NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अर्थव्यवस्था
अनिल अंबानी को 4 हफ्ते में 453 करोड़ चुकाने के आदेश, वरना होगी जेल
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अंबानी, रिलायंस टेलिकॉम के अध्यक्ष सतीश सेठ और रिलायंस इंफ्राटेल की अध्यक्ष छाया विरानी ने कोर्ट में दिए गए आश्वासनों और इससे जुड़े आदेशों का उल्लंघन किया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
20 Feb 2019
ANIL AMBANI
Image Courtesy: NDTV

सुप्रीम कोर्ट ने रिलायंस कम्‍युनिकेशंस के चेयरमैन अनिल अंबानी को जानबूझ कर उसके आदेश का उल्लंघन करने और कंपनी एरिक्सन इंडिया को 453 करोड़ रुपये बकाया भुगतान नहीं करने पर बुधवार को अदालत की अवमानना का दोषी करार दिया।

सुप्रीम कोर्ट ने रिलायंस कम्‍युनिकेशंस के अलावा रिलायंस टेलिकॉम और रिलायंस इंफ्राटेल को भी अवमानना का दोषी माना। कोर्ट ने कहा कि अंबानी के अलावा रिलायंस टेलिकॉम के अध्यक्ष सतीश सेठ और रिलायंस इंफ्राटेल की अध्यक्ष छाया विरानी ने कोर्ट में दिए गए आश्वासनों और इससे जुड़े आदेशों का उल्लंघन किया है। कोर्ट ने कहा कि एरिक्सन को 4 हफ्ते में 453 करोड़ रुपये चुकाने होंगे। तय समय में भुगतान नहीं करने पर उन्हें तीन महीने जेल की सजा भुगतनी होगी।

मामला स्वीडन की टेलिकॉम उपकरण बनाने वाली कंपनी एरिक्सन इंडिया को 550 करोड़ रुपये की बकाया राशि दिए जाने का है। 2014 में एरिक्सन ने आरकॉम के नेटवर्क के प्रबंधन और संचालन को लेकर समझौता किया था। अनिल धीरूभाई अंबानी ग्रुप (एडीएजी) के अध्यक्ष अनिल अंबानी और अन्य के खिलाफ बकाया भुगतान नहीं करने पर टेलिकॉम उपकरण निर्माता एरिक्सन ने सुप्रीम कोर्ट में तीन अवमानना याचिकाएं दायर की थीं।

जस्टिस आरएफ नरीमन और जस्टिस विनीत शरण की बेंच ने बुधवार को फैसला सुनाते हुए कहा कि अंबानी और अन्य को अवमानना से बचने के लिए एरिक्सन को चार हफ्ते में 453 करोड़ रुपये चुकाने होंगे। ऐसा न करने पर तीन महीने जेल की सजा होगी। सुप्रीम कोर्ट ने इसके साथ ही रिलायंस टेलिकॉम और रिलायंस इंफ्राटेल, दोनों को चार हफ्ते में सर्वोच्च न्यायालय की रजिस्ट्री में एक-एक करोड़ रुपये जमा करने को भी कहा। ऐसा न करने पर एक महीने की अतिरिक्त जेल की सजा होगी।

आपको बता दें कि एरिक्सन की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता दुष्यंत दवे ने पिछले सप्ताह कोर्ट से कहा था कि रिलायंस के पास रफ़ाल सौदे में निवेश करने के लिए पैसे हैं, लेकिन एरिक्सन के बकाया को चुकाने के लिए नहीं। अनिल अंबानी की ओर से वरिष्ठ वकील मुकुल रोहतगी ने बचाव किया। बचाव में कहा गया कि मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाली रिलायंस जियो के साथ संपत्तियों की बिक्री का सौदा विफल होने के बाद उनकी कंपनी दिवालियेपन के लिए कार्यवाही कर रही है, ऐसे में रकम पर उसका नियंत्रण नहीं है। याचिका पर सुनवाई करने के बाद जस्टिस आरएफ नरीमन और विनीत शरण की बेंच ने 13 फरवरी को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था।

