NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
सुनंदा पुष्कर मामला: अदालत ने थरूर के ख़िलाफ़ आरोप तय करने पर फ़ैसला सुरक्षित रखा
विशेष न्यायाधीश गीतांजलि गोयल ने मुद्दे पर दिल्ली पुलिस और थरूर के वकीलों की दलीलें सुनीं। अदालत के 29 अप्रैल को फैसला सुनाने की संभावना है।
भाषा
12 Apr 2021
शशि थरूर और सुनंदा पुष्कर

नयी दिल्ली: दिल्ली की एक अदालत ने कांग्रेस नेता शशि थरूर के खिलाफ उनकी पत्नी की मौत के मामले में आरोप तय करने के मुद्दे पर सोमवार को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया।

विशेष न्यायाधीश गीतांजलि गोयल ने मुद्दे पर दिल्ली पुलिस और थरूर के वकीलों की दलीलें सुनीं। अदालत के 29 अप्रैल को फैसला सुनाने की संभावना है।

जिरह के दौरान पुलिस ने जहां भारतीय दंड संहिता की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाने) सहित विभिन्न धाराओं के तहत आरोप तय करने का आग्रह किया, वहीं थरूर की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता विकास पाहवा ने अदालत से कहा कि विशेष जांच दल (एसआईटी) द्वारा की गई जांच में उनके मुवक्किल को पूरी तरह दोषमुक्त माना गया है।

पाहवा ने थरूर को आरोपमुक्त करने का आग्रह किया और कहा कि उनके मुवक्किल के खिलाफ भादंसं की धारा 498ए (पति या उसके किसी रिश्तेदार द्वारा महिला के साथ क्रूरता) या 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) के तहत लगाए गए आरोपों का कोई सबूत नहीं है।

पुष्कर 17 जनवरी 2014 की रात यहां एक होटल में मृत मिली थीं।

दिल्ली पुलिस ने थरूर के खिलाफ भादंसं की धाराओं-498 ए और 306 के तहत मामला दर्ज किया था, लेकिन उन्हें गिरफ्तार नहीं किया था।

पांच जुलाई 2018 को थरूर को जमानत मिल गई थी।

Sunanda Pushkar
Sunanda Pushkar death case
Shashi Tharoor

Related Stories

फ़ैक्ट चेकः सूचना एवं लोक संपर्क विभाग के फ़ैक्ट चेक का फ़ैक्ट चेक

पेगासस स्पाइवेयर: भारत सरकार चर्चा तक के लिए तैयार नहीं; मेक्सिको में हुई जांच, पूर्व सरकार ने खर्च किए छह करोड़ 10 लाख डॉलर

भारतीय अमेरिकी संगठनों ने सुप्रीम कोर्ट से संजीव भट्ट को जमानत देने दी अपील की

एक्टीविस्ट, न्यायविद एवं पत्रकारों ने कहा- ‘अलोकतांत्रिक एवं जन-विरोधी’ मोदी सरकार संस्थाओं को बर्बाद करने पर तुली है 

क्या है तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी और पुलिस कमिश्नर सज्जनार का इतिहास!

टिकटॉक ने डेटा साझा करने के आरोपों को खारिज किया

भारतीय उदारवादियों की पहेली 


बाकी खबरें

  • Ayodhya
    रवि शंकर दुबे
    अयोध्या : 10 हज़ार से ज़्यादा मंदिर, मगर एक भी ढंग का अस्पताल नहीं
    24 Jan 2022
    दरअसल अयोध्या को जिस तरह से दुनिया के सामने पेश किया जा रहा है वो सच नहीं है। यहां लोगों के पास ख़ुश होने के लिए मंदिर के अलावा कोई दूसरा ज़रिया नहीं है। अस्पताल से लेकर स्कूल तक सबकी हालत ख़राब है।
  • BHU
    विजय विनीत
    EXCLUSIVE: ‘भूत-विद्या’ के बाद अब ‘हिंदू-स्टडीज़’ कोर्स, फिर सवालों के घेरे में आया बीएचयू
    24 Jan 2022
    किसी भी राष्ट्र को आगे ले जाने के लिए धर्म की नहीं, विज्ञान और संविधान की जरूरत पड़ती है। बेहतर होता बीएचयू में आधुनिक पद्धति के नए पाठ्यक्रम शुरू किए जाते। हमारा पड़ोसी देश चीन बिजली की मुश्किलों से…
  • cartoon
    आज का कार्टून
    कार्टून क्लिक: एक वीरता पुरस्कार तो ग़रीब जनता का भी बनता है
    24 Jan 2022
    बेरोज़गारी, महंगाई और कोविड आदि की मार सहने के बाद भी भारत की आम जनता ज़िंदा है और मुस्कुरा कर पांच राज्यों में फिर मतदान की लाइन में लगने जा रही है, तो एक वीरता पुरस्कार तो उसका भी बनता है...बनता है…
  • genocide
    पार्थ एस घोष
    घर वापसी से नरसंहार तक भारत का सफ़र
    24 Jan 2022
    भारत में अब मुस्लिम विरोधी उन्माद चरम पर है। 2014 में नरेंद्र मोदी के सत्ता में आने के बाद से इसमें लगातार वृद्धि हुई है।
  • bulli bai
    डॉ. राजू पाण्डेय
    नफ़रत का डिजिटलीकरण
    24 Jan 2022
    सुल्ली डील्स, बुल्ली बाई, क्लबहाउस और अब ट्रैड्स के ज़रिये अल्पसंख्यक समुदाय के ख़िलाफ़ नफ़रत फैलाने का काम लगातार सोशल मीडिया पर हो रहा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License