NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कार्टून क्लिक: ...अच्छा है, सवाल पूछने वाले सो रहे हैं!
दिन भर के भव्य आयोजनों के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने आधी रात को काशी विश्वनाथ धाम, बनारस रेलवे स्टेशन का दौरा किया। हालांकि सुरक्षा कर्मी यह सुनिश्चित कर रहे थे कि कोई व्यक्ति प्रधानमंत्री के करीब न जाए। 
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
14 Dec 2021
cartoon

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ सोमवार को मध्यरात्रि के बाद वाराणसी की सड़कों पर निकले और काशी विश्वनाथ धाम और बनारस रेलवे स्टेशन का दौरा किया। हालांकि आम आदमी उनके पास फटक नहीं पाया...वैसे भी 'आम आदमी' को उन्हें पगड़ी पहनाने की इजाज़त तो दी जा सकती है, लेकिन सवाल पूछने की नहीं। और आम आदमी ही क्या, यहां तो असल पत्रकारों तक को सवाल पूछने की इजाज़त नहीं है। कार्टूनिस्ट इरफ़ान इसी पर व्यंग्य कर रहे हैं।

देर रात करीब एक बजे पोस्ट किए गए एक ट्वीट में मोदी ने कहा कि उन्होंने वाराणसी में ‘‘प्रमुख विकास कार्यों’’ का निरीक्षण किया।

वाराणसी 2014 से प्रधानमंत्री का संसदीय क्षेत्र है। वह सोमवार को दो दिवसीय दौरे पर यहां पहुंचे। मोदी सोमवार सुबह काल भैरव मंदिर गए थे। दोपहर में उन्होंने महत्वाकांक्षी काशी विश्वनाथ गलियारा परियोजना के पहले चरण का उद्घाटन किया, जिसे ‘काशी विश्वनाथ धाम’ कहा जाता है और शाम को उन्होंने भव्य गंगा ‘‘आरती’’ और ‘लाइट एंड साउंड’ शो देखा।
     
समाचार एजेंसी भाषा से जारी ख़बर के अनुसार मध्यरात्रि के कुछ समय बाद एसपीजी सुरक्षा कर्मियों से घिरे प्रधानमंत्री गोदौलिया चौक के पास वाराणसी की सड़कों पर टहल रहे थे, इस दौरान उनके स्वागत के लिए मार्ग को सजाया गया था और लोग ‘‘हर हर महादेव’’ और ‘‘मोदी, मोदी’’ के नारे लगा रहे थे।
     
मोदी ने एक ट्वीट में कहा, ‘‘काशी में प्रमुख विकास कार्यों का निरीक्षण कर रहा हूं। इस ऐतिहासिक शहर के लिए हर संभव सर्वोत्तम बुनियादी ढांचा तैयार करने का हमारा प्रयास है।’’

Inspecting key development works in Kashi. It is our endeavour to create best possible infrastructure for this sacred city. pic.twitter.com/Nw3JLnum3m

— Narendra Modi (@narendramodi) December 13, 2021

     
मोदी ने काशी विश्वनाथ धाम की अपनी देर रात की यात्रा की तस्वीरें भी साझा कीं, जिसका उन्होंने कुछ घंटे पहले लोकार्पण किया था। मोदी ने इस तरह रात्रि में भ्रमण कर लोगों को लोगों को चकित कर दिया, वहीं सुरक्षा कर्मी यह सुनिश्चित कर रहे थे कि कोई व्यक्ति प्रधानमंत्री के करीब न जाए।
     
बाद में एक अन्य ट्वीट में प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘अगला पड़ाव... बनारस स्टेशन। हम रेल संपर्क बढ़ाने के साथ-साथ स्वच्छ, आधुनिक और यात्री अनुकूल रेलवे स्टेशनों को सुनिश्चित करने के लिए काम कर रहे हैं।’’

 

Next stop…Banaras station. We are working to enhance rail connectivity as well as ensure clean, modern and passenger friendly railway stations. pic.twitter.com/tE5I6UPdhQ

