NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
वास्तव में क्या कहा था हर्ष मंदर ने, कोर्ट क्यों है नाराज़? जानिए पूरा माजरा
सुप्रीम कोर्ट में जिस भाषण की क्लिप सुनाई गई, वह पूरा भाषण सुनने पर साफ़ हो जाता है कि हर्ष मंदर ने वास्तव में क्या कहा था।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
05 Mar 2020
 हर्ष मंदर

दिल्ली : उच्चतम न्यायालय ने हाल ही में हुई दिल्ली हिंसा के एक पीड़ित को उस मामले में हस्तक्षेप करने की अनुमति देने से बृहस्पतिवार को इनकार कर दिया, जिसमें केंद्र ने सीएए विरोधी प्रदर्शनों के दौरान कार्यकर्ता हर्ष मंदर के कथित घृणा भाषणों के मुद्दे को उठाया है।

समाचार एजेंसी भाषा के अनुसार वरिष्ठ अधिवक्ता कोलिन गोंजाल्विस ने प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबडे की अध्यक्षता वाली पीठ के समक्ष मामले का उल्लेख किया और कहा कि दंगा पीड़ित हर्ष मंदर के मामले में हस्तक्षेप करना चाहता है जिस पर शुक्रवार को सुनवाई होनी है।

प्रधान न्यायाधीश ने वकील से कहा, ‘‘हम आपको हस्तक्षेप करने नहीं देंगे।’’

गोंजाल्विस ने कहा कि दंगा पीड़ित ने मंदर की कथित घृणा भाषण की वीडियो देखी थी और इसे रिकॉर्ड में रखना चाहते हैं।

सीजेआई ने कहा, ‘‘हमने सॉलिसिटर जनरल से इसे रिकॉर्ड में रखने के लिए कहा था। हमें इस सुनवाई में आपकी जरूरत नहीं है।’’

जब गोंजाल्विस ने कहा कि वह दिल्ली हिंसा मामले में मंदर की ओर से उच्च न्यायालय में पेश हुए थे तो इस पर पीठ ने कहा, ‘‘आप उनकी यहां भी पैरवी कर सकते हैं।’’

दिल्ली पुलिस ने बुधवार को उच्चतम न्यायालय में मंदर के खिलाफ एक हलफनामा दाखिल किया था और उच्चतम न्यायालय तथा उसके न्यायाधीशों के खिलाफ कटाक्ष करने वाली कथित ‘‘अपमानजनक टिप्पणियों’’ के लिए उनके खिलाफ अवमानना की कार्यवाही शुरू करने का अनुरोध किया था।

केंद्र ने उच्चतम न्यायालय में आरोप लगाया था कि कथित घृणा भाषणों के लिए कुछ भाजपा नेताओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का अनुरोध कर रहे मंदर ने खुद शीर्ष न्यायालय, सरकार और संसद के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां की थी। इसके बाद दिल्ली पुलिस ने हलफनामा दाखिल किया।

उच्चतम न्यायालय ने केंद्र के आरोपों को गंभीरता से लिया और न सिर्फ मंदर के कथित नफरत भरे भाषण के मुद्दे का निपटारा होने तक उनकी वकील करूणा नंदी को सुनने से इनकार कर दिया, बल्कि मंदर की याचिका अपने पास ही रखी। मंदर ने भी हिंसा के सिलसिले में न्यायालय के समक्ष एक अलग याचिका दायर की थी।

सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने पिछले साल 16 दिसंबर को जामिया मिल्लिया इस्लामिया और सीएए विरोधी प्रदर्शनों के दौरान मंदर द्वारा दिए गए कुछ कथित घृणा भाषणों का उल्लेख किया था।

लेकिन उनके कथित घृणा भाषण की हक़ीक़त क्या है। यह खुद हर्ष मंदर की संस्था कारवां-ए-मुहब्बत के यू-ट्यूब चैनल पर जाकर देखा-सुना जा सकता है। वे अपने हर भाषण, हर बयान में नफ़रत को हराने और मोहब्बत को जिताने की बात करते हैं। वे संविधान के आधार पर समानता का समाज बनाने की पैरवी करते हैं। वे उस भारत को बनाने के प्रयास में शामिल होना चाहते हैं जिसका सपना शहीदों ने देखा था।

