NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
फ़िलीपींस के सेक्रेटरी ऑफ़ जस्टिस ने एंटी ड्रग ऑपरेशन में पुलिस की ग़लती मानी
फ़िलीपींस के डिपार्टमेंट ऑफ़ जस्टिस के इन निष्कर्षों से पता चला है कि पुलिस अधिकारियों ने एंटी ड्रग ऑपरेशन में प्रोटोकॉल का पालन नहीं किया। इन ऑपरेशनों के दौरान गिरफ़्तारी का विरोध करने पर संदिग्धों को मार दिया गया था।
पीपल्स डिस्पैच
25 Feb 2021
फ़िलीपींस

मानवाधिकार समूहों और एंटी ड्रग ऑपरेशन किलिंग के पीड़ितों के परिवारों ने रोड्रिगो डुटेर्टे सरकार से अवैध दवाओं के खिलाफ अपने खूनी अभियान को समाप्त करने का आह्वान किया है। 24 फरवरी को संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (यूएनएचआरसी) की एक उच्च-स्तरीय बैठक में प्रस्तुत न्याय विभाग द्वारा एक अंतर-विभागीय जांच के प्रारंभिक निष्कर्षों से पता चला है कि पुलिस ने मौत के मामलों में प्रोटोकॉल का उल्लंघन किया है।

इस निष्कर्ष को प्रस्तुत करने वाले सेक्रेटरी ऑफ जस्टिस मेनार्डो गुएवेरा ने यूएनएचआरसी को बताया कि "आधे से अधिक रिकॉर्ड की समीक्षा में कानून प्रवर्तन एजेंट अपराध स्थल पर प्रक्रिया पूरी करने और अन्य एजेंसियों के साथ समन्वय से संबंधित मानक प्रोटोकॉल का पालन करने में विफल रहे।"

ये निष्कर्ष प्रमुख प्रांतों से दर्ज किए गए 5,000 से अधिक मामले पर आधारित थे जहां ड्रग-विरोधी कार्रवाई की गई थी। इन प्रांतों में मेट्रो मनीला, बुलकान, पम्पांगा और कैविटे के कुछ हिस्से शामिल थे। समीक्षा किए गए सभी मामलों में संदिग्ध को आधिकारिक छापेमारी के दौरान और गिरफ्तारी से रोकने के लिए एंटी ड्रग ऑपरेशन में मारा गया। ऐसे मामलों को अक्सर स्थानीय फिलीपींस की मीडिया द्वारा ननलाबन (विरोध करने का) मामला कहा जाता है।

डुटर्टे द्वारा 2016 में ड्रग्स पर अपना हमला शुरू करने के बाद से यह पहला निष्कर्ष है जब एक शीर्ष सरकारी जांच में फिलीपींस नेशनल पुलिस (पीएनपी) के प्रवर्तन अधिकारियों की बड़ी गलतियां पाई गई हैं। सरकारी आंकड़ों के अनुसार अधिकारियों के छापेमारी और ऑपरेशन के कारण सितंबर 2020 तक 5,810 लोगों की मौत हुई है।

विजिलेंट एंडी ड्रग ग्रुप्स तथा राइट विंग मिलिशिया के साथ साथ कानून प्रवर्तन अधिकारियों और सैन्य बलों द्वारा एक्स्ट्रा ज्यूडिशियल किलिंग ने आंकड़ों को काफी बढ़ा दिया है। इस आंकड़े का अनुमान 12,000 से 20,000 तक लगाया गया है। इस ऑपरेशन के चलते अधिकतर मामूली अहिंसक आरोपों के लिए हजारों लोगों की गिरफ्तारियां भी हुईं।

Philippines
Human Rights
UNHRC

Related Stories

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

जलवायु परिवर्तन : हम मुनाफ़े के लिए ज़िंदगी कुर्बान कर रहे हैं

एनआईए स्टेन स्वामी की प्रतिष्ठा या लोगों के दिलों में उनकी जगह को धूमिल नहीं कर सकती

जलविद्युत बांध जलवायु संकट का हल नहीं होने के 10 कारण 

चिली की नई संविधान सभा में मज़दूरों और मज़दूरों के हक़ों को प्राथमिकता..

पुतिन को ‘दुष्ट' ठहराने के पश्चिमी दुराग्रह से किसी का भला नहीं होगा

यूक्रेन युद्ध से रूस-चीन के संबंधों में मिली नई दिशा

मणिपुर चुनाव: भाजपा के धनबल-भ्रष्ट दावों की काट है जनता का घोषणापत्र

कैसे सैन्य शासन के विरोध ने म्यांमार को 2021 के तख़्तापलट के बाद से बदल दिया है

कैसे चीन पश्चिम के लिए ओलंपिक दैत्य बना


बाकी खबरें

  • Neha Singh Rathore
    न्यूज़क्लिक टीम
    ‘यूपी में सब बा’ के जवाब में नेहा सिंह राठौर का ‘ यूपी में का बा’
    23 Jan 2022
    यूपी विधानसभा चुनाव में वोटरों को रिझाने के लिए सांसद और अभिनेता रवि किशन भाजपा की तारीफ़ में एक वीडियो लेकर आए, जिसके बोल हैं ‘ यूपी में सब बा’। भाजपा की उपलब्धियों का बखान वाला यह वीडियो घर-घर…
  • pm
    अजय कुमार
    दो टूक: मोदी जी, आप ग़लत हैं! अधिकारों की लड़ाई से देश कमज़ोर नहीं बल्कि मज़बूत बनता है
    23 Jan 2022
    75 वर्षों में हम सिर्फ़ अधिकारों की बात करते रहे हैं। अधिकारों के लिए झगड़ते रहे, जूझते रहे, समय भी खपाते रहे। सिर्फ़ अधिकारों की बात करने की वजह से समाज में बहुत बड़ी खाई पैदा हुई है: प्रधानमंत्री…
  • Ethiopia
    शिरीष खरे
    इथियोपिया : फिर सशस्त्र संघर्ष, फिर महिलाएं सबसे आसान शिकार
    23 Jan 2022
    इथियोपिया, अफ्रीका महाद्वीप का यह देश पिछले दो वर्षों से अधिक समय से सुखिर्यों में है, जहां नवंबर, 2020 से शुरू हुआ सशस्त्र संघर्ष अभी भी जारी है, जहां टिग्रे अलगाववादियों और उनके खिलाफ इथियोपियाई…
  • nehru and subhash
    एल एस हरदेनिया
    नेताजी की जयंती पर विशेष: क्या नेहरू ने सुभाष, पटेल एवं अंबेडकर का अपमान किया था?
    23 Jan 2022
    नरेंद्र मोदी का यह आरोप तथ्यहीन है कि नेहरू ने सुभाष चंद्र बोस, डॉ. अंबेडकर और सरदार पटेल को अपेक्षित सम्मान नहीं दिया।
  • cartoon
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    …सब कुछ ठीक-ठाक है
    23 Jan 2022
    "क्यों, क्या सब ठीक-ठाक नहीं हैं? क्या सब ख़ैरियत से नहीं है? क्या हम हिंदू राष्ट्र नहीं बन रहे हैं? ठीक है भाई! बेरोज़गारी है, महंगाई है, शिक्षा बरबाद हो रही है और अस्पताल बदहाल। पर देश में क्या…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License