NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
कोविड-19
भारत
राजनीति
अदालत ने भी दिल्ली सरकार से पूछा कोविड-19 जांच की संख्या कम क्यों हो गई है?
न्यायालय ने शुक्रवार को आंकड़े का उल्लेख करते हुये राष्ट्रीय राजधानी की आम आदमी पार्टी की सरकार से सवाल किया कि प्रदेश में कोविड-19 जांच में इतनी कमी क्यों आ गई है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
01 May 2021
अदालत ने भी दिल्ली सरकार से पूछा कोविड-19 जांच की संख्या कम क्यों हो गई है?

नई दिल्ली : दिल्ली उच्च न्यायालय ने शुक्रवार को आंकड़े का उल्लेख करते हुये राष्ट्रीय राजधानी की आम आदमी पार्टी की सरकार से सवाल किया कि प्रदेश में कोविड-19 जांच में इतनी कमी क्यों आ गई है। यही सवाल पिछले कई दिनों से लोग बार-बार पूछ रहे थे कि संक्रमण बढ़ रहा है लेकिन जाँच की संख्या लगातार कम क्यों हो रही है। हमने भी अपने 26 अप्रैल के आर्टिकल में बताया था कैसे कोविड की जाँच में भारी गिरावट आई है। उस दिन तक यानि 26 अप्रैल तक की अगर बात करें तो 15 दिनों में संक्रमण दर में 20.78 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है वहीं कोरोना के रोजाना टेस्ट में लगभग 9 यानि 8.74 फीसदी की गिरावट हुई है। ये सबसे बड़ा सवाल है ऐसा क्यों?

न्यायमूर्ति विपिन संघी और न्यायमूर्ति रेखा पल्ली की पीठ ने कहा कि पहले जहां जांच की संख्या एक लाख के आसपास थी, वह अब घटकर 70-80,000 प्रतिदिन हो गई है। 

पीठ ने कहा, ‘‘आपकी जांच में भारी कमी आई है।’’ अदालत ने दिल्ली सरकार से इस बारे में बताने के लिये कहा है।

याचिकाकर्ता का प्रतिनिधित्व कर रहे अधिवक्ता अंकुर महेंद्रू ने कहा कि जांच में कोई प्रगति नहीं है और सरकार मोहल्ला क्लीनिक और सचल क्लीनिकों में रैपिड एंटीजन टेस्ट के साथ शुरुआत कर सकती है।

उन्होंने कहा कि जांच के लिए निषिद्ध क्षेत्रों और अस्पतालों में मोबाइल वैन तैनात की जा सकती हैं और ऐसी जांच का इस्तेमाल मरीजों के तीमारदारों द्वारा किया जा सकता है। 

अदालत ने सरकार से इस पहलू की पड़ताल करने और उसे सोमवार को सूचित करने का निर्देश दिया।

दिल्ली सरकार के वकील सत्यकाम ने कहा कि ये ऐसे सुझाव हैं, जिस पर सरकार का प्रतिकूल विचार नहीं है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम प्रतिदिन 70 से 80,000 जांच कर रहे हैं ... हम कर्फ्यू से पहले एक लाख के आसपास जांच कर रहे थे। हम बाजार में जा रहे थे ... इसलिए 30,000 जांच कम हो गए है।’’

इस बीच, एक ऑक्सीजन रिफिलर 'सेठ एयर' के वकील ने धन की कमी का मुद्दा उठाया और कहा कि उसे ऑक्सीजन की आपूर्ति के लिए जो आवंटन किया गया है वह बहुत अधिक है और उसकी क्षमता से अधिक है। उसने कहा कि वह इतनी आपूर्ति करने में असमर्थ है, इस पर अदालत ने कहा कि इसे दिल्ली सरकार को देखना होगा।

दिल्ली सरकार का प्रतिनिधित्व करने वाले वरिष्ठ वकील राहुल मेहरा ने कहा कि 'सेठ एयर' का बकाया सरकार द्वारा जल्द मंजूर किया जाएगा ताकि गैस की आपूर्ति श्रृंखला प्रभावित न हो।