— Narendra Modi (@narendramodi) December 13, 2021

उन्होंने देर रात एक बजे के बाद रेलवे स्टेशन के अपने दौरे की तस्वीरें भी साझा कीं, जिसे हाल में पुनर्विकसित कर सजाया संवारा गया था। बनारस रेलवे स्टेशन को पहले मंडुआडीह के नाम से जाना जाता था और इस साल की शुरुआत में इसका नाम बदला गया।
     
भारतीय रेलवे के ट्विटर हैंडल ने सोमवार रात को स्टेशन की तस्वीरें साझा की थीं। स्टेशन को सजाया, संवारा गया था। 

बदलता परिदृश्य : बनारस स्टेशन आपकी यात्रा अनुभव को अविस्मरणीय बना रहा है। pic.twitter.com/nb19TXx6r4

— Ministry of Railways (@RailMinIndia) December 13, 2021

cartoon click
Irfan ka cartoon
cartoon
Narendra modi
Yogi Adityanath
Modi in Banaras
UP ELections 2022
kashi

Related Stories

तिरछी नज़र: सरकार जी के आठ वर्ष

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

कार्टून क्लिक: उनकी ‘शाखा’, उनके ‘पौधे’

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

भारत के निर्यात प्रतिबंध को लेकर चल रही राजनीति

गैर-लोकतांत्रिक शिक्षानीति का बढ़ता विरोध: कर्नाटक के बुद्धिजीवियों ने रास्ता दिखाया

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?

उत्तर प्रदेश: "सरकार हमें नियुक्ति दे या मुक्ति दे"  इच्छामृत्यु की माँग करते हजारों बेरोजगार युवा

PM की इतनी बेअदबी क्यों कर रहे हैं CM? आख़िर कौन है ज़िम्मेदार?


बाकी खबरें

  • कोरोना
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 44,230 नए मामले, 555 मरीज़ों की मौत
    30 Jul 2021
    देश में कोरोना के मामलों की संख्या बढ़कर 3 करोड़ 15 लाख 72 हज़ार 344 हो गयी है।
  • प्रेफेट डफॉट (हैती), जनरल केन्सन, 1950
    ट्राईकोंटिनेंटल : सामाजिक शोध संस्थान
    वाशिंगटन सत्ता परिवर्तन का ढोल पीटता रहता है, लेकिन क्यूबा अपनी क्रांतिकारी लय के साथ काम करता है
    30 Jul 2021
    1959 की क्यूबा क्रांति ग़ुलामी और औपनिवेशिक वर्चस्व के मनहूस इतिहास के ख़िलाफ़ थी। अमेरिका की क्या प्रतिक्रिया थी? 19 अक्टूबर 1960 को देश पर आर्थिक नाकेबंदी लगा दी गई, जो कि आज भी जारी है।
  • Pegasus snooping row
    भाषा
    पेगासस जासूसी मामले में शीर्ष न्यायालय के हस्तक्षेप की मांग करते हुए 500 लोगों, समूहों ने सीजेआई को लिखा पत्र
    29 Jul 2021
    पत्र में मीडिया में आई इन खबरों पर हैरानगी जताई है कि स्पाइवेयर का इस्तेमाल छात्राओं, विद्वानों, पत्रकारों, मानवाधिकार के पैरोकारों, वकीलों और यौन हिंसा पीड़िताओं की निगरानी के लिए किया गया।
  • आईसीएफ़
    बढ़ते मामलों के बीच राजद्रोह क़ानून को संवैधानिक चुनौतियाँ
    29 Jul 2021
    राजद्रोह का क़ानून जो भारत में ब्रिटिश हुकूमत द्वारा लाया गया था, उसे इंग्लैंड ने निरस्त कर दिया है।
  • OBC got reservation under All India Medical Education Quota, student organizations said victory of struggle!
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    अखिल भारतीय चिकित्सा शिक्षा कोटा के तहत ओबीसी को मिला आरक्षण, छात्र संगठनों ने कहा संघर्ष की हुई जीत!
    29 Jul 2021
    चिकित्सा अभ्यर्थियों की ओर से चिकित्सा शिक्षा के अखिल भारतीय कोटे में ओबीसी आरक्षण देने की लंबे समय से मांग की जा रही थी। कुछ दिनों पहले तक केंद्र सरकार इससे अपना पल्ला झाड़ रही तो और इसे न्यायलय में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License