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हरियाणा में सेप्टिक टैंक साफ करने के दौरान चार की मौत
हरियाणा के रोहतक में सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान जहरीली गैस के चपेट में आने से चार कर्मचारियों की मौत हो गई। चारों की उम्र 22 से 30 साल के बीच थी।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
27 Jun 2019
फाइल फोटो

हरियाणा के रोहतक में बुधवार को सेप्टिक टैंक साफ करने के दौरान जहरीली गैस के चपेट में आने से चार कर्मचारियों की मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि चार में तीन कर्मचारियों को निजी तौर पर रखा गया था जबकि एक कर्मचारी का संबंध लोक स्वास्थ्य विभाग से था। वे सभी टैंक को साफ करने के लिए उसमें उतरे थे।

रोहतक के पुलिस उपाधीक्षक गोरखपाल ने फोन पर बताया कि वे टैंक को साफ करने के लिए उसमें उतरे थे, जैसे ही उन्होंने अपना काम शुरू किया, वे किसी जहरीली गैस की चपेट में आ गए और उनकी मौत हो गई।

उन्होंने बताया कि चारों की उम्र 22 से 30 साल के बीच थी। मामले की जांच चल रही है।

सीपीएम ने जताया दुख 

सफाई कर्मचारियों की दर्दनाक मौत पर मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने गहरा विक्षोभ प्रकट करते हुए सरकार से मृतक कर्मचारियों के परिजनों के लिए उचित मुआवजा व सरकारी नौकरी की मांग की है।

दर्दनाक घटना की सूचना मिलते ही मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी का प्रतिनिधिमंडल पार्टी राज्य सचिव मंडल सदस्य इंद्रजीत सिंह की अगुवाई में शव गृह में शोकाकुल मृतक कर्मचारियों के परिजनों व हमदर्द से मिलने गए।

पार्टी ने कहा कि ये दर्दनाक घटना प्रदेश में सफाई कर्मचारियों के प्रति हरियाणा सरकार के रवैए को तो उजागर करता ही है, साथ ही भाजपा सरकार द्वारा नौकरियां देने के महिमामंडन का भी पर्दाफाश कर रही है। आलम यह है कि बेरोजगार युवा मौत के मुंह में जाकर काम करने को मजबूर है। पार्टी ने कहा कि पिछले एक साल के भीतर प्रदेश में अलग-अलग घटनाओं में 10 से ज्यादा सफाई कर्मचारी अपनी जान गवां चुके हैं। 

पार्टी ने इन मौतों के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि इस दर्दनाक घटना के लिए अपराधिक धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया जाए। साथ ही सभी सफाई कर्मचारियों को पक्का कर्मचारी घोषित कर सभी सुरक्षा उपकरण मुहैया करवाए जाएं। इस घटना में मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा व आश्रित को सरकारी नौकरी दी जाए।

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

 

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