लेकिन सरकार ने जो अदालत में तर्क दिया वो हज़म होने वाला नहीं है क्योंकि दिल्ली में टेस्टिंग सेंटर कम हुए हैं जो बढ़ने चाहिए थे। जब इस महामारी की दूसरी लहर के पहले जब लोग अपनी जाँच कराने से बच रहे थे तब दिल्ली में एक लाख के आसपास रोजाना टेस्ट किए जा रहे थे लेकिन अब इस समय जब महामारी का तांडव जारी है और लोग टेस्ट करवा रहे हैं और करवाने के लिए भटक रहे हैं तब टेस्ट की संख्या का 75 हज़ार पर गिर जाना सरकार की मंशा पर सवाल उठाता है। क्या दिल्ली सरकार भी बाकी कई राज्यों की तरह टेस्ट कम करके संक्रमितों का आकड़ा कम दिखाना चाहती है? इस पर जानकार कहते हैं अगर ऐसा है तो यह बहुत भयावह होगा क्योंकि इस महामारी पर नियंत्रण तभी किया जा सकता है जब आप खूब टेस्ट करें और संक्रमितों की पहचान कर उन्हें बाकि लोगोंसे पृथक करें। इस महामारी का दूसरा और कोई उपाय नहीं है। इसलिए सभी जानकर एक बात बोलते हैं कि खूब जाँच करिए लेकिन सरकारें ऐसा न करके एक बड़ी आबादी को मौत के मुँह में झोक रही हैं।

 (समाचार एजेंसी भाषा इनपुट के साथ )

Delhi High court
COVID-19
delhi government
AAP
Arvind Kejriwal

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, 24 घंटों में 4,518 दर्ज़ किए गए 

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3,962 नए मामले, 26 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 84 दिन बाद 4 हज़ार से ज़्यादा नए मामले दर्ज 

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के मामलों में 35 फ़ीसदी की बढ़ोतरी, 24 घंटों में दर्ज हुए 3,712 मामले 

कोरोना अपडेट: देश में नए मामलों में करीब 16 फ़ीसदी की गिरावट

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 2,706 नए मामले, 25 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2,685 नए मामले दर्ज

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 2,710 नए मामले, 14 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा

महामारी में लोग झेल रहे थे दर्द, बंपर कमाई करती रहीं- फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां


बाकी खबरें

  • CARTOON
    आज का कार्टून
    प्रधानमंत्री जी... पक्का ये भाषण राजनीतिक नहीं था?
    27 Apr 2022
    मुख्यमंत्रियों संग संवाद करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्य सरकारों से पेट्रोल-डीज़ल के दामों पर टैक्स कम करने की बात कही।
  • JAHANGEERPURI
    नाज़मा ख़ान
    जहांगीरपुरी— बुलडोज़र ने तो ज़िंदगी की पटरी ही ध्वस्त कर दी
    27 Apr 2022
    अकबरी को देने के लिए मेरे पास कुछ नहीं था न ही ये विश्वास कि सब ठीक हो जाएगा और न ही ये कि मैं उनको मुआवज़ा दिलाने की हैसियत रखती हूं। मुझे उनकी डबडबाई आँखों से नज़र चुरा कर चले जाना था।
  • बिहारः महिलाओं की बेहतर सुरक्षा के लिए वाहनों में वीएलटीडी व इमरजेंसी बटन की व्यवस्था
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बिहारः महिलाओं की बेहतर सुरक्षा के लिए वाहनों में वीएलटीडी व इमरजेंसी बटन की व्यवस्था
    27 Apr 2022
    वाहनों में महिलाओं को बेहतर सुरक्षा देने के उद्देश्य से निर्भया सेफ्टी मॉडल तैयार किया गया है। इस ख़ास मॉडल से सार्वजनिक वाहनों से यात्रा करने वाली महिलाओं की सुरक्षा व्यवस्था बेहतर होगी।
  • श्रीलंका का आर्थिक संकट : असली दोषी कौन?
    प्रभात पटनायक
    श्रीलंका का आर्थिक संकट : असली दोषी कौन?
    27 Apr 2022
    श्रीलंका के संकट की सारी की सारी व्याख्याओं की समस्या यह है कि उनमें, श्रीलंका के संकट को भड़काने में नवउदारवाद की भूमिका को पूरी तरह से अनदेखा ही कर दिया जाता है।
  • israel
    एम के भद्रकुमार
    अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात
    27 Apr 2022
    रविवार को इज़राइली प्रधानमंत्री नफ्ताली बेनेट के साथ जो बाइडेन की फोन पर हुई बातचीत के गहरे मायने हैं।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License