NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
संयुक्त मोर्चा ने बंगाल के मतदाताओं से लोकतंत्र एवं धर्मनिर्पेक्षता को मज़बूत करने की अपील की
मतदाताओं को जारी अपील की शुरूआत में ही तीन कृषि-क़ानूनों को ख़ारिज करने की मांग के साथ मज़दूर विरोधी श्रम संहिता में संशोधन का पुरज़ोर विरोध किया गया है।
संदीप चक्रवर्ती
26 Mar 2021
Translated by महेश कुमार
संयुक्त मोर्चा
तस्वीर सौजन्य: द हिन्दू 

वाम मोर्चा, कांग्रेस और इंडियन सेकुलर फ्रंट के चुनाव पूर्व गठबंधन से बने संयुक्त मोर्चा ने बुधवार को पश्चिम बंगाल में लोकतंत्र की बहाली और धर्मनिरपेक्षता को बनाए रखने को अपनी प्रमुख प्राथमिकता बनाने के लिए राज्य के मतदाताओं के प्रति एक संयुक्त अपील जारी की है। वाम मोर्चा के अध्यक्ष बिमान बसु ने कोलकाता के मुजफ्फर अहमद भवन में संयुक्त मोर्चा के सभी घटकों की तरफ से उपरोक्त अपील को जारी किया है।

संयुक्त मोर्चा की यह अपील इस सप्ताह के शुरुवात में वाम मोर्चा और कांग्रेस द्वारा चुनावी घोषणापत्र के प्रकाशन के बाद आई है।

अपील में स्पष्ट रूपसे तीन कृषि-कानूनों को खारिज करने और श्रम संहिता में मजदूर विरोधी संशोधन के खिलाफ विरोध दर्ज़ किया गया है। अपील में नवउदारवादी आर्थिक नीतियों के चलते देश के आम साधारण लोगों की बिगड़ती स्थिति का भी उल्लेख किया गया है। अपील आगे कहती है कि वर्तमान समय में धर्मनिरपेक्षता और धार्मिक अल्पसंख्यकों के अधिकारों का बेज़ा हनन हुआ है।

मोर्चा ने राज्य में टीईटी जैसी परीक्षाओं को समय पर कराने और राज्य में हर किस्म की गुंडागर्दी को समाप्त करने का आश्वासन भी दिया है। बाद में, प्रेस से बात करते हुए, बिमान बसु ने दावा किया कि भारतीय जनता पार्टी का आईटी सेल, वामपंथियों के सत्ता में आने के बारे में दोषपूर्ण अभियान चला रहा है, और वे कह रहे हैं कि वर्ष "21 वें राम और 26 वें वाम"। बॉस ने सभी को ऐसे अभियानों के प्रति सतर्क रहने का अनुरोध किया है।

लगातार ज़हरीला अभियान 

संवाददाताओं के सवालों का जवाब देते हुए, बासु ने भाजपा के सभी उन आरोपों का जोरदार खंडन किया, जिसमें संयुक्त मोर्चे घटक आईएसएफ को "सांप्रदायिक" संगठन होने की बात कही थी। उन्होंने कहा कि आईएसएफ उम्मीदवारों की सूची में बहुसंख्यक समुदाय से काफी लोग मौजूद हैं और इस संतुलन से आईएसएफ ने राजनीति के प्रति गैर-सांप्रदायिक रुख अपनाया है। उन्होंने कहा कि भाजपा मीडिया के दिग्गजों को खरीद चुकी हैं, जो संयुक्त मोर्चा के खिलाफ बदनामी भरा और जहरीला अभियान चला रहे हैं।

भाजपा पर हमला करते हुए बसु ने कहा कि अमित शाह असम में ‘डबल इंजन सरकार’ के बारे जो बार कर रहे हैं, वे उसे पश्चिम बंगाल के बारे में क्यों नहीं कह रहे हैं। “उत्तर प्रदेश, असम और त्रिपुरा जैसे राज्यों में भाजपा की डबल इंजन सरकार की क्या हालत क्या है? त्रिपुरा में उन्होंने जो सबसे पहला कदम उठाया, उसमें उन्होने 10,323 शिक्षकों को बर्खास्त किया और उन्हें पीटा।”

उन्होंने यह भी बताया कि बंगाल में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रचार के तहत बसों, रेलवे और यहां तक कि जलमार्गों में भी वे घृणा और जहरीला प्रचार चला रहे हैं। 

उन्होंने दावा किया कि बीजेपी ने मेदिनीपुर और हल्दिया में जो बड़ी सभाएं करने का दावा किया है उसके लिए अधिकतर लोगों को बसों के जरिए अन्य राज्यों से लाया गया था, जबकि वामपंथी पार्टियों की ब्रिगेड रैली में लोग राज्य से अपनी पहल पर सभा में भाग लेने आए थे। 

बॉस ने कहा कि, वामपंथी प्रथा के विपरीत जिसमें लोग अभियानों से प्राभावित होकर ब्रिगेड रैली में आते हैं, बीजेपी को कार्यकर्ताओं और आयोजकों को हर कदम पर लोगों को सभा में लाने के लिए पैसा बांटना पड़ता है। 

सीएए एनआरसी पर टीएमसी का डबल रोल

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की उस टिप्पणी पर तीखा हमला करते हुए कि वामपंथियों को वोट देने से राज्य में नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) और राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (NRC) लागू कर दिया जाएगा, उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री, प्रशांत किशोर की मेंटरशिप के तहत, सहानुभूति हासिल करने के लिए षड्यंत्रकारी चाले चल रही है और पलस्तर का ड्रामा कर रही है। बॉस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में आश्वासन देते हुए कहा कि, 'अगर चुनाव में मोर्चा जीता तो पश्चिम बंगाल में सीएए, एनआरसी और एनपीआर किसी भी कीमत पर लागू नहीं किए जाएंगे।'

