NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका
ट्रंप ने 900 बिलियन डॉलर की प्रोत्साहन योजना पर हस्ताक्षर किया, कई सप्ताह तक लाखों लोग वंचित रहेंगे
फेडरल अनएम्प्लायमेंट बेनिफिट योजना की समाप्ति के बाद इस नई योजना पर राष्ट्रपति द्वारा हस्ताक्षर किया गया। लाखों अमेरिकी नागरिक महामारी के चलते आर्थिक संकट से प्रभावित हुए हैं।
पीपल्स डिस्पैच
28 Dec 2020
ट्रंप

क़रीब सप्ताह भर की देरी और वीटो के खतरे के अंतिम पल में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अंततः रविवार 27 दिसंबर को 900 बिलियन डॉलर के प्रोत्साहन योजना पर हस्ताक्षर कर दिया। लेकिन फेडेरल अनएम्प्लायमेंट लाभ वाली योजनाओं के समाप्त होने के एक दिन बाद ये हस्ताक्षर हुए। इन योजनाओं के समाप्त होने से लाखों अमेरिकी नागरिक मुश्किल में फंस गए हैं।

शनिवार 26 दिसंबर को दो संघीय वेतन प्रतिस्थापन योजनाएं पैंडेमिक अनएम्प्लायमेंट असिस्टेंस (पीयूए) और पैंडेमिक इमर्जेंसी अनएम्प्लायमेंट कम्पेंसेशन (पीईयूसी) समाप्त हो गई थीं। महामारी से पनपे आर्थिक संकट से निपटने के लिए मार्च महीने में इस को 1.4 ट्रिलियन सीएआरईएस एक्ट के भाग के रूप में कांग्रेस द्वारा इन योजनाओं को पेश की गई थी। लगभग 14 मिलियन अमेरिकी नागरिक जिनमें बेरोजगार, गिग इकोनॉमी वर्कर्स और निम्न आय समूह शामिल हैं वे बुनियादी आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए इन योजनाओं पर निर्भर हैं।

जबकि नए पारित बिल में मौजूदा कार्यक्रमों को बदलने के लिए इन योजनाओं को विस्तार करना शामिल है, इन योजनाओं को लागू करने में उम्मीद से अधिक समय लगेगा। रिपोर्टों के अनुसार, श्रमिकों का भुगतान शुरू करने में विस्तारित योजनाओं को आखिरी जनवरी तक का समय लगेगा। इस व्यवस्था को विभिन्न संघीय एजेंसियों के साथ सुचारू करने की आवश्यकता है। ये एजेंसी नवनिर्वाचित राष्ट्रपति जो बाइडेन के नए प्रशासन के स्थानापन्न में व्यस्त हैं। बाइडेन 20 जनवरी को पदभार ग्रहण करने वाले हैं।

पिछले हफ्ते राष्ट्रपति ट्रम्प ने COVID-19 महामारी के चलते आर्थिक संकट से प्रभावित लोगों के लिए प्रोत्साहन चेक एंड बेनिफिट्स में कमी के लिए अमेरिकी कांग्रेस को निशाना बनाया था। ट्रम्प ने विशेष रूप से "अपमान" के रूप में योजना में 600 यूएसडी के वन टाइम स्टिमूलस चेक पर हमला किया और मांग की कि इसे आश्रितों के रूप में बच्चों वाले दम्पति के लिए 2,000 अमरीकी डॉलर और इससे अधिक बढ़ाया जाए।

यह पूरी तरह से उस रुख के खिलाफ था जो ट्रम्प की रिपब्लिकन पार्टी ने कांग्रेस में दिखाया था जिसमें परिवारों और बेरोजगारों के लिए प्रोत्साहन भुगतान का विस्तार करने से इनकार किया गया था जिसके कारण महीनों तक बिल पर चर्चा करने में देरी हुई।

