NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अदालत ने अस्पताल से हनी बाबू को एक जून तक छुट्टी नहीं देने को कहा, उनके स्वास्थ्य पर रिपोर्ट मांगी
न्यायमूर्ति एस. एस. शिंदे और न्यायमूर्ति एन. आर. बोरकर की अवकाश पीठ ने कहा कि अगर निजी अस्पताल को हनी बाबू को एक जून से पहले छुट्टी देनी है तो उसे अदालत को सूचित करना होगा और उसकी अनुमति लेनी होगी।
भाषा
27 May 2021
प्रोफेसर हनी बाबू

मुंबई : बंबई उच्च न्यायालय ने बृहस्पतिवार को ब्रीच कैंडी अस्पताल से कहा कि वह ऐल्गार परिषद माओवादी संबंध मामले में गिरफ्तार दिल्ली विश्वविद्यालय के एसोसिएट प्रोफेसर हनी बाबू को एक जून तक छुट्टी ना दे और उनके स्वास्थ्य तथा उनके इलाज पर मेडिकल रिपोर्ट सौंपे।

न्यायमूर्ति एस. एस. शिंदे और न्यायमूर्ति एन. आर. बोरकर की अवकाश पीठ ने कहा कि अगर निजी अस्पताल को हनी बाबू को एक जून से पहले छुट्टी देनी है तो उसे अदालत को सूचित करना होगा और उसकी अनुमति लेनी होगी।

बाबू के इस महीने की शुरुआत में कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि होने के बाद उन्हें नवी मुंबई स्थित तालोजा जेल से लाकर सरकारी जे जे अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बाद में उन्हें मुंबई के जीटी अस्पताल ले जाया गया।

उनकी पत्नी जेनी रोवेना ने बाबू के अंतरिम जमानत और चिकित्सकीय सहायता के लिए उच्च न्यायालय में अर्जी दी हैं

हनी बाबू के अधिवक्ता युग चौधरी ने दलील दिया कि बाबू की आंखों में गंभीर संक्रमण हो गया है और उनके बांये आंख की रोशनी जाने का भी खतरा है।

अदालत ने 19 मई को बाबू को अपने खर्च पर दक्षिण मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में इलाज कराने की अनुमति दे दी।

चौधरी ने बृहस्पतिवार को इस याचिका पर तुरंत सुनवाई का अनुरोध करते हुए कहा कि बाबू को अभी अस्पताल से छुट्टी देकर जेल नहीं भेजा जाना चाहिए।

चौधरी ने कहा, ‘‘जेल अधिकारियों ने तीन से 12 मई तक आंखों में संक्रमण संबंधी उनकी शिकायत पर कोई ध्यान नहीं दिया। फिलहाल उनका इलाज ब्रीच कैंडी अस्पताल में चल रहा है। हमारा एकमात्र अनुरोध है कि उन्हें इस आधार पर अस्पताल से छुट्टी देकर जेल नहीं भेजा जाना चाहिए कि उन्हें महत्वपूर्ण/गंभीर इलाज की जरुरत नहीं है।’’

अदालत ने जब पूछा कि क्या बाबू की आंखों का संक्रमण नयी बीमारी ब्लैक फंगस है, चौधरी ने कहा कि अस्पताल ले इसकी जांच की है लेकिन अभी पता नहीं है कि यह फंगल संक्रमण है या बैक्टीरीयल संक्रमण।

पीठ ने कहा कि अस्पताल को बाबू के स्वास्थ्य पर और उनका क्या इलाज किया गया है, इसपर एक रिपोर्ट अदालत को सौंपनी चाहिए।

न्यायमूर्ति शिंदे ने कहा, ‘‘म्यूकरमाइकोसिस एक गंभीर संक्रमण है जो व्यक्ति के जीवन को प्रभावित करता है। यह बहुत खतरनाक है। हमें यह जानने की जरुरत है कि उनका उचित इलाज हो रहा है या नहीं।’’

पीठ ने यह भी कहा कि पोस्ट-कोविड समस्या ब्लैक फंगस के इलाज के लिए बीएमसी और सरकारी अस्पतालों में इंजेक्यान उपलब्ध हैं।

