NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
नेपाल में सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी की बैठक सोमवार तक टली, ओली के भविष्य पर होना था फ़ैसला
प्रधानमंत्री ओली के प्रेस सलाहकार सूर्य थापा ने बताया कि लंबित मुद्दों पर सहमति बनाने के लिए नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (एनसीपी) के शीर्ष नेताओं को और वक्त की जरूरत है।
भाषा
04 Jul 2020
Oli

काठमांडू : नेपाल की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी की स्थायी समिति की वह बैठक सोमवार तक टल गई है जिसमें प्रधानमंत्री के.पी. शर्मा ओली के भविष्य पर फैसला होना था। ओली की कार्यशैली तथा उनके भारत-विरोधी बयानों को लेकर पार्टी के शीर्ष नेताओं के बीच मतभेदों को दूर करने पर काम करने के लिए और समय लिया गया है।

पार्टी की 45 सदस्यीय स्थायी समिति की अहम बैठक शनिवार को स्थानीय समयानुसार सुबह 11 बजे होने वाली थी लेकिन अंतिम समय में इसे स्थगित कर दिया गया।

प्रधानमंत्री के प्रेस सलाहकार सूर्य थापा ने बताया कि लंबित मुद्दों पर सहमति बनाने के लिए नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (एनसीपी) के शीर्ष नेताओं को और वक्त की जरूरत है, इसलिए बैठक सोमवार तक के लिए स्थगित की गई है।

पार्टी नेता प्रचंड के प्रेस सलाहकार बिष्णु सपकोता ने अलग से कहा, ‘‘स्थायी समिति की बैठक सोमवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गयी है क्योंकि दोनों अध्यक्षों को और बातचीत के लिए समय चाहिए।’’

यह बैठक आज बालूवतार में प्रधानमंत्री के सरकारी आवास पर होनी थी जिसमें पार्टी के अंदर जारी संकट को टालने का रास्ता तलाशने पर विचार होना था।

इससे पहले स्थायी समिति की बैठक बृहस्पतिवार को होनी थी लेकिन उसे भी टाल दिया गया था।

पार्टी के संकट को हल करने के लिए शुक्रवार को प्रधानमंत्री ओली तथा एनसीपी के कार्यकारी अध्यक्ष प्रचंड के बीच तीन घंटे तक चली अनौपचारिक बातचीत का भी कोई नतीजा नहीं निकला।

पार्टी के वरिष्ठ नेता गणेश शाह ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा कि शुक्रवार की अनौपचारिक मुलाकात में दोनों नेताओं ने पूरे हालात की समीक्षा की। उन्होंने स्थायी समिति की आगामी बैठक में बातचीत के लिए एजेंडे पर भी चर्चा की।

काठमांडू पोस्ट की खबर के अनुसार शुक्रवार की बैठक में प्रचंड ने अपना रुख दोहराया कि ओली को पद छोड़ देना चाहिए लेकिन प्रधानमंत्री ने इनकार करते हुए कहा कि वह अपने इस्तीफे को छोड़कर अन्य किसी भी मुद्दे पर बातचीत के लिए तैयार हैं।

स्थायी समिति के सदस्य रघुजी पंत के मुताबिक ओली ने प्रचंड से कहा, ‘‘मैं दोनों ही पदों से इस्तीफा नहीं दूंगा। आपको जो करना है वो करो।’’

पार्टी सूत्रों के मुताबिक शनिवार सुबह ओली और प्रचंड ने मतभेद दूर करने के लिए मुलाकात की।

राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक अगर ओली असंतुष्ट खेमे के साथ समझौता नहीं करेंगे तो सत्तारूढ़ दल में दो फाड़ हो जाएगा।

पार्टी में ओली अलग-थलग पड़ गए हैं क्योंकि अधिकतर वरिष्ठ नेता प्रचंड के साथ हैं। 45 सदस्यीय स्थायी समिति के भी केवल 15 सदस्य ओली के साथ हैं।

एनसीपी के शीर्ष नेताओं ने ओली के भारत विरोधी बयान के चलते उनका इस्तीफा मांगा है। उनका कहना है कि भारत विरोधी टिप्पणियां ‘‘न तो राजनीतिक रूप से सही हैं और न ही कूटनीतिक लिहाज से उचित हैं।’’

KP Sharma Oli
Nepal
Communist Party Of Nepal

Related Stories

कार्टून क्लिक: चीन हां जी….चीन ना जी

नेपाल की अर्थव्यवस्था पर बिजली कटौती की मार

नेपाल ने अमेरिका के MCC अनुदान समझौते को विरोध प्रदर्शनों के बीच दी मान्यता, अब आगे क्या?

