NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
सीरिया और इराक़ में अमेरिकी हवाई हमले में एक बच्चे की मौत, तीन अन्य घायल
पांच महीनों में यह दूसरी बार था जब राष्ट्रपति जो बाइडेन ने सत्ता में आने के बाद इस तरह के हमलों का निर्देश दिया। बाइडेन ने इस क्षेत्र के लिए पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मुक़ाबले अलग वादा किया था।
पीपल्स डिस्पैच
28 Jun 2021
Biden

पश्चिम एशिया में अपनी आक्रामक नीतियों को जारी रखते हुए अमेरिकी सेना ने सोमवार 28 जून की सुबह सीरिया और इराक में कम से कम तीन अलग-अलग स्थानों पर हवाई हमले किए। जो बाइडेन के राष्ट्रपति बनने के बाद छह महीने में ये हमला दूसरी बार हुआ जिसकी वैश्विक स्तर पर निंदा हुई है।

सीरियन अरब न्यूज एजेंसी (एसएएनए) के अनुसार, दयार अल-ज़ॉर (दीर एज़ोर) प्रांत में इराक सीमा के पास अल-बुकामल शहर में नागरिक स्थान पर हुए हमलों में एक बच्चे की मौत हो गई और तीन अन्य लोग घायल हो गए। एसएएनए के मुताबिक ये हवाई हमले तड़के करीब 1 बजे किए गए।

पेंटागन ने एक प्रेस बयान में दावा किया कि राष्ट्रपति जो बाइडेन द्वारा "कतैब हिजबुल्लाह और कतैब सैय्यद अल-शुहादा द्वारा इराक के अंदर अमेरिकी सैनिकों और परिसर पर मानव रहित हवाई वाहन (यूएवी)" को लेकर "बदले" के रुप में इन हमलों को मंजूरी दी गई थी। इस बयान में आगे कहा गया कि ये हमले "रक्षात्मक" थे और सीरिया में दो स्थानों और इराक में एक स्थान पर परिचालन एवं हथियार भंडारण परिसरों पर लक्षित थे।

कतैब हिजबुल्लाह और कतैब सैय्यद अल-शुहादा इराकी सेना का एक आधिकारिक हिस्सा पॉपुलर मोबिलाइज़ेशन फोर्सेस (पीएमएफ) या हशद अल-शाबी के घटक है जो विशेष रूप से देश में विदेशी सैनिकों की तैनाती का विरोध करता है। ये पिछले साल जनवरी में अमेरिका द्वारा जनरल कासिम सुलेमानी और अबू महदी अल-मुहंदिस की हत्या के बाद विरोध कर रहा है। रविवार के हमले के बाद उन्होंने इस क्षेत्र में अमेरिका की मौजूदगी के खिलाफ जवाबी कार्रवाई करने का संकल्प लिया।

आईएसआईएस या दायिश आतंकवादी समूह के खिलाफ लड़ने के लिए एक समझौते के बाद 2015 में अमेरिका और अन्य अंतरराष्ट्रीय सैनिकों को इस देश में तैनात किया गया था। सुलेमानी की हत्या के बाद इराक की संसद ने एक प्रस्ताव पारित कर सरकार से सभी विदेशी सैनिकों को देश से बाहर निकालने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा था, जिससे देश में उनकी उपस्थिति अवैध हो गई।

रविवार के हमले की दुनिया भर में युद्ध-विरोधी और मानवाधिकार समूहों द्वारा आलोचना की गई है क्योंकि ये पिछले साल अपने चुनाव प्रचार के दौरान बाइडेन द्वारा किए गए अपने शांति के वादों के ठीक उलट है। इनमें से कुछ संगठनों ने इस क्षेत्र में डोनाल्ड ट्रम्प की उन नीतियों को जारी रखना बताया है जिसकी काफी आलोचना की गई थी।

Joe Biden
America
Syria
Iraq

Related Stories

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

असद ने फिर सीरिया के ईरान से रिश्तों की नई शुरुआत की

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति

गर्भपात प्रतिबंध पर सुप्रीम कोर्ट के लीक हुए ड्राफ़्ट से अमेरिका में आया भूचाल

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

नाटो देशों ने यूक्रेन को और हथियारों की आपूर्ति के लिए कसी कमर

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

रूस पर बाइडेन के युद्ध की एशियाई दोष रेखाएं


बाकी खबरें

  • up elections
    असद शेख़
    यूपी चुनाव: क्या हैं जनता के असली मुद्दे, जिन पर राजनीतिक पार्टियां हैं चुप! 
    01 Feb 2022
    सपा, बसपा, भाजपा और कांग्रेस की जीत और हार के बीच की इस बहस में कई ऐसे सवाल हैं जिनका जवाब नहीं मिल पा रहा है। सवाल ये हैं कि जनता के मुद्दा क्या है? जनता की समस्या क्या है? पश्चिमी यूपी, अवध,…
  • Controversy over Hijab
    भाषा
    हिजाब को लेकर विवाद: छात्रा ने कर्नाटक उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया
    01 Feb 2022
    याचिका में कहा गया है कि कॉलेज ने इस्लाम धर्म का पालन करने वाली आठ छात्राओं को प्रवेश नहीं करने दिया। इसमें कहा गया है कि ये छात्राएं हिजाब पहने थीं, इसलिए उन्हें शिक्षा के उनके मौलिक अधिकार से वंचित…
  • UP Health Sector
    एम.ओबैद
    योगी कार्यकाल में चरमराती रही स्वास्थ्य व्यवस्था, नहीं हुआ कोई सुधार
    01 Feb 2022
    "सरकार का दृष्टिकोण ही मंदिर-मस्जिद और हिंदू धार्मिक उत्सवों पर बजट खर्च करना है और राजनीति में इसी के आधार पर सत्ता में आने का मौका तलाशना रहा है। इनके एजेंडे में आम आदमी व बुनियादी सुविधा और…
  • Alwar girl's father's allegation
    भाषा
    अलवर की लड़की के पिता का आरोप: घटना को हादसा मानने के लिए दबाव डाल रही है पुलिस
    01 Feb 2022
    पीड़िता के पिता ने कहा कि वह पुलिस की जांच से संतुष्ट नहीं हैं और उन्हें न्याय चाहिए।
  • covid
    भाषा
    कोरोना अपडेट: देश में 1.67 लाख से अधिक नए मामले,1192 लोगों की मौत
    01 Feb 2022
    आंकड़ों के अनुसार 24 घंटे में संक्रमण से 1,192 और लोगों के जान गंवाने से मृतक संख्या बढ़कर 4,96,242 हो गयी है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License