NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
दक्षिण अफ़्रीका ने इज़रायल को पर्यवेक्षक का दर्जा देने वाले अफ़्रीकी संघ की आलोचना की
अफ़्रीका ने यह भी आरोप लगाया कि इस यहूदी राष्ट्र को पर्यवेक्षक का दर्जा देने का निर्णय "एकतरफ़ा" और एयू सदस्य राष्ट्रों के परामर्श के बिना लिया गया था।
पीपल्स डिस्पैच
29 Jul 2021
दक्षिण अफ़्रीका

दक्षिण अफ्रीका ने इज़रायल को महाद्वीपीय संगठन में आधिकारिक पर्यवेक्षक का दर्जा देने के अफ्रीकी संघ (एयू) के फैसले की कड़ी निंदा की है। 28 जुलाई को कई मीडिया संस्थानों ने इसे प्रकाशित किया। एयू आयोग के फैसले की आलोचना करते हुए दक्षिण अफ्रीका ने एक बयान में कहा कि यह "अफ्रीकी संघ में इज़रायल को पर्यवेक्षक का दर्जा देने के एयू आयोग के अन्यायपूर्ण और अनुचित निर्णय पर चकित है।" इस निर्णय को "अकथनीय" और "समझ से बाहर" बताते हुए दक्षिण अफ्रीकी विदेश मंत्रालय ने कहा कि "इज़रायल को पर्यवेक्षक का दर्जा देने का निर्णय ऐसे वर्ष में और भी चौंकाने वाला है जिसमें फिलिस्तीन के उत्पीड़ित लोगों को विनाशकारी बमबारी करके परेशान किया गया था और इस भूमि पर अवैध बस्तियों का निर्माण जारी रखा गया था।"

दक्षिण अफ्रीका ने एयू आयोग पर संगठन के सदस्यों से परामर्श किए बिना "एकतरफा" निर्णय लेने का भी आरोप लगाया। इसने कहा कि यह एयू आयोग के अध्यक्ष मौसा फाकी महामत से इस निर्णय के बारे में एयू सदस्य राष्ट्रों को जानकारी देने के लिए कहेगा और आशा व्यक्त की कि इस निर्णय पर राष्ट्रों प्रमुखों और सरकारों के स्तर पर चर्चा की जाएगी। इसने इस मुद्दे पर अपनी स्थिति भी स्पष्ट करते हुए कहा कि "दक्षिण अफ्रीका का दृढ़ विश्वास है कि जब तक इजरायल बिना पूर्व शर्त के शांति योजना पर बातचीत करने को तैयार नहीं है तब तक उसे पर्यवेक्षक का दर्जा नहीं मिलना चाहिए।"

एयू ने पिछले गुरुवार को इज़रायल को पर्यवेक्षक का दर्जा दिया था, एयू और इज़रायली विदेश मंत्रालय दोनों ने कहा कि नई स्थिति से दोनों पक्षों को बेहतर संबंध विकसित करने और चल रहे कोरोनावायरस महामारी, आतंकवाद और कई अन्य मुद्दों के खिलाफ वैश्विक लड़ाई जैसे मुद्दों के संबंध में मजबूत सहयोग विकसित करने में मदद मिलेगी। रिपोर्टों में कहा गया है कि लगभग 20 वर्षों के राजनयिक प्रयासों के बाद इजरायल आखिरकार एयू में यह दर्जा हासिल करने में कामयाब रहा। इसने पहले ऑर्गनाइजेशन ऑफ अफ्रीकन यूनिटी (ओएयू) में पर्यवेक्षक का दर्जा हासिल किया था लेकिन 2002 में उस संगठन के भंग होने और इस स्थान पर एयू के आने के बाद इज़रायल अब तक इस परवर्ती संगठन में ये दर्जा हासिल करने में विफल रहा था। फ़िलिस्तीन को पहले से ही एयू में पर्यवेक्षक का दर्जा प्राप्त है और ये संगठन नियमित रूप से फ़िलिस्तीनी मामले के समर्थन में बयान जारी करता है।

South Africa
African Union
Israel
israel and africa

Related Stories

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

गुटनिरपेक्षता आर्थिक रूप से कम विकसित देशों की एक फ़ौरी ज़रूरत

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

यूरोपीय संघ दुनियाभर के लोगों के स्वास्थ्य से बढ़कर कॉर्पोरेट मुनाफे को प्राथमिकता देता है 

ईरान नाभिकीय सौदे में दोबारा प्राण फूंकना मुमकिन तो है पर यह आसान नहीं होगा

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है


बाकी खबरें

  • modi
    अनिल जैन
    खरी-खरी: मोदी बोलते वक्त भूल जाते हैं कि वे प्रधानमंत्री भी हैं!
    22 Feb 2022
    दरअसल प्रधानमंत्री के ये निम्न स्तरीय बयान एक तरह से उनकी बौखलाहट की झलक दिखा रहे हैं। उन्हें एहसास हो गया है कि पांचों राज्यों में जनता उनकी पार्टी को बुरी तरह नकार रही है।
  • Rajasthan
    सोनिया यादव
    राजस्थान: अलग कृषि बजट किसानों के संघर्ष की जीत है या फिर चुनावी हथियार?
    22 Feb 2022
    किसानों पर कर्ज़ का बढ़ता बोझ और उसकी वसूली के लिए बैंकों का नोटिस, जमीनों की नीलामी इस वक्त राज्य में एक बड़ा मुद्दा बना हुआ है। ऐसे में गहलोत सरकार 2023 केे विधानसभा चुनावों को देखते हुए कोई जोखिम…
  • up elections
    रवि शंकर दुबे
    यूपी चुनाव, चौथा चरण: केंद्रीय मंत्री समेत दांव पर कई नेताओं की प्रतिष्ठा
    22 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश चुनाव के चौथे चरण में 624 प्रत्याशियों का भाग्य तय होगा, साथ ही भारतीय जनता पार्टी समेत समाजवादी पार्टी की प्रतिष्ठा भी दांव पर है। एक ओर जहां भाजपा अपना पुराना प्रदर्शन दोहराना चाहेगी,…
  • uttar pradesh
    एम.ओबैद
    यूपी चुनाव : योगी काल में नहीं थमा 'इलाज के अभाव में मौत' का सिलसिला
    22 Feb 2022
    पिछले साल इलाहाबाद हाईकोर्ट ने योगी सरकार को फटकार लगाते हुए कहा था कि "वर्तमान में प्रदेश में चिकित्सा सुविधा बेहद नाज़ुक और कमज़ोर है। यह आम दिनों में भी जनता की ज़रूरतों को पूरा करने के लिए पर्याप्त…
  • covid
    टी ललिता
    महामारी के मद्देनजर कामगार वर्ग की ज़रूरतों के अनुरूप शहरों की योजना में बदलाव की आवश्यकता  
    22 Feb 2022
    दूसरे कोविड-19 लहर के दौरान सरकार के कुप्रबंधन ने शहरी नियोजन की खामियों को उजागर करके रख दिया है, जिसने हमेशा ही श्रमिकों की जरूरतों की अनदेखी की है। 
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License