NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
पाकिस्तान
इमरान ने दी सफाई, पाकिस्तान हमले में शामिल नहीं, सुबूत मिले तो करेंगे कार्रवाई
“हम सभी जानते हैं कि युद्ध शुरू करना आसान है..लेकिन यह हमें कहां ले जाएगा, केवल ईश्वर जानता है।"
आईएएनएस
19 Feb 2019
IMRAN KHAN (FILE PHOTO)

इस्लामाबाद। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने मंगलवार को कहा कि अगर भारत जम्मू एवं कश्मीर में 14 फरवरी को हुए आत्मघाती हमले के मद्देनजर पाकिस्तान पर हमला करेगा तो उनका देश निश्चित ही इसका जवाब देगा। लेकिन, इसके साथ ही उन्होंने कहा कि अगर भारत 'कार्रवाई करने योग्य जानकारी' उपलब्ध कराएगा तो आत्मघाती हमले में शामिल पाए जाने वाले किसी भी पाकिस्तानी नागरिक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

खान ने अपने राष्ट्र के नाम संबोधन में कहा, "अगर आप (भारत सरकार) सोचते हैं कि आप हम पर हमला करेंगे और हम जवाब देने के बारे में नहीं सोचेंगे..हम जवाब देंगे। हमारे पास जवाब देने के अलावा और कोई विकल्प नहीं बचेगा। हम सभी जानते हैं कि युद्ध शुरू करना आसान है..लेकिन यह हमें कहां ले जाएगा, केवल ईश्वर जानता है।"

खान ने कहा कि भारत सरकार ने बिना सबूत के पुलवामा हमले का आरोप पाकिस्तान पर लगाया, लेकिन इसके साथ ही उन्होंने कहा कि अगर भारत 'कार्रवाई करने योग्य जानकारी' उपलब्ध कराएगा तो इस्लामाबाद इसकी जांच करने के लिए तैयार है।

खान ने कहा, "भारत ने पाकिस्तान पर बिना सबूतों और बिना यह सोचे हम पर आरोप लगाए कि इससे हमें कैसे फायदा होगा..यह नया पाकिस्तान है..हमारी नई सोच है.. पाकिस्तान ऐसी चीजें क्यों करेगा जब वह स्थायित्व की दिशा में बढ़ रहा है।"

भारत ने जम्मू एवं कश्मीर में 14 फरवरी को हुए आत्मघाती हमले के लिए इस्लामाबाद को जिम्मेदार ठहराया है, जिसके कई दिनों बाद खान की तरफ से यह प्रतिक्रिया आई है। पाकिस्तान स्थित जैश-ए-मोहम्मद ने हमले की जिम्मेदारी ली थी।

हमले में पाकिस्तान का हाथ होने से इनकार करते हुए, पाकिस्तानी नेता ने कहा, "भारत में चुनाव होने वाले हैं और हम जानते हैं कि पाकिस्तान पर हमले के बारे में बोलना एक लोकप्रिय उपाय है।"

हमले की जांच की पेशकश करते हुए उन्होंने कहा, "पाकिस्तान हमले के बारे में जांच करने के लिए तैयार है और अगर भारत कार्रवाई करने योग्य सूचना मुहैया कराएगा तो हम कार्रवाई करने के लिए तैयार है। यह हम इसलिए नहीं करेंगे कि हम दबाव में है, बल्कि इसलिए करेंगे कि यह हमारी नीति है।"

उन्होंने कहा, "अगर कोई कहीं भी आतंकवादी हमलों के लिए हमारी धरती का इस्तेमाल करता है तो वह हमारा दुश्मन है। यह हमारे हितों के खिलाफ है।"

इमरान ने कहा, "आप अतीत से निकलना नहीं चाहते और जब भी कश्मीर में कोई घटना होती है, आप उसके लिए पाकिस्तान को जिम्मेदार ठहरा देते हैं। कश्मीर मुद्दे को सुलझाने के स्थान पर, वार्ता शुरू करने या आगे बढ़ने के स्थान पर, आप इस्लामाबाद को बार-बार बलि का बकरा बनाते हैं।"

उन्होंने कहा, "भारत को यह सोचना चाहिए कि कश्मीर में लोग उससे इतने गुस्से में क्यों हैं। कश्मीरी अब मौत से नहीं डरते हैं। इसके पीछे कुछ तो कारण होगा। क्या इसपर भारत में चर्चा नहीं होनी चाहिए?"