सुप्रीम कोर्ट ने जब यह फ़ैसला सुनाया तो अनिल अंबानी भी कोर्ट में ही मौजूद थे। फैसला आने के तुरंत बाद आर कॉम समेत अनिल अंबानी ग्रुप की कंपनियों के शेयर में तेज़ी से गिरावट आई।

अनिल अंबानी दूसरे उद्योगपति हैं जिन्हें अदालत की अवमानना में दोषी ठहराया गया है। इससे पहले सहारा ग्रुप के चेयरमैन सुब्रत रॉय को इस मामले में दोषी ठहराया गया था।

(Live Law के इनपुट के साथ)

संबंधित ख़बरें :  अदालत की अवमानना के बाद आरकॉम की दिवालिया प्रक्रिया अपनाने की घोषणा

Anil Ambani
reliance industry
Reliance Telecom
Ericsson
Contempt of Court
Reliance vs Ericsson
Reliance Communications
Reliance InfraTel

Related Stories

पैंडोरा पेपर्स: अमीरों की नियम-कानून को धता बताने और टैक्स चोरी की कहानी

रफाल विमान सौदे में फ्रांस में जांच के आदेश

रफ़ाल सौदे के मामले में फ्रांस ने न्यायिक जांच आरंभ की: फ्रांसीसी मीडिया

भूखे पेट ‘विश्वगुरु’ भारत, शर्म नहीं कर रहे दौलतवाले! 

प्रशांत भूषण को जेल क्यों नहीं जाना चाहिए था?

सर्वोच्च न्यायालय को बीच का रास्ता निकालना होगा

क्या एक माफ़ी प्रशांत भूषण को महात्मा बना देगी?

भारत में ओ'डायरवाद: गांधी और प्रशांत भूषण के साहस और 'अवमानना'

प्रशांत भूषण मामले में कोर्ट का फैसला सुरक्षित, कांग्रेस का नेतृत्व संकट में

40 से ज़्यादा वरिष्ठ वकीलों ने अवमानना मामले में बड़ी बेंच और ओपन कोर्ट में सुनवाई की मांग की


बाकी खबरें

  • putin
    एपी
    रूस-यूक्रेन युद्ध; अहम घटनाक्रम: रूसी परमाणु बलों को ‘हाई अलर्ट’ पर रहने का आदेश 
    28 Feb 2022
    एक तरफ पुतिन ने रूसी परमाणु बलों को ‘हाई अलर्ट’ पर रहने का आदेश दिया है, तो वहीं यूक्रेन में युद्ध से अभी तक 352 लोगों की मौत हो चुकी है।
  • mayawati
    सुबोध वर्मा
    यूपी चुनाव: दलितों पर बढ़ते अत्याचार और आर्थिक संकट ने सामान्य दलित समीकरणों को फिर से बदल दिया है
    28 Feb 2022
    एसपी-आरएलडी-एसबीएसपी गठबंधन के प्रति बढ़ते दलितों के समर्थन के कारण भाजपा और बसपा दोनों के लिए समुदाय का समर्थन कम हो सकता है।
  • covid
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 8,013 नए मामले, 119 मरीज़ों की मौत
    28 Feb 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 1 लाख 2 हज़ार 601 हो गयी है।
  • Itihas Ke Panne
    न्यूज़क्लिक टीम
    रॉयल इंडियन नेवल म्युटिनी: आज़ादी की आखिरी जंग
    28 Feb 2022
    19 फरवरी 1946 में हुई रॉयल इंडियन नेवल म्युटिनी को ज़्यादातर लोग भूल ही चुके हैं. 'इतिहास के पन्ने मेरी नज़र से' के इस अंग में इसी खास म्युटिनी को ले कर नीलांजन चर्चा करते हैं प्रमोद कपूर से.
  • bhasha singh
    न्यूज़क्लिक टीम
    मणिपुर में भाजपा AFSPA हटाने से मुकरी, धनबल-प्रचार पर भरोसा
    27 Feb 2022
    मणिपुर की राजधानी इंफाल में ग्राउंड रिपोर्ट करने पहुंचीं वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह। ज़मीनी मुद्दों पर संघर्षशील एक्टीविस्ट और मतदाताओं से बात करके जाना चुनावी समर में परदे के पीछे चल रहे सियासी खेल…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License