NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
घटना-दुर्घटना
भारत
"होटल अर्पित पैलेस अग्निकांड एक डेथ ट्रैप था!" :दिल्ली पुलिस
कोर्ट में दी गई 50 पन्नों की चार्जशीट में पुलिस ने राकेश गोयल, उनके भाई शरद इंदु गोयल, होटल के महाप्रबंधक राजेंद्र कुमार और प्रबंधक विकास कुमार के ख़िलाफ़ ग़ैर इरादतन हत्या, जालसाज़ी, धोखाधड़ी और आपराधिक साज़िश का मामला दर्ज किया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
16 May 2019
"होटल अर्पित पैलेस अग्निकांड एक डेथ ट्रैप था!" :दिल्ली पुलिस

दिल्ली के करोल बाग़ इलाक़े में अर्पित पैलेस होटल में 12 फ़रवरी की सुबह भीषण आग लग गई थी। इस हादसे में 17 लोगों की मौत हो गई थी, जिनमें एक महिला और बच्चा भी शामिल थे जबकि तीन अन्य लोग घायल हुए थे। इस मामले पर हिंदुस्तान टाइम्स में छपी रिपोर्ट के मुताबिक़ बुधवार को तीन महीने बीत जाने के बाद दिल्ली पुलिस ने इस मामले में चार्चशीट दायर की। चार्जशीट में कहा गया है कि "यह एक तरह से डेथ ट्रैप था।" 

पुलिस की ओर से दायर की गई चार्जशीट में कहा गया है कि इस घटना को मौत के जाल की तरह से संचालित किया गया था। इस मामले में होटल मालिकों और सरकारी अधिकारियों की ओर से की गई लापरवाहियाँ भी सामने आई हैं। 

कोर्ट में दी गई 50 पन्नों की चार्जशीट में पुलिस ने राकेश गोयल, उनके भाई शरद इंदु गोयल, होटल के महाप्रबंधक राजेंद्र कुमार और प्रबंधक विकास कुमार के ख़िलाफ़ ग़ैर इरादतन हत्या, जालसाज़ी, धोखाधड़ी और आपराधिक साज़िश का मामला दर्ज किया है। पुलिस ने कहा कि गोयल बंधुओं ने उत्तरी दिल्ली नगर निगम के लोक स्वास्थ्य विभाग से हेल्थ ट्रेड लाइसेंस (एचटीएल), दिल्ली अग्निशमन विभाग से अग्नि सुरक्षा प्रमाणपत्र, दिल्ली पुलिस के लाइसेंसिंग विभाग से अतिथि गृह चलाने के लिये लाइसेंस, पेस्ट कंट्रोल प्रमाणपत्र, रेस्तरां चलाने के लिये लाइसेंस समेत अन्य विभागों से लाइसेंस हासिल करने के लिये फ़र्जी दस्तावेज़ दिये थे।  

इस चार्जशीट में पुलिस ने कई गंभीर आरोप लगे हैं जो न सिर्फ़ होटल मालिक बल्कि अन्य सरकारी विभागों पर भी गंभीर सवाल खड़े करते हैं। होटल अर्पित पैलेस के मालिकों ने लाइसेंस पाने के लिए कई विभागों में फ़र्जी और झूठी जानकारियाँ दीं। यही नहीं होटल मालिकों ने होटल की ऊंचाई को लेकर भी ग़लत जानकरी दी थी। इस अग्निकांड के बाद पुलिस ने होटल के महाप्रबंधन राजेंद्र और प्रबंधक विकास को गिरफ़्तार किया था। पुलिस ने कहा कि होटल मालिक शरद इन्दु गोयल घटना के बाद से फ़रार चल रहा है।

परन्तु सवाल यह है की इन सब तथ्यों की जाँच समय पर क्यों नहीं हुई? अगर लाइसेंस देते समय इसकी जाँच की गई होती तो कई मासूम लोगों की जान बच सकती थी। 

सब जानते हैं कि इन होटल मालिकों का एक ही उद्देश्य होता है, वो है मुनाफ़ा कमाना और इसके लिए वो किसी भी हद तक जा सकते हैं। मुनाफ़े के लिए वो मासूम लोगों की जान को भी ख़तरे में डालने से नहीं चूकते हैं। ऐसा ही इस मामले भी हुआ था। पुलिस ने इसका खुलासा किया कि करोल बाग़ के अर्पित पैलेस होटल के मालिक गोयल बंधुओं ने होटल चलाने का लाइसेंस लेने के लिये फ़र्जी दस्तावेज़ बनाए थे और उनकी  “एक मात्र और प्राथमिक” चिंता “लाभ कमाना” और “रुपये बनाना” थी। इसी का परिणाम था कि होटल में फ़रवरी में लगी आग में 17 लोगों की जान चली गई थी।