इमरान ने कहा कि जब भी पाकिस्तान, भारत के साथ वार्ता शुरू करना चाहता है, नई दिल्ली की पूर्व शर्त होती है कि आतंकवाद पर चर्चा होनी चाहिए।

उन्होंने कहा, "हम आतंकवाद पर बात करने को तैयार हैं। आतंकवाद क्षेत्रीय मुद्दा है..हम चाहते हैं कि क्षेत्र में आतंकवाद समाप्त हो। पाकिस्तान आतंकवाद से सबसे ज्यादा प्रभावित है। इसलिए हम आपसे बातचीत करने के लिए तैयार है।"

खान ने कहा, "कश्मीर मुद्दा, अफगान मुद्दे की तरह बातचीत से ही सुलझेगा।"

पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ के प्रमुख ने कहा कि उन्हें मुद्दे पर बोलने में देरी हुई क्योंकि सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान उनके देश आए हुए थे।

उन्होंने कहा, "क्या हम ऐसे (आत्मघाती हमले जैसे) कार्य करेंगे, जब सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस यहां का दौरा कर रहे हों? क्या कोई मूर्ख भी कांफ्रेंस को बर्बाद करने के बारे में सोचेगा और इससे भला हमें क्या फायदा होगा?"

India and Pakistan
Pakistan
Imran Khan
Narendra modi
Jammu and Kashmir
pulwama attack
CRPF Jawan Killed

Related Stories

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

तिरछी नज़र: सरकार जी के आठ वर्ष

कश्मीर में हिंसा का नया दौर, शासकीय नीति की विफलता

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

भारत में धार्मिक असहिष्णुता और पूजा-स्थलों पर हमले को लेकर अमेरिकी रिपोर्ट में फिर उठे सवाल

भारत के निर्यात प्रतिबंध को लेकर चल रही राजनीति

गैर-लोकतांत्रिक शिक्षानीति का बढ़ता विरोध: कर्नाटक के बुद्धिजीवियों ने रास्ता दिखाया

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !


बाकी खबरें

  • fact check
    राज कुमार
    फ़ैक्ट चेकः सूचना एवं लोक संपर्क विभाग के फ़ैक्ट चेक का फ़ैक्ट चेक
    13 Jan 2022
    सूचना एवं लोक संपर्क विभाग का फ़ैक्ट चेक ग़लत और भ्रामक है। इससे एक महत्वपूर्ण सवाल जरूर उठता है कि उत्तर प्रदेश का सूचना एवं लोक संपर्क विभाग भाजपा की आइटी सेल की तरह व्यवहार क्यों कर रहा है?
  • Palestine
    पीपल्स डिस्पैच
    ब्रिटेन: फ़िलिस्तीन के ख़िलाफ़ यूज किए जाने वाले हथियार बनाने वाली इज़राइली फ़ैक्ट्री बंद, आगे भी जारी रहेगा अभियान
    13 Jan 2022
    फ़िलिस्तीन एक्शन ग्रुप ने अपने अभियान के हिस्से के रूप में कारखाने पर कब्ज़ा करने, नाकेबंदी करने और तोड़फोड़ करने जैसे प्रत्यक्ष कार्रवाइयों की एक श्रृंखला को अंजाम दिया, जो आख़िरकार इसके बेचने और…
  • CST
    एम. के. भद्रकुमार
    पुतिन ने कज़ाकिस्तान में कलर क्रांति की साज़िश के ख़िलाफ़ रुख कड़ा किया
    13 Jan 2022
    कज़ाकिस्तान की घटनाओं पर अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन की नाराज़गी अतार्किक थी।
  • Newsletter
    ट्राईकोंटिनेंटल : सामाजिक शोध संस्थान
    हासिल किया जा सकने वाला स्वास्थ्य का सबसे ऊंचा मानक प्रत्येक मनुष्य का मौलिक अधिकार है
    13 Jan 2022
    कोरोना महामारी की वजह से संयुक्त राज्य अमेरिका ब्राजील और भारत में सबसे अधिक मौतें हुई हैं। इन मौतों के लिए कोरोना महामारी से ज्यादा जिम्मेदार इन देशों का स्वास्थ्य का सिस्टम है। 
  • jammu and kashmir
    अनीस ज़रगर
    जम्मू में जनजातीय परिवारों के घर गिराए जाने के विरोध में प्रदर्शन 
    13 Jan 2022
    पीड़ित परिवार गुज्जर-बकरवाल जनजाति के हैं, जो इस क्षेत्र के सबसे हाशिए पर रहने वाले समुदायों में से एक हैं। यह समुदाय सदियों से ज्यादातर खानाबदोश चरवाहों के रूप में रहा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License