कोर्ट में जिस भाषण की क्लिप सुनाई गई, वह पूरा भाषण सुनने पर साफ़ हो जाता है कि हर्ष मंदर ने वास्तव में क्या कहा था। आप भी सुनिए- 

harsh mander
Supreme Court
Delhi Violence
CAA

Related Stories

ज्ञानवापी मस्जिद के ख़िलाफ़ दाख़िल सभी याचिकाएं एक दूसरे की कॉपी-पेस्ट!

आर्य समाज द्वारा जारी विवाह प्रमाणपत्र क़ानूनी मान्य नहीं: सुप्रीम कोर्ट

समलैंगिक साथ रहने के लिए 'आज़ाद’, केरल हाई कोर्ट का फैसला एक मिसाल

मायके और ससुराल दोनों घरों में महिलाओं को रहने का पूरा अधिकार

जब "आतंक" पर क्लीनचिट, तो उमर खालिद जेल में क्यों ?

विचार: सांप्रदायिकता से संघर्ष को स्थगित रखना घातक

सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक आदेश : सेक्स वर्कर्स भी सम्मान की हकदार, सेक्स वर्क भी एक पेशा

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

मलियाना कांडः 72 मौतें, क्रूर व्यवस्था से न्याय की आस हारते 35 साल

क्या ज्ञानवापी के बाद ख़त्म हो जाएगा मंदिर-मस्जिद का विवाद?


बाकी खबरें

  • Mayawati
    भाषा
    मायावती ने कांग्रेस, सपा, भाजपा पर जमकर निशाना साधा
    02 Feb 2022
    बसपा सुप्रीमो ने बुधवार को आगरा में अपनी पहली चुनावी जनसभा से पार्टी के प्रचार की शुरूआत की।
  • abhisar sharma
    न्यूज़क्लिक टीम
    भाजपा नेताओं को खदेड़ा! बीजेपी को डर सता रहा है!
    02 Feb 2022
    वरिष्ठ पत्रकार अभिसार शर्मा आज बात कर रहे हैं कि उत्तर प्रदेश में जैसे जैसे चुनाव नजदीक आ रहा है, भाजपा की लोकप्रियता कम हो रही है। बीजेपी के कई मंत्रियों को चुनाव प्रचार के दौरान उन्ही की चुनाव…
  • ground report
    न्यूज़क्लिक टीम
    ग्राउंड रिपोर्ट : हापुड़ में बीजेपी का हिन्दुत्व कार्ड चलना मुश्किल
    02 Feb 2022
    ग्राउंड रिपोर्ट में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने हापुड़ की सफाई कर्मचारी समुदाय की बस्तियों में जाकर जानने की कोशिश की कि आख़िर वहां क्या मुद्दा चल रहा है। किस तरह से वहां महंगाई, बेरोज़गारी मुद्दा है…
  • Punjab
    शिव इंदर सिंह
    पंजाब विधानसभा चुनाव: प्रचार का नया हथियार बना सोशल मीडिया, अख़बार हुए पीछे
    02 Feb 2022
    चुनाव आयोग के नये निर्देशों में पांच राज्यों- पंजाब, यू.पी, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर में रोड शो, पद यात्रा, वाहन रैलियों और चुनावी जलूसों पर पाबंदियां 11 फरवरी तक बढ़ा दी गई हैं। जिसके चलते सोशल…
  • chitrakoot
    न्यूज़क्लिक टीम
    उप्र चुनाव: बेदखली नोटिस, उत्पीड़न और धमकी—चित्रकूट आदिवासियों की पीड़ा
    02 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश के चित्रकूट जिले में 22 पंचायत के 52 गाँव में रहने वाले लगभग 45 हज़ार आदिवासियों को वन विभाग द्वारा बेदखली नोटिस जारी किया गया है। गांव वालों का कहना है कि वो इस ज़मीन पर कई पुश्तों से…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License