सुरक्षा की मूलभूत सुविधाओं का भी घोर आभाव था 

पुलिस जांच दल के अनुसार घटना के वक़्त अलार्म भी नहीं बजा था। बहुमंज़िली इमारत में मात्र एक आपातकालीन रास्ता था, और वह भी बाहर से बंद था। जांच में पुलिस को पता चला कि होटल की छत पर अवैध रूप से किचन चलाई जा रही थी। छत पर दुर्घटना की स्थिति में बाहर निकलने संबंधी कोई निर्देश बोर्ड नहीं लगे गए थे। बिल्डिंग में सजावट के लिए भारी मात्रा में ज्वलनशील पदार्थ का प्रयोग किया गया था।

इसे भी पढ़े :-दिल्ली के होटल में लगी आग, 17 की मौत

Karol Bagh hotel fire
Delhi Fire Service
delhi police
Delhi

Related Stories

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग

दिल्ली: रामजस कॉलेज में हुई हिंसा, SFI ने ABVP पर लगाया मारपीट का आरोप, पुलिसिया कार्रवाई पर भी उठ रहे सवाल

मुंडका अग्निकांड के लिए क्या भाजपा और आप दोनों ज़िम्मेदार नहीं?

मुंडका अग्निकांड: लापता लोगों के परिजन अनिश्चतता से व्याकुल, अपनों की तलाश में भटक रहे हैं दर-बदर

मुंडका अग्निकांड : 27 लोगों की मौत, लेकिन सवाल यही इसका ज़िम्मेदार कौन?

दिल्ली में गिरी इमारत के मलबे में फंसे पांच मज़दूरों को बचाया गया

दिल्ली में एक फैक्टरी में लगी आग, नौ लोग झुलसे

गाजीपुर अग्निकांडः राय ने ईडीएमसी पर 50 लाख का जुर्माना लगाने का निर्देश दिया

जेएनयू परिसर में 26 वर्षीय महिला की मौत, पुलिस को आत्महत्या का संदेह


बाकी खबरें

  • तो इतना आसान था धर्म संसद को रोकना? : रुड़की से ग्राउंड रिपोर्ट
    सत्यम् तिवारी
    तो इतना आसान था धर्म संसद को रोकना? : रुड़की से ग्राउंड रिपोर्ट
    27 Apr 2022
    डाडा जलालपुर में महापंचायत/धर्म संसद नहीं हुई, एक तरफ़ वह हिन्दू हैं जो प्रशासन पर हिन्दू विरोधी होने का इल्ज़ाम लगा रहे हैं, दूसरी तरफ़ वह मुसलमान हैं जो सोचते हैं कि यह तेज़ी प्रशासन ने 10 दिन पहले…
  • Taliban
    स्टीफन नेस्टलर
    तालिबान: महिला खिलाड़ियों के लिए जेल जैसे हालात, एथलीटों को मिल रहीं धमकियाँ
    27 Apr 2022
    तालिबान को अफ़गानिस्तान पर नियंत्रण किए हुए आठ महीने बीत चुके हैं और इतने समय में ही ये देश समाचारों से बाहर हो गया है। ओलिंपिक में भाग लेने वाली पहली अफ़गान महिला फ्रिबा रेज़ाई बड़े दुख के साथ कहती हैं…
  • modi
    न्यूज़क्लिक टीम
    100 राजनयिकों की अपील: "खामोशी से बात नहीं बनेगी मोदी जी!"
    27 Apr 2022
    बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के इस एपिसोड में अभिसार डिप्लोमैट्स द्वारा प्रधानमंत्री को लिखी गयी चिट्ठी पर बात कर रहे हैं।
  • Stan swamy
    अनिल अंशुमन
    ‘मैं कोई मूक दर्शक नहीं हूँ’, फ़ादर स्टैन स्वामी लिखित पुस्तक का हुआ लोकार्पण
    27 Apr 2022
    ‘मैं कोई मूक दर्शक नहीं हूँ’ पुस्तक इस लिहाज से बेहद प्रासंगिक है क्योंकि इसमें फ़ादर स्टैन स्वामी द्वारा सरकारों की जन-विरोधी नीतियों के ख़िलाफ़ लिखे गए चर्चित निबंधों का महत्वपूर्ण संग्रह किया गया है…
  • SHOOTING RANGE
    रवि शंकर दुबे
    लखनऊ: अतंर्राष्ट्रीय शूटिंग रेंज बना आवारा कुत्तों की नसबंदी का अड्डा
    27 Apr 2022
    राजधानी लखनऊ में बने अंतर्राष्ट्रीय शूटिंग रेंज को इन दिनों आवारा कुत्तों की नसबंदी का केंद्र बना दिया गया है, जिस पर कोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब मांगा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License