NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
ऑस्ट्रेलिया
आस्ट्रेलिया में अडानी की कोल खनन परियोजना के खिलाफ हजारों लोग सड़क पर उतरे
इस मुद्दे से जुडी यह बात भी अहम है कि लगभग सभी अंतर्राष्ट्रीय बैंकों द्वारा इस प्रोजेक्ट के लिए अडानी को उधार देने से मना करने पर नरेंद्र मोदी ने भारतीय नागरिकों का पैसा इस परियोजना के लिए सस्ते दर पर उपलब्ध कराया है।
संघर्ष संवाद
09 Oct 2017
अदानी

आस्ट्रेलिया में 7 अक्टूबर 2017 को अडानी की कोल खनन परियोजना के खिलाफ देशव्यापी प्रदर्शन आयोजित किए गये हैं। आस्ट्रेलिया के स्थनीय नागरिको ने 'स्टॉप अडानी' आंदोलन के नेतृत्व में 45 जगहों पर विरोध-प्रदर्शन किये हैं। सिडनी के बोंडी बीच पर 1000 से अधिक लोगों ने 'स्टॉप अडानी' का संकेत बनाया। वहां के लोग अपने जल, जंगल ,जमीन, जीव जंतु और प्रकृति बचाने के लिए संघर्षरत है। कार्पोरेट हितों के लिए आदिवासियों, ग्रामीणों और स्थानीय नागरिकों की ज़िन्दगियों से खिलवाड़ का दौर भारत में ही नहीं, पूरी दुनिया में जारी है और शोषक जमात के तार राष्ट्रीय सीमाओं के पार जाकर एक-दूसरे से जुड़ते हैं। जहां भारत के जंगलों, खेतों और खदानों को विदेशी कार्पोरेट के मुनाफे चारागाह में बदल दिया गया है वहीं भारत के नए-पुराने थैलीशाह भी अफ्रीका से लेकर आस्ट्रेलिया तक इसी तरह की लूट में अपना टुकड़ा ढूंढ रहे हैं।

अदानी

मोदी के चहेते अडानी ने आस्ट्रेलिया के क्वींसलैंड में कोयले की जिस खदान के लिए ठेका पाया है, वह वहां के स्थानीय वांगन और जगालिंगौ मूलनिवासियों की ज़मीन, पर्यावरण और ज़िंदगी और तहस-नहस कर देने वाला है। साथ ही, दुनिया के दुर्लभ आकर्षणों ' ग्रेट बैरियर रीफ' - सदियों तक जीवाश्मों और मूँगे के इकट्ठा होने से निर्मित होने वाली नाज़ुक समुद्रतटीय बनावट - को भी खतरा पहुंचने वाला है। आस्ट्रेलिया के शासकवर्ग - डेढ़ से दो सौ साल पहले यूरोप से आए श्वेत लोगों - ने पुराने कबीलों के साथ न सिर्फ अतीत में बर्बर व्यवहार किया बल्कि अब लोकतंत्र और घोषित बराबरी के बावजूद उनको हाशिये पर धकेले हुए हैं।

अदानी

इसीलिए उनकी ज़िंदगी और प्राकृतिक सम्पदा का सौदा अडानी के साथ करने में उनको कोई हिचक नहीं हुई। इस मुद्दे से जुडी यह बात भी अहम है कि लगभग सभी अंतर्राष्ट्रीय बैंकों द्वारा इस प्रोजेक्ट के लिए अडानी को उधार देने से मना करने पर नरेंद्र मोदी ने भारतीय नागरिकों का पैसा इस परियोजना के लिए सस्ते दर पर उपलब्ध कराया है। अडानी को यह सुविधा स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के सस्ते लोन के माध्यम से दी जा रही है। यह खुला भ्रष्टाचार है। 

 

Courtesy: संघर्ष संवाद,
Original published date:
08 Oct 2017
अदानी
मोदी सरकार
ऑस्ट्रेलिया

Related Stories

किसान आंदोलन के नौ महीने: भाजपा के दुष्प्रचार पर भारी पड़े नौजवान लड़के-लड़कियां

सत्ता का मन्त्र: बाँटो और नफ़रत फैलाओ!

जी.डी.पी. बढ़ोतरी दर: एक काँटों का ताज

कोयला आयात घोटाला : अदानी समूह ने राहत पाने के लिए बॉम्बे हाइ कोर्ट का रुख किया

5 सितम्बर मज़दूर-किसान रैली: सबको काम दो!

रोज़गार में तेज़ गिरावट जारी है

लातेहार लिंचिंगः राजनीतिक संबंध, पुलिसिया लापरवाही और तथ्य छिपाने की एक दुखद दास्तां

माब लिंचिंगः पूरे समाज को अमानवीय और बर्बर बनाती है

अविश्वास प्रस्ताव: दो बड़े सवालों पर फँसी सरकार!

क्यों बिफरी मोदी सरकार राफेल सौदे के नाम पर?


बाकी खबरें

  • wildlife
    सीमा शर्मा
    भारतीय वन्यजीव संस्थान ने मध्य प्रदेश में चीता आबादी बढ़ाने के लिए एक्शन प्लान तैयार किया
    11 Jan 2022
    इस एक्शन प्लान के तहत, क़रीब 12-14 चीतों(8-10 नर और 4-6 मादा) को भारत में चीतों की नई आबादी पैदा करने के लिए चुना जाएगा।
  • workers
    सतीश भारतीय
    गुरुग्राम में बेरोजगारी, कम कमाई और बढ़ती महंगाई के बीच पिसते मजदूरों का बयान
    11 Jan 2022
    मजदूर वर्ग सरकार की योजनाओं का नाम तक नहीं बता पा रहा है, योजनाओं का लाभ मिलना तो दूर की बात है।
  • Swami Prasad Maurya
    रवि शंकर दुबे
    चुनावों से ठीक पहले यूपी में बीजेपी को बड़ा झटका, श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के बाद तीन और विधायकों के इस्तीफे
    11 Jan 2022
    यूपी में चुनावी तारीखों का एलान हो चुका है, ऐसे वक्त में बीजेपी को बहुत बड़ा झटका लगा है, दरअसल यूपी सरकार में श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने बीजेपी छोड़कर समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए हैं।
  • Schemes workers
    कुमुदिनी पति
    उत्तर प्रदेश में स्कीम वर्कर्स की बिगड़ती स्थिति और बेपरवाह सरकार
    11 Jan 2022
    “आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएँ लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन चला रही हैं। पर तमाम वार्ताओं के बाद भी उनकी एक भी मांग पूरी नहीं की गई। उनकी सबसे प्रमुख मांग है सरकारी कर्मचारी का दर्जा।”
  • AKHILESH AND YOGI
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    80/20 : हिंदू बनाम हिंदू की लड़ाई है यूपी चुनाव
    11 Jan 2022
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ठीक ही कहते हैं कि यह 80 प्रतिशत बनाम 20 प्रतिशत की लड़ाई है। बस वे इसकी व्याख्या ग़लत तरीके से करते हैं। पढ़िए वरिष्ठ पत्रकार अरुण कुमार त्रिपाठी का विचार-विश्लेषण
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License