NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
लखीमपुर घटना में मारे गए किसान के बेटे ने टेनी के ख़िलाफ़ लोकसभा चुनाव लड़ने का इरादा जताया
जगदीप सिंह ने दावा किया कि समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस ने उन्हें लखीमपुर खीरी की धौरहरा विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने की पेशकश की थी, लेकिन उन्होंने यह कहते हुए मना कर दिया कि वे 2024 के लोकसभा चुनाव में सीधे तौर पर टेनी से टक्कर लेना चाहेंगे। 
भाषा
05 Feb 2022
ajay mishra teni

लखीमपुर खीरी जिले के तिकोनिया गांव में पिछले साल तीन अक्टूबर को जीप के नीचे कुचलकर मारे गए किसान नछत्तर सिंह के बेटे ने क्षेत्र से सांसद और केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ‘टेनी’ के खिलाफ 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान खड़े होने का इरादा जताया है।

पिछले साल तीन अक्टूबर को तिकोनिया गांव में किसानों के विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा में नछत्तर सिंह समेत चार किसानों की मौत हो गई थी। इस घटना में एक पत्रकार सहित चार अन्य लोग भी मारे गए थे। इस मामले में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ‘टेनी’ के बेटे आशीष को मुख्य अभियुक्त के तौर पर गिरफ्तार किया गया है।

लखीमपुर के धौरहरा इलाके के नामदार पुरवा गांव के रहने वाले नछत्तर सिंह के बेटे जगदीप सिंह ने 'पीटीआई-भाषा' से बातचीत में दावा किया कि समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस ने उन्हें लखीमपुर खीरी की धौरहरा विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने की पेशकश की थी, लेकिन उन्होंने यह कहते हुए मना कर दिया कि वह 2024 के लोकसभा चुनाव में सीधे तौर पर टेनी से टक्कर लेना चाहेंगे।

उन्होंने कहा, ‘‘सपा और कांग्रेस ने बहुत जोर लगाया कि मैं धौरहरा सीट से उनकी पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ूं, लेकिन मैंने उनसे कह दिया कि मैं छोटी लड़ाई नहीं लड़ूंगा। मुझे 2024 में लोकसभा चुनाव का टिकट दीजिए। मैं सीधे टेनी से लड़ूंगा। लड़ाई लड़ेंगे तो कायदे से ही लड़ेंगे।’’

नछत्तर सिंह के दो बेटों में से बड़े पुत्र 31 वर्षीय जगदीप ने बताया कि उनके परिवार में किसी की भी राजनीतिक पृष्ठभूमि नहीं है। उन्होंने कहा, ‘‘मैं सपा, बहुजन समाज पार्टी (बसपा) और कांग्रेस समेत किसी का भी समर्थक नहीं हूं। फिलहाल, हम चुनाव में किसान नेता तेजिंदर सिंह विर्क के साथ खड़े हैं। हमारी लड़ाई भी वही लड़ रहे हैं। वह जहां भी होंगे, हम उनके साथ खड़े होंगे।’’

जगदीप ने विपक्षी दलों को धन्यवाद देते हुए कहा कि अगर विपक्ष नहीं होता तो तिकोनिया की वारदात को एक दुर्घटना मात्र दिखा दिया जाता। उन्होंने कहा कि विपक्ष न खड़ा हुआ होता और किसान यूनियन का दबाव नहीं होता तो इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं होती।

उन्होंने कहा, ‘‘टेनी को केंद्रीय गृह राज्य मंत्री के पद से नहीं हटाया जाना बहुत बड़ा चुनावी मुद्दा है। सरकार ब्राह्मण मतदाताओं की नाराजगी मोल नहीं लेना चाहती और इसी लिए टेनी को नहीं हटा रही है। अब तो जनता ही इसका हिसाब-किताब करेगी, क्योंकि सरकार ने तो सुनना बंद कर दिया है। टेनी जब तक गृह राज्य मंत्री के पद पर रहेंगे, तब तक हमारे साथ न्याय नहीं हो सकता।’’

तिकोनिया की घटना विधानसभा चुनाव के लिहाज से कितना बड़ा मुद्दा है, इस बारे में पूछे जाने पर जगदीप ने कहा, ‘‘यह तो समय ही बताएगा, लेकिन इतना तय है कि अगर लोग चुनाव में इस घटना के खिलाफ एकजुट होकर खड़े नहीं हुए तो किसानों को जीप तले कुचलने की मानसिकता रखने वालों की हिम्मत और बढ़ेगी।’’

