NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
हैती के लोगों ने राष्ट्रपति जोवेनेले मोइसे के ख़िलाफ़ संघर्ष तेज किया
हैती के नागरिक और विपक्ष मोइसे से इस्तीफ़े की मांग कर रहे हैं जो 2022 तक अपना कार्यकाल बढ़ाना चाहते हैं। उनका मौजूदा कार्यकाल 7 फ़रवरी को समाप्त हो रहा है।
पीपल्स डिस्पैच
01 Feb 2021
हैती

राष्ट्रपति जोवेनेले मोइसे के खिलाफ हैती में फिर से विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है। विभिन्न सामाजिक संगठनों और विपक्षी पार्टियों के सदस्य, हजारों नागरिक, छात्र, कार्यकर्ता इस साल सितंबर में राष्ट्रपति और विधायी चुनाव कराने और अप्रैल में वर्तमान संविधान को बदलने के लिए एक जनमत संग्रह को लेकर मोइसे के फैसले को खारिज करने के लिए 10 जनवरी से देश भर में इकट्ठा होते रहे हैं।

हैती के नागरिकों और विपक्ष ने 2022 तक अपने कार्यकाल का विस्तार करने के प्रयास के मोइसे के निर्णय की निंदा की जो संविधान के अनुसार 7 फरवरी 2021 को समाप्त हो रहा है। विपक्ष ने भी जनमत संग्रह को "अमान्य" और "असंवैधानिक" माना क्योंकि 1987 का संविधान पॉपुलर कंसल्टेशन के माध्यम से संशोधन को रोकता है। नागरिकों के साथ-साथ विपक्ष भी मांग कर रहा है कि मोइसे सात फरवरी को पद छोड़ें और तीन साल की अवधि के लिए तुरंत एक संक्रमणकालीन सरकार की स्थापना की जाए जो बाद में आम चुनाव कराए।

कई राष्ट्रीय सामाजिक संगठनों और विपक्षी दलों ने लोगों से तानाशाही सरकार के खिलाफ संगठित होने का आह्वान किया है और 7 फरवरी तक पूरे राष्ट्रीय क्षेत्र में अपने विरोध प्रदर्शन को तेज करे। नेशनल यूनियन ऑफ हैतियन वर्कर्स, यूनाइटेड मूवमेंट ऑफ हैतियन वर्कर्स (एमयूटीएच), लॉयर्स कलेक्टिव फॉर द डिफेंस ऑफ ह्यूमन राइट्स और एंटी करप्शन यूनियन ब्रिगेड (बीएसएसी) जैसे ट्रेड यूनियनों ने राष्ट्रपति से संविधान का सम्मान करने और नेशनल पैलेस को छोड़ने की मांग करते हुए फरवरी 1 और 2 यानी आज और कल आम हड़ताल का आह्वान किया है।

दूसरी ओर 25 जनवरी से मोइसे ने राजधानी पोर्ट-औ-प्रिंस और अन्य महत्वपूर्ण शहरों में लोगों के विद्रोह को कुचलने के लिए सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी है।

Jovenel Moïse
Haiti
National Union of Haitian Workers
United Movement of Haitian Workers

Related Stories

राष्ट्रपति की हत्या मामले में पीएम पर संदेह के चलते हैती में सियासी घमासान तेज़

हैती की राजनीतिक शक्तियों ने संक्रमणकालीन सरकार पर समझौता किया

पड़ताल दुनिया की- हत्या और शोषण के बीच फंसा हैती

हैती के डी-फैक्टो प्रेसिडेंट जोवेनेल मोइसे की हत्या

जोवेनेल मोइसे ने ट्रांजिशनल सरकार बनाने की मांग को खारिज किया

हैती के लोग अपने संविधान की रक्षा के लिए लामबंद हुए, दुनिया भर के संगठनों ने एकजुटता दिखाई

जेवेनेल मोइसे की तानाशाही के ख़िलाफ़ हैती के लोग फिर हुए लामबंद

तानाशाही और साम्राज्यवाद के ख़िलाफ़ हैती में विरोध प्रदर्शन जारी

जोवेनेेेल मोइसे की तानाशाही के ख़िलाफ़ हैती के लोगों का विरोध जारी

हैतीः राष्ट्रपति जोवेनेल के ख़िलाफ़ राष्ट्रव्यापी आंदोलन के लिए विपक्ष का आह्वान


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बिहार : गेहूं की धीमी सरकारी ख़रीद से किसान परेशान, कम क़ीमत में बिचौलियों को बेचने पर मजबूर
    30 Apr 2022
    मुज़फ़्फ़रपुर में सरकारी केंद्रों पर गेहूं ख़रीद शुरू हुए दस दिन होने को हैं लेकिन अब तक सिर्फ़ चार किसानों से ही उपज की ख़रीद हुई है। ऐसे में बिचौलिये किसानों की मजबूरी का फ़ायदा उठा रहे है।
  • श्रुति एमडी
    तमिलनाडु: ग्राम सभाओं को अब साल में 6 बार करनी होंगी बैठकें, कार्यकर्ताओं ने की जागरूकता की मांग 
    30 Apr 2022
    प्रदेश के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने 22 अप्रैल 2022 को विधानसभा में घोषणा की कि ग्रामसभाओं की बैठक गणतंत्र दिवस, श्रम दिवस, स्वतंत्रता दिवस और गांधी जयंती के अलावा, विश्व जल दिवस और स्थानीय शासन…
  • समीना खान
    लखनऊ: महंगाई और बेरोज़गारी से ईद का रंग फीका, बाज़ार में भीड़ लेकिन ख़रीदारी कम
    30 Apr 2022
    बेरोज़गारी से लोगों की आर्थिक स्थिति काफी कमज़ोर हुई है। ऐसे में ज़्यादातर लोग चाहते हैं कि ईद के मौक़े से कम से कम वे अपने बच्चों को कम कीमत का ही सही नया कपड़ा दिला सकें और खाने पीने की चीज़ ख़रीद…
  • अजय कुमार
    पाम ऑयल पर प्रतिबंध की वजह से महंगाई का बवंडर आने वाला है
    30 Apr 2022
    पाम ऑयल की क़ीमतें आसमान छू रही हैं। मार्च 2021 में ब्रांडेड पाम ऑयल की क़ीमत 14 हजार इंडोनेशियन रुपये प्रति लीटर पाम ऑयल से क़ीमतें बढ़कर मार्च 2022 में 22 हजार रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गईं।
  • रौनक छाबड़ा
    LIC के कर्मचारी 4 मई को एलआईसी-आईपीओ के ख़िलाफ़ करेंगे विरोध प्रदर्शन, बंद रखेंगे 2 घंटे काम
    30 Apr 2022
    कर्मचारियों के संगठन ने एलआईसी के मूल्य को कम करने पर भी चिंता ज़ाहिर की। उनके मुताबिक़ यह एलआईसी के पॉलिसी धारकों और देश के नागरिकों के भरोसे का गंभीर उल्लंघन है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License