NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
यूएन ने शेख़ जर्राह से फ़िलिस्तीनी परिवारों के बेदख़ल करने के प्रस्ताव को अवैध बताया
यूएनआरडब्ल्यूए के प्रमुख फिलिप लजारिनी बुधवार को क़ब्ज़े वाले पूर्वी येरुशेलम में शेख़ जर्राह का दौरा कर रहे थे जहां फ़िलिस्तीनी पिछले महीने से इज़रायल के फ़ैसले का विरोध कर रहे हैं।
पीपल्स डिस्पैच
03 Jun 2021
यूएन ने शेख़ जर्राह से फ़िलिस्तीनी परिवारों के बेदख़ल करने के प्रस्ताव को अवैध बताया

यूनाइटेड नेशन रिलीफ एंड वर्क एजेंसी (यूएनआरडब्ल्यूए) के प्रमुख फिलिप लजारिनी ने बुधवार 2 जून को कहा कि पूर्वी येरुशेलम के शेख जर्राह इलाके से फिलिस्तीनी परिवारों को बेदखल करने का इज़रायल का प्रयास पूरी तरह से "अंतर्राष्ट्रीय कानून और ऑक्यूपाइंग पावर के रूप में इज़रायल के दायित्व का उल्लंघन है।"

यूएन स्पेशल रिफ्यूजी एजेंसी फॉर पैलेस्टाइन के कमिश्नर जनरल लजारिनी शेख जर्राह के दौरे पर थे। उन्होंने जोर देकर कहा कि यूएन एजेंसी फॉर पैलेस्टाइन के प्रमुख के रूप में यह उनका काम है कि वे फिलीस्तीनियों की रक्षा करें और संकट के समय उनकी सहायता करें। उन्होंने यह भी कहा कि, यूएनआरडब्ल्यूए के लिए ये फ़िलिस्तीनी शरणार्थी [शेख जर्राह इलाके में] अपनी याद में दूसरे विस्थापन का सामना कर रहे हैं”।

शेख जर्राह के निवासी इजरायली अदालत के 2 मई के फैसले का विरोध कर रहे हैं जिसमें 1 अगस्त तक उस इलाके में रहने वाले कुल 13 फिलिस्तीनी परिवारों को अपने घर खाली करने के लिए कहा गया था। अदालत ने फैसले में कहा कि ये भूमि कुछ यहूदी समूहों की है जो चाहते हैं कि इस जगह पर एक अवैध यहूदी बस्ती बनाएं।

हालांकि बड़े पैमाने पर विरोध के बाद अदालत ने इस फैसले को लागू करने में देरी की और 30 दिनों में एक अपील पर सुनवाई के लिए सहमति व्यक्त की। उधर विरोध तेज हो गया है। 10 मई को अल-अक्सा परिसर में इजरायल के हमले और उसके बाद के गाजा पर हमलों ने फिलिस्तीनियों को कब्जे वाले क्षेत्रों में और इजरायल के भीतर लामबंद कर दिया।

इन प्रदर्शनकारियों को पड़ोस के इलाके में पहुंचने से रोकने के लिए इजरायल ने बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों की तैनाती के साथ शेख जर्राह तक पहुंच को अवरुद्ध कर दिया है। इसने हाल के दिनों में इस मुद्दे को उठाने और विरोध करने वाले एक्टिविस्टों और आम फिलिस्तीनियों को गिरफ्तार करने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान शुरू किया है।

हालांकि, ज्यादातर देशों की इस बेदखली पर चिंता बढ़ने के साथ इज़रायल पर अंतर्राष्ट्रीय दबाव बढ़ रहा है। लोगों ने इजरायली अदालतों के फैसले की वैधता का मामला भी उठाया है क्योंकि इसका किसी ऑक्यूपायड क्षेत्र पर कोई अधिकार क्षेत्र नहीं है। यूएनआरडब्ल्यूए के प्रमुख ने यह भी कहा कि एजेंसी ने बार-बार इज़रायल को ये बेदखली रद्द करने को कहा है।

Palestine
Sheikh Jarrah
Israel
UN
UNRWA

Related Stories

यूक्रेन युद्ध से पैदा हुई खाद्य असुरक्षा से बढ़ रही वार्ता की ज़रूरत

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

संयुक्त राष्ट्र महासभा ने रूस को शीर्ष मानवाधिकार संस्था से निलंबित किया

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

बाइडेन ने फैलाए यूक्रेन की सीमा की ओर अपने पंख


बाकी खबरें

  • yogi
    एम.ओबैद
    सीएम योगी अपने कार्यकाल में हुई हिंसा की घटनाओं को भूल गए!
    05 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज गोरखपुर में एक बार फिर कहा कि पिछली सरकारों ने राज्य में दंगा और पलायन कराया है। लेकिन वे अपने कार्यकाल में हुए हिंसा को भूल जाते हैं।
  • Goa election
    न्यूज़क्लिक टीम
    गोवा चुनाव: राज्य में क्या है खनन का मुद्दा और ये क्यों महत्वपूर्ण है?
    05 Feb 2022
    गोवा में खनन एक प्रमुख मुद्दा है। सभी पार्टियां कह रही हैं कि अगर वो सत्ता में आती हैं तो माइनिंग शुरु कराएंगे। लेकिन कैसे कराएंगे, इसका ब्लू प्रिंट किसी के पास नहीं है। क्योंकि, खनन सुप्रीम कोर्ट के…
  • ajay mishra teni
    भाषा
    लखीमपुर घटना में मारे गए किसान के बेटे ने टेनी के ख़िलाफ़ लोकसभा चुनाव लड़ने का इरादा जताया
    05 Feb 2022
    जगदीप सिंह ने दावा किया कि समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस ने उन्हें लखीमपुर खीरी की धौरहरा विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने की पेशकश की थी, लेकिन उन्होंने यह कहते हुए मना कर दिया कि वे 2024 के लोकसभा…
  • up elections
    भाषा
    उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव पहला चरण: 15 निरक्षर, 125 उम्मीदवार आठवीं तक पढ़े
    05 Feb 2022
    239 उम्मीदवारों (39 प्रतिशत) ने अपनी शैक्षणिक योग्यता कक्षा पांच और 12वीं के बीच घोषित की है, जबकि 304 उम्मीदवारों (49 प्रतिशत) ने स्नातक या उससे ऊपर की शैक्षणिक योग्यता घोषित की है।
  • election
    न्यूज़क्लिक टीम
    "चुनाव से पहले की अंदरूनी लड़ाई से कांग्रेस को नुकसान" - राजनीतिक विशेषज्ञ जगरूप सिंह
    05 Feb 2022
    पंजाब में चुनाव से पहले मुख्यमंत्री पद के दावेदार की घोषणा करना राहुल गाँधी का गलत राजनीतिक निर्णय था। न्यूज़क्लिक के साथ एक खास बातचीत में राजनीतिक विशेषज्ञ जगरूप सिंह ने कहा कि अब तक जो मुकाबला…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License