NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
प्रशांत किशोर चुनावी रणनीतिकार की भूमिका से ‘‘हट’’ जाएंगे, निर्वाचन आयोग पर साधा निशाना
किशोर ने निर्वाचन आयोग पर भी हमला करते हुए उस पर भाजपा के इशारे पर काम करने का आरोप लगाया।
भाषा
03 May 2021
प्रशांत किशोर चुनावी रणनीतिकार की भूमिका से ‘‘हट’’ जाएंगे, निर्वाचन आयोग पर साधा निशाना

कोलकाता: पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस की बड़ी जीत के बीच चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने रविवार को कहा, ‘‘मैं अब यह जगह खाली कर रहा हूं।’’ उन्होंने निर्वाचन आयोग पर आरोप लगाया कि वह भाजपा की सहयोगी की तरह काम कर रहा है।

किशोर ने दिसंबर में दावा किया था कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भाजपा दहाई के आंकड़े को पार नहीं कर पाएगी और ऐसा हुआ तो वह रणनीति बनाने का काम बंद कर देंगे।

किशोर ने निर्वाचन आयोग पर भी हमला करते हुए उस पर भाजपा के इशारे पर काम करने का आरोप लगाया।

अब तक विभिन्न दलों के नेताओं के लिये चुनावी रणनीति बनाने का काम करने वाले किशोर ने ‘इंडिया टुडे’ टीवी चैनल से कहा कि वह अब इस भूमिका से हट रहे हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘मैं अब यह जगह खाली कर रहा हूं।’’

किशोर ने तृणमूल कांग्रेस की विधानसभा चुनाव में जीत के लिए चुनावी रणनीति बनाने में मदद की थी।

किशोर ने कहा, ‘‘इस तरह का पक्षपाती निर्वाचन आयोग कभी नहीं देखा, उसने भाजपा की मदद के लिए तमाम कदम उठाए...भाजपा को धर्म का इस्तेमाल करने दिया, उसके मुताबिक चुनावी कार्यक्रम बनाए गए और नियमों से खिलवाड़ किया गया।’’

‘एनडीटीवी’ चैनल से बात करते हुए किशोर अपने रुख पर कायम रहे कि पश्चिम बंगाल में भाजपा जबरदस्त ताकत है।

किशोर ने कहा कि वह भाजपा द्वारा व्यापक प्रचार कर जीतने का दावा करने के बावजूद राज्य में तृणमूल कांग्रेस की जीत के प्रति आश्वस्त थे।

उन्होंने कहा, ‘‘परिणाम एकतरफा लग सकता है लेकिन यह कड़ा मुकाबला था। भाजपा जबरदस्त ताकत थी और आगे भी रहेगी।’’

किशोर ने पिछले साल दिसंबर में ट्वीट किया था, ‘‘...हकीकत में भाजपा पश्चिम बंगाल में दहाई का आंकड़ा पार करने के लिए संघर्ष करेगी।’’

किशोर ने कहा था, ‘‘अगर भाजपा ने बेहतर प्रदर्शन किया तो मैं यह जगह खाली कर दूंगा।’’

prashant kishore
TMC
BJP
West Bengal

Related Stories

राज्यपाल की जगह ममता होंगी राज्य संचालित विश्वविद्यालयों की कुलाधिपति, पश्चिम बंगाल कैबिनेट ने पारित किया प्रस्ताव

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !


बाकी खबरें

  • putin
    अब्दुल रहमान
    मिन्स्क समझौते और रूस-यूक्रेन संकट में उनकी भूमिका 
    24 Feb 2022
    अति-राष्ट्रवादियों और रूसोफोब्स के दबाव में, यूक्रेन में एक के बाद एक आने वाली सरकारें डोनबास क्षेत्र में रूसी बोलने वाली बड़ी आबादी की शिकायतों को दूर करने में विफल रही हैं। इसके साथ ही, वह इस…
  • russia ukrain
    अजय कुमार
    यूक्रेन की बर्बादी का कारण रूस नहीं अमेरिका है!
    24 Feb 2022
    तमाम आशंकाओं के बाद रूस ने यूक्रेन पर हमला करते हुए युद्ध की शुरुआत कर दी है। इस युद्ध के लिए कौन ज़िम्मेदार है? कौन से कारण इसके पीछे हैं? आइए इसे समझते हैं। 
  • up elections
    अब्दुल अलीम जाफ़री
    उत्तर प्रदेश चुनाव: ज़मीन का मालिकाना हक़ पाने के लिए जूझ रहे वनटांगिया मतदाता अब भी मुख्यधारा से कोसों दूर
    24 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश में चल रहे विधानसभा चुनाव के छठे चरण का मतदान इस इलाक़े में होना है। ज़मीन के मालिकाना हक़, बेरोज़गारी और महंगाई इस क्षेत्र के कुछ अहम चुनावी मुद्दे हैं।
  • ayodhya
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    यूपी चुनाव: अयोध्यावादियों के विरुद्ध फिर खड़े हैं अयोध्यावासी
    24 Feb 2022
    अयोध्या में पांचवे दौर में 27 फरवरी को मतदान होना है। लंबे समय बाद यहां अयोध्यावादी और अयोध्यावासी का विभाजन साफ तौर पर दिख रहा है और धर्म केंद्रित विकास की जगह आजीविका केंद्रित विकास की मांग हो रही…
  • mali
    पवन कुलकर्णी
    माली से फ़्रांसीसी सैनिकों की वापसी साम्राज्यवाद के ख़िलाफ़ ऐतिहासिक जीत है
    24 Feb 2022
    माली से फ़्रांसीसी सैनिकों को हटाने की मांग करने वाले बड़े पैमाने के जन-आंदोलनों का उभार 2020 से जारी है। इन आंदोलनों की पृष्ठभूमि में, माली की संक्रमणकालीन सरकार ने फ़्रांस के खिलाफ़ लगातार विद्रोही…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License