास्तविक मूल्य से…
  • china olampic
    चार्ल्स जू
    कैसे चीन पश्चिम के लिए ओलंपिक दैत्य बना
    11 Feb 2022
    ओलंपिक का इतिहास, चीन और वैश्विक दक्षिण के संघर्ष को बताता है। यह संघर्ष अमेरिका और दूसरे साम्राज्यवादी देशों द्वारा उन्हें और उनके तंत्र को वैक्लपिक तंत्र की मान्यता देने के बारे में था। 
  • Uttarakhand
    मुकुंद झा
    उत्तराखंड चुनाव : जंगली जानवरों से मुश्किल में किसान, सरकार से भारी नाराज़गी
    11 Feb 2022
    पूरे राज्य के किसानों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य, मंडी, बढ़ती खेती लागत के साथ ही पहाड़ों में जंगली जानवरों का प्रकोप और लगातार बंजर होती खेती की ज़मीन जैसे तमाम मुद्दे लिए अहम हैं, जिन्हें इस सरकार ने…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License