लंबे समय से चली आ रही बातचीत के बाद इस अंतिम राहत योजना ने व्यक्तियों और परिवारों के लिए प्रमुख प्रोत्साहन एवं सहायता योजनाओं को आधा कर दिया है। एक बार प्रोत्साहन भुगतान 1,200 अमेरिकी डॉलर से 600 डॉलर तक कम हो गया, जबकि पूरक बेरोजगारी लाभ 600 डॉलर प्रति सप्ताह से कम हो कर 300 डॉलर तक आ गया। डेमोक्रेटिक पार्टी ने इस प्रोत्साहन राशि का विस्तार करने को लेकर ट्रम्प के आह्वान का समर्थन किया और बाइडेन के पदभार ग्रहण के बाद बेहतर समझौते के लिए फिर से चर्चा करने का वादा किया है।

Donand Trump
COVID-19
Pandemic Unimplementation Assistance
America
Joe Biden

Related Stories

आर्थिक रिकवरी के वहम का शिकार है मोदी सरकार

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

महामारी के दौर में बंपर कमाई करती रहीं फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

विश्व खाद्य संकट: कारण, इसके नतीजे और समाधान

महामारी में लोग झेल रहे थे दर्द, बंपर कमाई करती रहीं- फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

कोविड मौतों पर विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट पर मोदी सरकार का रवैया चिंताजनक

महंगाई की मार मजदूरी कर पेट भरने वालों पर सबसे ज्यादा 

जनवादी साहित्य-संस्कृति सम्मेलन: वंचित तबकों की मुक्ति के लिए एक सांस्कृतिक हस्तक्षेप

कोरोना अपडेट: देश में एक हफ्ते बाद कोरोना के तीन हज़ार से कम मामले दर्ज किए गए


बाकी खबरें

  • श्याम मीरा सिंह
    यूक्रेन में फंसे बच्चों के नाम पर PM कर रहे चुनावी प्रचार, वरुण गांधी बोले- हर आपदा में ‘अवसर’ नहीं खोजना चाहिए
    28 Feb 2022
    एक तरफ़ प्रधानमंत्री चुनावी रैलियों में यूक्रेन में फंसे कुछ सौ बच्चों को रेस्क्यू करने के नाम पर वोट मांग रहे हैं। दूसरी तरफ़ यूक्रेन में अभी हज़ारों बच्चे फंसे हैं और सरकार से मदद की गुहार लगा रहे…
  • karnataka
    शुभम शर्मा
    हिजाब को गलत क्यों मानते हैं हिंदुत्व और पितृसत्ता? 
    28 Feb 2022
    यह विडम्बना ही है कि हिजाब का विरोध हिंदुत्ववादी ताकतों की ओर से होता है, जो खुद हर तरह की सामाजिक रूढ़ियों और संकीर्णता से चिपकी रहती हैं।
  • Chiraigaon
    विजय विनीत
    बनारस की जंग—चिरईगांव का रंज : चुनाव में कहां गुम हो गया किसानों-बाग़बानों की आय दोगुना करने का भाजपाई एजेंडा!
    28 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश के बनारस में चिरईगांव के बाग़बानों का जो रंज पांच दशक पहले था, वही आज भी है। सिर्फ चुनाव के समय ही इनका हाल-चाल लेने नेता आते हैं या फिर आम-अमरूद से लकदक बगीचों में फल खाने। आमदनी दोगुना…
  • pop and putin
    एम. के. भद्रकुमार
    पोप, पुतिन और संकटग्रस्त यूक्रेन
    28 Feb 2022
    भू-राजनीति को लेकर फ़्रांसिस की दिलचस्पी, रूसी विदेश नीति के प्रति उनकी सहानुभूति और पश्चिम की उनकी आलोचना को देखते हुए रूसी दूतावास का उनका यह दौरा एक ग़ैरमामूली प्रतीक बन जाता है।
  • MANIPUR
    शशि शेखर
    मुद्दा: महिला सशक्तिकरण मॉडल की पोल खोलता मणिपुर विधानसभा चुनाव
    28 Feb 2022
    मणिपुर की महिलाएं अपने परिवार के सामाजिक-आर्थिक शक्ति की धुरी रही हैं। खेती-किसानी से ले कर अन्य आर्थिक गतिविधियों तक में वे अपने परिवार के पुरुष सदस्य से कहीं आगे नज़र आती हैं, लेकिन राजनीति में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License