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नज़रिया
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राजनीति
नगा नेता राज्यपाल रवि से वार्ता को क्यों राज़ी नहीं?
केंद्र-नगा 'फ्रेमवर्क समझौते' को निर्णायक मुकाम तक पहुंचाने की प्रक्रिया में क्यों पेंच फंसा है? लंबे समय तक विद्रोही रहा नगा-नेतृत्व इन दिनों राज्यपाल और मुख्य वार्ताकार आर एन रवि से क्यों नाराज़ है? वरिष्ठ पत्रकार उर्मिलेश का विश्लेषण:
न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
19 Aug 2020

केंद्र-नगा 'फ्रेमवर्क समझौते' को निर्णायक मुकाम तक पहुंचाने की प्रक्रिया में क्यों पेंच फंसा है? लंबे समय तक विद्रोही रहा नगा-नेतृत्व इन दिनों राज्यपाल और मुख्य वार्ताकार आर एन रवि से क्यों नाराज़ है? शुरू में सरकार चाहती थी कि इसी अगस्त में केंद्र-नगा निर्णायक समझौते का ऐलान हो जाएI लेकिन प्रक्रिया फंसी हुई हैI कुछ लोग इसे 'कश्मीर का कांटा' भी कह रहे हैंI दो पूर्व प्रधानमंत्रियों एच डी देवगौड़ा और आइ के गुजराल की सरकारों ने पूर्वोत्तर के लिए जिस ऐतिहासिक नगा 'सीजफायर' और शांति की बुनियाद डाली थी, मौजूदा सरकार क्या उसे निर्णायक मुकाम तक पहुंचाने में कामयाब होगी? वरिष्ठ पत्रकार उर्मिलेश का विश्लेषण:

Naga leader
Governor Ravi
governor of nagaland
Nagaland
Nagaland Autonomy

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CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License