NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अंतरराष्ट्रीय
जोको विडोडो दूसरी बार बने इंडोनेशिया के राष्ट्रपति
इं​डो​नेशिया के निर्वाचन आयोग ने दी यह जानकारी। विडोडो ने अपने प्रतिद्वंद्वी एवं सेवानिवृत्त जनरल प्राबोवो सुबियांतो को हराया।
न्यूजक्लिक रिपोर्ट
21 May 2019
फाइल फोटो
(फोटो साभार: सोशल मीडिया)

इंडोनेशिया के राष्ट्रपति जोको विडोडो को विश्व के इस तीसरे बड़े लोकतंत्र का फिर से राष्ट्रपति चुना गया है। निर्वाचन आयोग ने मंगलवार को इसकी जानकारी दी।

आयोग ने बताया कि ‘इंडोनेशियन डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ स्ट्रगल’ के सदस्य विडोडो ने अपने प्रतिद्वंद्वी एवं सेवानिवृत्त जनरल प्राबोवो सुबियांतो को हराया।

आयोग द्वारा 17 अप्रैल को हुए चुनावों की घोषणा बुधवार को किए जाने की संभावना थी, लेकिन अशांति और सड़कों पर प्रदर्शन के भय से परिणाम पहले की घोषित कर दिए गए।

आयोग ने बताया कि विडोडो (57) और उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार मारूफ आमीन ने क्रमश: सुबियांतो एवं सांडियागा यूनो के खिलाफ 55.5 प्रतिशत से लेकर 44.5 प्रतिशत तक के अंतर से जीत हासिल की।

अनधिकृत आंकड़ों के अनुसार विडोडो की जीत का पूर्वानुमान जताया गया था, लेकिन सुबियांतो (67) ने मतदान में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए विडोडो की जीत को चुनौती देने का संकल्प लिया था और चेताया था कि इससे इंडोनेशिया में विरोध प्रदर्शन शुरू हो सकता है।

बता दें कि सुबियांतो और सुहार्तो के सैन्य शासन के दौरान जोको विडोडो इंडोनेशिया की सेना के जनरल रह चुके हैं। 2014 के राष्ट्रपति चुनाव में उन्होंने सुबियांतो का हरा दिया था। 

बताया जाता है कि इस चुनाव में इंडोनेशिया में धार्मिक मुद्दे काफी हावी रहे हैं। हालांकि समझा जाता है कि विडोडो की चुनावी जीत के बाद उनके दूसरे कार्यकाल में इंडोनेशिया में लोकतंत्र और भी मजबूत बन सकता है।

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

 

indonesia
indonesian president joko widodo
joko widodo

Related Stories

पाम ऑयल पर प्रतिबंध की वजह से महंगाई का बवंडर आने वाला है

इंडोनेशिया में समुद्र में 7.3 तीव्रता का भूकंप आया, सुनामी का अलर्ट वापस लिया

राजनीतिक क़ैदियों की रिहाई और हिंसा को समाप्त करने की मांग करते हुए पश्चिमी पापुआ में विरोध प्रदर्शन

सरकार की जीत की घोषणा के एक दिन बाद टिग्रे सैनिकों का संघर्ष फिर तेज़

इंडोनेशिया में "ऑम्निबस कानून" के हटने के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन, पुलिस द्वारा गिरफ़्तार किए गए सैकड़ों लोग

चिंता : दिल्ली के निज़ामुद्दीन में तबलीगी जमात के 24 लोग कोरोना संक्रमित

इन्डोनेशिया : बच्चों के सुधार और पुनर्वास की कोशिशें जारी

इंडोनेशिया में बाढ़-भूस्खलन से बिगड़े हालात, लोम्बोक द्वीप में भूकंप के झटके

इंडोनेशिया में फिर सुनामी का खतरा, भारत ने की मदद की पेशकश

इंडोनेशिया का विमान दुर्घटनाग्रस्त, 188 लोग थे सवार


बाकी खबरें

  • Refugees
    ट्राईकोंटिनेंटल : सामाजिक शोध संस्थान
    अगर सभी शरणार्थी एक देश में रह रहे होते, तो वह देश दुनिया का 17वाँ सबसे बड़ा देश होता
    22 Oct 2021
    अकेले संयुक्त राष्ट्र की गणना के हिसाब से, इस समय लगभग 8.3 करोड़ लोग विस्थापित हैं, और यदि ये सभी विस्थापित एक ही स्थान पर रहें तो वे आपस में मिलकर दुनिया का 17वाँ सबसे अधिक आबादी वाला देश बन जाएँगे।
  • ARYAN
    तमन्ना पंकज
    आर्यन ख़ान मामला: बेबुनियाद साज़िश वाले एंगल और ज़बरदस्त मीडिया ट्रायल के ख़तरनाक चलन की नवीनतम मिसाल
    22 Oct 2021
    यह अभियोजन है या उत्पीड़न?
  • Prime Minister's Kisan Samman Nidhi
    सरोजिनी बिष्ट
    प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से वंचित हैं आज भी बड़ी तादाद में किसान
    22 Oct 2021
    पिछले दिनों उत्तर प्रदेश से एक ऐसी खबर आई जिसने इस योजना के तहत होने वाली बड़ी धांधली को उजागर किया। हजारों ऐसे किसान चिन्हित हुए जो किसान होने के साथ-साथ या तो सरकारी नौकरी भी कर रहे थे या जिनका…
  • kisan andolan
    लाल बहादुर सिंह
    बाहरी साज़िशों और अंदरूनी चुनौतियों से जूझता किसान आंदोलन अपनी शोकांतिका (obituary) लिखने वालों को फिर निराश करेगा
    22 Oct 2021
    किसान आंदोलन के लिए यह एक कठिन दौर है। किसान नेतृत्व चिंतित, लेकिन सजग है, सूझबूझ और साहस के साथ सटीक स्टैंड लेते हुए कदम बढ़ा रहा है और मोदी-शाह के चक्रव्यूह को तोड़ कर आगे बढ़ने के लिए कृतसंकल्प है।
  • Bangladesh peace rally
    सत्यम श्रीवास्तव
    बांग्लादेश में सांप्रदायिक हिंसा और आश्वस्त करती सरकार की ज़िम्मेदार पहल
    22 Oct 2021
    हाल में जिस तरह से सांप्रदायिक हिंसा पर वहाँ की सरकार ज़िम्मेदारी से काम करते दिखलाई दे रही है उससे लगता है कि वह इस शांति और सद्भाव को बचाने की ईमानदार कोशिश कर रही है। ...अगर इस एक मामले में देखें…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License