प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए, कांग्रेस नेता और सांसद प्रदीप भट्टाचार्य ने कहा कि जब सीएए एनपीआर एनआरसी के बारे में विधेयक संसद के उच्च सदन में पेश किया गया तो टीएमसी ने  नापाक भूमिका निभाई थी और विपक्षी एकता का दामन छोड़ते हुए भाजपा के साथ जा खड़ी हुई  थी। 

प्रेस कॉन्फ्रेंस में इंडियन सेकुलर फ्रंट की तरफ से बोलते हुए फिल्म निर्माता सौमित्रा घोषदस्तीदार ने कहा कि वे संयुक्त मोर्चा के साथ रहेंगे और मोर्चे के प्रति उनकी निष्ठा है। जब एआईएमआईएम द्वारा उम्मीदवारों को खड़ा करने की रिपोर्ट के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि चुनाव कोई भी लड़ सकता है और बात कर सकता है, लेकिन वे संयुक्त मोर्चा के साथ रहेंगे।

पत्रकारों को जवाब देते हुए, बिमान बसु ने दोहराया कि जिन छह सीटों पर सीट-साझा करने का निर्णय नहीं हुआ है उसे जल्द ही अंतिम रूप दे दिया जाएगा, और इसके लिए पूरे प्रयास किए जा रहे हैं।

अंग्रेज़ी में प्रकाशित मूल आलेख को पढ़ने के लिए नीचे दिये गये लिंक पर क्लिक करें 

‘Restore Democracy, Maintain Secularism’: Sangjukto Morcha Makes Joint Appeal to Bengal Voters

West Bengal Elections 2021
Left Front
Sanjukta Morcha
ISF
mamata banerjee
Biman Basu

Related Stories

PM की इतनी बेअदबी क्यों कर रहे हैं CM? आख़िर कौन है ज़िम्मेदार?

केवल आर्थिक अधिकारों की लड़ाई से दलित समुदाय का उत्थान नहीं होगा : रामचंद्र डोम

बढ़ती हिंसा और सीबीआई के हस्तक्षेप के चलते मुश्किल में ममता और तृणमूल कांग्रेस

बलात्कार को लेकर राजनेताओं में संवेदनशीलता कब नज़र आएगी?

केजरीवाल का पाखंड: अनुच्छेद 370 हटाए जाने का समर्थन किया, अब एमसीडी चुनाव पर हायतौबा मचा रहे हैं

बीरभूम नरसंहार ने तृणमूल की ख़ामियों को किया उजागर 

क्या यह मोदी लहर के ख़ात्मे की शुरूआत है?

पेगासस कांड: आखिर क्या है RSS से जुड़ा GVF ट्रस्ट? जिसकी अपील पर सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल सरकार के आयोग की जांच पर लगा दी रोक

घर वापसी से नरसंहार तक भारत का सफ़र

उत्तर बंगाल के राजबंशियों पर खेली गई गंदी राजनीति


बाकी खबरें

  • kalicharan
    भाषा
    महात्मा गांधी के खिलाफ अपशब्दों का प्रयोग करने के आरोप में कालीचरण महाराज गिरफ्तार
    30 Dec 2021
    रायपुर जिले के पुलिस अधीक्षक प्रशांत अग्रवाल ने बृहस्पतिवार को बताया कि रायपुर पुलिस ने कालीचरण महाराज को तड़के गिरफ्तार किया। उन्हें मध्यप्रदेश के खजुराहो शहर से लगभग 25 किलोमीटर दूर बागेश्वर धाम के…
  • fact check
    अर्चित मेहता
    फ़ैक्ट-चेक: क्या शाहजहां ने ताजमहल बनाने वाले मजदूरों के हाथ कटवा दिए थे?
    30 Dec 2021
    अमीश देवगन ने पीएम की तुलना 17वीं सदी के मुगल बादशाह शाहजहां से की. उन्होंने दावा किया कि जहां पीएम मोदी ने सफाई कर्मियों पर फूलों की बौछार की, वहीं शाहजहां ने ताजमहल बनाने वालों के हाथ काट दिए थे.
  • Uttrakhand
    सीमा शर्मा
    उत्तराखंड: लंबित यमुना बांध परियोजना पर स्थानीय आंदोलन और आपदाओं ने कड़ी चोट की
    30 Dec 2021
    पर्यावरणविद भी आपदा संभावित क्षेत्र में परियोजना के निर्माण पर अपनी आपत्ति जता रहे हैं, क्योंकि यह इलाक़ा बादलों के फटने, अचानक बाढ़ के आने और भूस्खलन की बार-बार होने वाली घटनाओं के लिहाज से…
  •  UP Elections
    सबरंग इंडिया
    UP चुनाव: ...तो ब्राह्मण वोट के लिए अभियान में टेनी महाराज को आगे नहीं करेगी भाजपा
    30 Dec 2021
    यूपी विधानसभा चुनाव में ब्राह्मण वोट पाने के लिए बीजेपी अभियान चलाएगी। लेकिन राज्य के इकलौते ब्राह्मण मंत्री (केंद्रीय राज्यमंत्री) टेनी महाराज उर्फ अजय मिश्रा को अभियान में आगे नहीं करेगी। दरअसल…
  • न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में डेढ़ महीने बाद 13 हज़ार से ज़्यादा नए मामले सामने आए
    30 Dec 2021
    देश में आज डेढ़ महीने बाद कोरोना के 13 हज़ार से ज़्यादा यानी 13,154 नए मामले दर्ज किये गए है | वही ओमीक्रॉन के मामलो की संख्या बढ़कर 961 हो गयी है |
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License