पीठ अब इस मामले की एक जून को सुनवाई करेगी। एनआईए ने 31 दिसंबर, 2017 को पुणे में आयोजित एलगार परिषद की बैठक में कथित रूप से भड़काने वाले भाषणों के सिलिसले में जुलाई 2020 को हनी बाबू को गिरफ्तार किया था। परिषद की इस बैठक के अगले दिन जिले में कोरेगांव-भीमा युद्ध स्मारक के निकट हिंसा भड़क गयी थी।

professor honey babu
elagar parishad
Bhima Koregaon Case
Bombay High Court

Related Stories

"पॉक्सो मामले में सबसे ज़रूरी यौन अपराध की मंशा, न कि ‘स्किन टू स्किन’ टच!"

मैंने बम नहीं बाँटा था : वरवरा राव

क्रूज ड्रग्स पार्टी केस: बंबई उच्च न्यायालय ने आर्यन खान को दी जमानत

एल्गार परिषद मामला : कोर्ट ने कहा वरवरा राव को 18 नवंबर तक सरेंडर करने की ज़रूरत नहीं

'नये भारत' को नफ़रती भीड़तंत्र क्यों बना रहे हैं, मोदी जी!

बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश के बाद अब क्या करेंगे राज्यपाल कोश्यारी?

भीमा कोरेगांव मामलें में आरोपी रोना विल्सन के पिता की मौत

आज भी न्याय में देरी का मतलब न्याय न मिलना ही है

एल्गार परिषद मामले में पुणे के न्यायाधीश का क्षेत्राधिकार होने के कागजात पेश करिए :उच्च न्यायालय

बात बोलेगी: संस्थागत हत्या है फादर स्टेन स्वामी की मौत


बाकी खबरें

  • भाषा
    ओमीक्रॉन वंचित इलाकों को हर तरह से करेगा प्रभावित
    22 Dec 2021
    वंचित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों ने बीमारी के स्वास्थ्य और वित्तीय बोझ को असमान रूप से महसूस किया है।
  • abhisar
    न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
    अखिलेश के "लाल रंग" से क्यों घबरा रही है बीजेपी?
    22 Dec 2021
    वरिष्ठ पत्रकार अभिसार शर्मा आज अपने कार्यक्रम में चर्चा कर रहे हैं उत्तर प्रदेश में होने वाले चुनाव की। अखिलेश यादव क्या योगी आदित्यनाथ पर भारी पड़ रहे हैं और बीजेपी से नाराज़ लोग क्या समाजवादी…
  • Urban
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    अर्बन कंपनी से जुड़ी महिला कर्मचारियों ने किया अपना धरना ख़त्म, कर्मचारियों ने कहा- संघर्ष रहेगा जारी!
    22 Dec 2021
    अर्बन कंपनी(Urban Company) से जुड़ी महिला कर्मचारियों ने तीन दिन के अपने धरने के बाद बुधवार को कंपनी गेट से अपना धरना उठा लिया है। हालाँकि उन्होंने स्पष्ट किया क
  • झारखंडः मॉब लिंचिंग बिल विधानसभा में पास, तीन साल से लेकर उम्र क़ैद का प्रावधान
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    झारखंडः मॉब लिंचिंग बिल विधानसभा में पास, तीन साल से लेकर उम्र क़ैद का प्रावधान
    22 Dec 2021
    2019 के विधानसभा चुनावों में सत्तासीन जेएमएम-आरजेडी-कांग्रेस गठबंधन ने मॉब लिंचिंग क़ानून बनाने का वादा किया था। झारखंड में साल 2014 से एक के बाद एक मॉब लिंचिंग की कई बड़ी घटनाएं हुई हैं।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    तय समय से एक दिन पहले ही समाप्त हुआ संसद का शीतकालीन सत्र
    22 Dec 2021
    शीत सत्र के दौरान भी दोनों सदनों में सरकार की मनमानी और विपक्ष का विरोध लगातार देखने को मिला। सरकार ने जहां तीन कृषि क़ानून बिना चर्चा के ही वापस ले लिए वहीं कई और अहम विधेयक बिना चर्चा के ही पास कर…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License