NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
झारखंड चुनाव: पहले चरण में 11 बजे तक 27.41 प्रतिशत मतदान
प्रथम चरण में विधानसभा की 13 सीटों पर कुल 37,83,055 मतदाता 189 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला कर रहे हैं। 
भाषा
30 Nov 2019
jharkhand election
Image courtesy: Jagran

रांची:  झारखंड विधानसभा चुनाव में पहले चरण में 13 सीटों पर शनिवार सुबह 11 बजे तक 27.41 प्रतिशत मतदान हुआ। प्रथम चरण में कुल 37,83,055 मतदाता 189 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला कर रहे हैं।     

चुनाव आयोग के प्रवक्ता ने बताया कि सुबह 11 बजे तक चतरा में 29.32 प्रतिशत, गुमला में 30.46 प्रतिशत, बिशुनपुर में 29.51, लोहरदगा में 21.27, मनिका में 22.17, लातेहार में 27.00, पांकी में 26.50, डाल्टनगंज में 27.90, बिश्रामपुर में 27.20 प्रतिशत, छतरपुर में 28.20, हुसैनाबाद में 26.60, पलामू में 27.30, गढ़वा में 27.40 और भवनाथपुर में 30.38 प्रतिशत मतदान हुआ।
मतदान सुबह सात बजे शुरू हुआ और दोपहर तीन बजे तक चलेगा।

झारखंड में भारी सुरक्षा के बीच जारी विधानसभा चुनावों के प्रथम चरण के मतदान के दौरान आज शनिवार सुबह लगभग साढ़े आठ बजे नक्सलियों ने बिशुनपुर के घाघरा गांव के जंगल में एक पुलिया के निकट विस्फोट किया। हालांकि किसी भी तरह के जानमाल के नुकसान की कोई ख़बर नहीं है।

पुलिस बल मौके पर मौजूद है और इलाके की घेराबंदी कर जांच की जा रही है।

अपर पुलिस महानिदेशक एवं झारखंड चुनाव में सुरक्षा व्यवस्था के नोडल अधिकारी मुरारीलाल मीणा ने बताया कि हताश नक्सलियों ने मतदाताओं में भय पैदा करने के लिए बिशुनपुर के बानालाट और वीरानपुर के बीच जंगल में एक पुलिया के निकट यह विस्फोट किया। हालांकि इससे कोई नुकसान नहीं हुआ है।

मीणा ने बताया कि सभी 13 विधानसभा क्षेत्रों में शांतिपूर्ण ढंग से मतदान जारी है और कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की खबर नहीं है।
इस बीच, डाल्टनगंज में कांग्रेस के प्रत्याशी कृष्णानंद त्रिपाठी और भाजपा समर्थकों के बीच झड़प की खबर मिली है। त्रिपाठी ने मतदान केन्द्र पर कब्जा करने के आरोप लगाए लेकिन चुनाव आयोग के अधिकारियों ने इसकी पुष्टि नहीं की है।

इसे भी पढ़े: झारखंड चुनाव: प्रथम चरण मतदान; कितना करेगा वास्तविक जनसमस्याओं का समाधान!

Jharkhand Assembly Elections
First phase polling
violence in first phase of election
BJP
Congress

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • Sudan
    पवन कुलकर्णी
    कड़ी कार्रवाई के बावजूद सूडान में सैन्य तख़्तापलट का विरोध जारी
    18 Jan 2022
    सुरक्षा बलों की ओर से बढ़ती हिंसा के बावजूद अमेरिका और उसके क्षेत्रीय और पश्चिमी सहयोगियों के साथ-साथ संयुक्त राष्ट्र भी बातचीत का आह्वान करते रहे हैं। हालांकि, सड़कों पर "कोई बातचीत नहीं, कोई समझौता…
  • CSTO
    एम. के. भद्रकुमार
    कज़ाख़िस्तान में पूरा हुआ CSTO का मिशन 
    18 Jan 2022
    रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की बुधवार को क्रेमलिन में रक्षा मंत्री सर्गेई शोइगु के साथ कज़ाख़िस्तान मिशन के बारे में कलेक्टिव सिक्योरिटी ट्रीट ऑर्गनाइजेशन की “वर्किंग मीटिंग” के बाद दी गई चेतावनी…
  • election rally
    रवि शंकर दुबे
    क्या सिर्फ़ विपक्षियों के लिए हैं कोरोना गाइडलाइन? बीजेपी के जुलूस चुनाव आयोग की नज़रो से दूर क्यों?
    18 Jan 2022
    कोरोना गाइडलाइंस के परवाह न करते हुए हर राजनीतिक दल अपनी-अपनी तरह से प्रचार में जुटे हैं, ऐसे में विपक्षी पार्टियों पर कई मामले दर्ज किए जा चुके हैं लेकिन बीजेपी के चुनावी जुलूसों पर अब भी कोई बड़ी…
  • Rohit vemula
    फ़र्रह शकेब
    स्मृति शेष: रोहित वेमूला की “संस्थागत हत्या” के 6 वर्ष बाद क्या कुछ बदला है
    18 Jan 2022
    दलित उत्पीड़न की घटनायें हमारे सामान्य जीवन में इतनी सामान्य हो गयी हैं कि हम और हमारी सामूहिक चेतना इसकी आदी हो चुकी है। लेकिन इन्हीं के दरमियान बीच-बीच में बज़ाहिर कुछ सामान्य सी घटनाओं के प्रतिरोध…
  • bank
    प्रभात पटनायक
    पूंजीवाद के अंतर्गत वित्तीय बाज़ारों के लिए बैंक का निजीकरण हितकर नहीं
    18 Jan 2022
    बैंकों का सरकारी स्वामित्व न केवल संस्थागत ऋण की व्यापक पहुंच प्रदान करता है बल्कि पूंजीवाद की वित्तीय प्रणाली की स्थिरता के लिए भी आवश्यक है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License