NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
इंडिया के Radio Rwanda और सावरकर की हक़ीक़त
बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के इस एपिसोड में वरिष्ठ पत्रकार अभिसार शर्मा मौजूदा भारतीय मीडिया की तुलना रेडियो रवांडा से कर रहे हैं। उनका कहना है कि1994 में रवांडा में नरसंहार हुआ था और उसके पीछे जिस प्रकार रेडियो रवांडा का हाथ था। उसी प्रकार आज का भारतीय मीडिया नफ़रत का प्रोपेगंडा फैला रहा है।
न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
19 Oct 2019

बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के इस एपिसोड में वरिष्ठ पत्रकार अभिसार शर्मा मौजूदा भारतीय मीडिया की तुलना रेडियो रवांडा से कर रहे हैं। उनका कहना है कि1994 में रवांडा में नरसंहार हुआ था और उसके पीछे जिस प्रकार रेडियो रवांडा का हाथ था। उसी प्रकार आज का भारतीय मीडिया नफ़रत का प्रोपेगंडा फैला रहा है।

India's Radio Rwanda
Radio Rwanda
BJP
Savarkar

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • पुरुकुल गांव और मसूरी रोपवे के टर्मिनल के नज़दीक नरोता नदी।
    वर्षा सिंह
    हरियाली और विकास के बीच मसूरी रोपवे
    25 Aug 2021
    “...एक दिन मैंने देखा कि नरोता नदी के ऊपर जेसीबी चल रही है। नदी की धार के बीच में जो पेड़-पौधे मिट्टी को पकड़कर रखते थे, उन्हें उजाड़ दिया गया और वहां सड़क बनानी शुरू कर दी। वो सड़क जंगल के बीच से…
  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    अफ़ग़ान नागरिकों के समर्थन में आए लोग, पंजाब में किसानों का धरना जारी और अन्य ख़बरें
    24 Aug 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हमारी नज़र रहेगी अफ़ग़ान नागरिकों के समर्थन में आये लोग, किसानों का धरना जारी और अन्य ख़बरों पर।
  • पश्चिम बंगाल के शिक्षा विभाग मुख्यालय के बाहर शिक्षिकाओं ने खाया ज़हर
    भाषा
    पश्चिम बंगाल के शिक्षा विभाग मुख्यालय के बाहर शिक्षिकाओं ने खाया ज़हर
    24 Aug 2021
    अनुबंधित स्कूली शिक्षकों के मंच ‘ शिक्षक ओक्यो मंच’ से संबद्ध ये सभी प्रदर्शनकारी अध्यापिकाएं नौकरी पक्की करने और उनके तबादलों को रद्द करने की मांग कर रही थीं, क्योंकि इस तबादले के कारण उनमें से कुछ…
  • अफ़ग़ानिस्तान अपडेट: क्या है भारत का रुख, क्या कर रहा है अमेरिका, क्या सोच रहा है चीन
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/एपी/भाषा
    अफ़ग़ानिस्तान अपडेट: क्या है भारत का रुख, क्या कर रहा है अमेरिका, क्या सोच रहा है चीन
    24 Aug 2021
    उम्मीद है कि अफ़ग़ानिस्तान की स्थिति पड़ोसियों के लिए चुनौती नहीं बनेगी : भारत ने यूएनएचआरसी में कहा
  • ‘जटिलताओं’ के बगैर ‘सामान्य हालात’ संभव नहीं: बंगाल की हिल पॉलिटिक्स और एक स्थायी राजनीतिक समाधान 
    रबीन्द्र नाथ सिन्हा
    ‘जटिलताओं’ के बगैर ‘सामान्य हालात’ संभव नहीं: बंगाल की हिल पॉलिटिक्स और एक स्थायी राजनीतिक समाधान 
    24 Aug 2021
    जहाँ तमाम पार्टियाँ जमीन के पट्टे, रोजगार सृजन और दार्जिलिंग के खोये हुए गौरव को बहाल करने की बात कर रही हैं, वहीं एक अनुभवी राजनीतिज्ञ का कहना है कि ‘हम लोग इस बीच एक लंबे अंतराल के बाद लोकतंत्र में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License