नेपाल: राष्ट्रपति विद्या देवी ने कहा- उच्चतम न्यायालय नहीं पलट सकता उनका फ़ैसला

नेपाल में झारखंड के 26 मजदूर कोरोना जैसी बीमारी से ग्रस्त, वापस लाने के लिए बस की व्यवस्था की गई

अध्ययन के मुताबिक महामारी के दौरान बलात्कार के मामलों में बढ़ोत्तरी संभव

पड़ोसी देशों में चीन की बढ़ती उपस्थिति पर विदेश मंत्रालय का रवैया अदूरदर्शी : समिति

चीन का ‘स्वास्थ्य रेशम मार्ग’ दक्षिण एशिया में दिखायी पड़ने लगा है

भारत-नेपाल संबंध: पहले साझा थी महाकाली नदी, अब सरहद बन गई

बिगड़ते भारत-नेपाल संबंधों की कीमत चुका रहीं बिहार की नदियां और बेटियां


बाकी खबरें

  • Governor
    अनिल जैन
    विचार-विश्लेषण: विपक्ष शासित राज्यों में समानांतर सरकार चला रहे हैं राज्यपाल
    22 Dec 2021
    संविधान निर्माताओं ने संविधान में जब राज्यपाल पद का प्रावधान किया था तो इसके पीछे उनका मकसद केंद्र और राज्य के बीच बेहतर तालमेल बनाना और देश के संघीय ढांचे को मजबूत करना था...मगर अफ़सोस ऐसा हो न सका…
  • aadhar
    अजय कुमार
    वोटर आईडी और आधार लिंकिंग : वोट कब्ज़ाने का नया हथियार!
    22 Dec 2021
    मोटे तौर पर कहें तो चुनाव संशोधन कानून 2021 पर भारत की विपक्षी पार्टियों का यही विरोध है कि जब वोटर आईडी को आधार कार्ड से लिंक कर दिया जाएगा तो ढेर सारी सूचनाओं की मालिक सरकार हो जाएगी। सरकार उन…
  • मौरिज़ियो कोपोला
    "क्यूबा की सोबराना वैक्सीन कोई चमत्कार नहीं, बल्कि राजनीतिक निर्णयों का नतीजा है"
    22 Dec 2021
    15 से 25 नवंबर तक, 35 इटेलियन स्वयंसेवकों ने क्यूबा के हवाना में सोबराना वैक्सीन पर एक नैदानिक परीक्षण में भाग लिया। कैरेबियाई द्वीप दुनिया भर में एकमात्र कम आय वाला देश है, जिसने अपनी सार्वजनिक और…
  • biden
    एम. के. भद्रकुमार
    दुनिया को गौर करना चाहिए कि बाइडेन की प्रेसीडेंसी ढलान पर है
    22 Dec 2021
    वेस्ट वर्जीनिया के डेमोक्रेटिक सीनेटर जो मैनचिन के 2.2 ट्रिलियन डॉलर पैकेज के विधेयक की विनाशकारी आलोचना इस ओर इशारा करती है कि विश्व की महाशक्ति अपनी ताक़त से कहीं अधिक ऊपर उड़ाने की कोशिश कर रही है।
  • college
    दित्सा भट्टाचार्य
    केन्द्रीय विश्वविद्यालयों में तकरीबन 33% शिक्षण पद खाली 
    22 Dec 2021
    संसद में कनिष्ठ मानव संसाधन मंत्री के अनुसार केन्द्रीय विश्वविद्यालयों के लिए स्वीकृत 18,905 संकाय पदों में से 1 अक्टूबर 2021 तक 6,333 पद रिक्त पड़े हुए थे।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License