गौरतलब है कि पिछले साल तीन अक्टूबर को केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ‘टेनी’ के एक बयान से नाराज किसान टेनी के गांव में एक कार्यक्रम में शिरकत करने जा रहे उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के दौरे का विरोध कर रहे थे, उसी दौरान तिकोनिया गांव में हुई हिंसा में चार सिख किसानों समेत आठ लोगों की मौत हुई थी। मृतक किसानों में जिले के धौरहरा के नछत्तर सिंह और पलिया निवासी लवप्रीत सिंह भी शामिल थे। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें एक तेज रफ्तार जीप को किसानों को रौंदते हुए देखा गया था।

इस मामले में टेनी के बेटे आशीष को मुख्य अभियुक्त के तौर पर गिरफ्तार किया गया है। घटना को लेकर खास तौर पर सिख समुदाय में खासी नाराजगी है।

Lakhimpur Kheri
Lakhimpur massacre
Ajay Mishra Teni

Related Stories

लखीमपुर खीरी हत्याकांड: आशीष मिश्रा के साथियों की ज़मानत ख़ारिज, मंत्री टेनी के आचरण पर कोर्ट की तीखी टिप्पणी

प्रभात हत्याकांड: बढ़ सकती हैं अजय मिश्र टेनी की मुश्किलें

लखीमपुर खीरी हिंसा के आरोपी के आत्मसमर्पण पर पीड़ित परिवार ने खुशी जताई

लखीमपुर मामला : आशीष मिश्रा को ज़मानत देने के इलाहाबाद हाईकोर्ट के फ़ैसले को उच्चतम न्यायालय ने किया खारिज

लखीमपुर खीरी कांड में एक और अहम गवाह पर हमले की खबर  

लखीमपुर खीरी कांड: मंत्री पुत्र आशीष की ज़मानत को चुनौती देने वाली याचिका पर हुई सुनवाई, अदालत ने फैसला सुरक्षित रखा

लखीमपुर हिंसा:आशीष मिश्रा की जमानत रद्द करने के लिए एसआईटी की रिपोर्ट पर न्यायालय ने उप्र सरकार से मांगा जवाब

क्यों है 28-29 मार्च को पूरे देश में हड़ताल?

28-29 मार्च को आम हड़ताल क्यों करने जा रहा है पूरा भारत ?

यूपी चुनाव चौथा चरण: लखीमपुर हिंसा और गोवंश से फ़सलों की तबाही जैसे मुद्दे प्रमुख


बाकी खबरें

  • मालिनी सुब्रमण्यम
    छत्तीसगढ़ : युद्धग्रस्त यूक्रेन से लौटे मेडिकल छात्रों ने अपने दु:खद अनुभव को याद किया
    09 Mar 2022
    कई दिनों की शारीरिक और मानसिक पीड़ा झेलने के बाद, अंततः छात्र अपने घर लौटने कामयाब रहे।
  • EVM
    श्याम मीरा सिंह
    मतगणना से पहले अखिलेश यादव का बड़ा आरोप- 'बनारस में ट्रक में पकड़ीं गईं EVM, मुख्य सचिव जिलाधिकारियों को कर रहे फोन'
    08 Mar 2022
    पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने चुनाव परिणामों में गड़बड़ी की आशंकाओं के बीच अपनी पार्टी और गठबंधन के कार्यकर्ताओं को चेताया है कि वे एक-एक विधानसभा पर नज़र रखें..
  • bharat ek mauj
    न्यूज़क्लिक टीम
    मालिक महान है बस चमचों से परेशान है
    08 Mar 2022
    भारत एक मौज के इस एपिसोड में संजय राजौरा आज बात कर रहे हैं Ukraine और Russia के बीच चल रहे युद्ध के बारे में, के जहाँ एक तरफ स्टूडेंट्स यूक्रेन में अपनी जान बचा रहे हैं तो दूसरी तरफ सरकार से सवाल…
  •  DBC
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    दिल्ली: डीबीसी कर्मचारियों की हड़ताल 16वें दिन भी जारी, कहा- आश्वासन नहीं, निर्णय चाहिए
    08 Mar 2022
    DBC के कर्मचारी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे हुए हैं।  ये कर्मचारी 21 फरवरी से लगातार हड़ताल पर हैं। इस दौरान निगम के मेयर और आला अधिकारियो ने इनकी मांग पूरी करने का आश्वासन भी दिया। परन्तु…
  • Italy
    पीपल्स डिस्पैच
    इटली : डॉक्टरों ने स्वास्थ्य व्यवस्था के निजीकरण के ख़िलाफ़ हड़ताल की
    08 Mar 2022
    इटली के प्रमुख डॉक्टरों ने 1-2 मार्च को 48 घंटे की हड़ताल की थी, जिसमें उन्होंने अपने अधिकारों की सुरक्षा की मांग की और स्वास्थ्य व्यवस्था के निजीकरण के ख़िलाफ़ चेतवनी भी दी।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License