NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कैग रिपोर्ट: दिल्ली सरकार ने लक्षित लोगो की मदद की जगह फिजूलखर्ची की
सबसे गंम्भीर बात यह है कि संस्थाओं ने लक्षित लोगों की पहचान के लिये न तो कोई सर्वेक्षण किया और न ही इच्छित लाभार्थियों का कोई आंकड़ा तैयार किया |
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
12 Apr 2018
kejriwal

कैग रिपोर्ट के अनुसार अनुसूचित जाति,अनुसूचित जनजाति ,अन्य पिछड़ा वर्ग ,अल्पसंख्यक समुदाय और दिव्यांगों को सुविधा और आर्थिक सहायता प्रदान करने वाली दिल्ली सरकार की संस्थाओ ने लक्षित समूह की मदद नही की,जबकी उन्हें अपने शीर्ष संस्थाओ से पर्याप्त धन भी प्रप्त हुआ | रिपोर्ट के अनुसार इन संस्थाओ ने लक्षित लोगो की मदद की जगह फिजूलखर्ची की और उन्होंने लक्षित लोगो की मदद करने के लिए कोई शीघ्रता और इच्छाशक्ति  भी नहीं दिखाया |

इस रिपोर्ट में सरकार की संस्थाओ  की कार्य प्रणाली पर कई गंम्भीर  सवाल उठए हैं | इसमें साफ दिखता है की नौकरशाही किस प्रकार से लाभार्थीयों को लाभ देने में ढीला और गैरज़िम्मेदाराना रैवय अपनाती है | लाभार्थीयों को ज़ितना लाभ मिलना था, उससे बहुत कम लाभ मिल है | जबकी संस्थाओ के पास धन की कोई कमी नही थी,नही तो अधिकांश इस तरह के ममलो में सरकारों और उनकी संस्थाओ का एक ही बहाना होता है कि धन पर्याप्त नहीं मिला है |

इस रिपोर्ट में कुछ तथ्य बहुत ही चौकाने वाले हैं  ,जिन पर चर्चा आवश्यक है | सरकार विभन्न योजना के तहत दिए गए ऋण  8.27 करोड़ को वापस लेने में असफल रही है |

इस रिपोर्ट में ये भी दर्शाया गया है कि किस प्रकार सरकार अपने तय किये गये लक्ष्य के आस-पास भी नहीं पहुच सकी है |  सरकार ने 2012 से 2013 तक 3,175 अनुसूचित जाति के लिए ऋण देने का लक्ष्य रखा था परन्तु वो 459  लोगो को ही दिया है | वहीं इसी अवधि के दौरान अन्य पिछड़ा वर्ग  के लिए लक्ष्य 2,020 का था लेकिन सरकार ने 78 ही लाभार्थियों को ही ऋण दिया | इसके साथ ही अल्पसंख्यक समुदाय के केबल 59 लाभार्थियों को ऋण मिला है |

वहीं दूसरी तरफ दिव्यांगों के मामले में भी सरकारी विभगो का रवैया कोई अलग नही है | आकड़ो के मुताबिक 2012 से 2017के मध्य 696 दिव्यांगो को विभिन्न योजनाओ के तहत ऋण देने का लक्ष्य था परन्तु केवल 24 दिव्यांग को ही ऋण मिला है |

इसमें भाजपा शासित निगम ने भी 2003 से 2017 के मध्य दिव्यांग की 2.35 आब्दी में से केवल 837 लाभार्थियों को ही ऋण दे सका है |

कैग के नोट के अनुसार बहुत महत्वपूर्ण है कि एक बड़ी आबदी को लाभा के दायरे में लाया जा सकता था |  उन्हें शीर्ष संस्थाओ से पर्याप्त धन मिला था,लेकिन क्रियान्वयन करने वाली संस्थाओ ने कोई रूचि और शीघ्रता नहीं दिखाई |

जबकी नौकरशाहो ने फिजूलखर्ची की जरूरी समझा और ज़्यादा पैसा गाड़िया खरीदने और उसके रखरखाव में खर्च किया है | जरूरतमंद लोगो को धन न देकर बचे हुए धन को बैंक में रखकर  ब्याज अर्जित किया |इससे इन्हें 35 करोड़ की राशी कमाई |

सबसे गंम्भीर बात यह है की संस्थाएं कितनी बेफिक्र हैं कि उन्होंने लक्ष्यित लोगो की पहचान के लिये ना तो कोई सर्वेक्षण किया और ना ही इच्छित लाभार्थियों का कोई आंकड़ा तैयार किया |

केजरीवाल
AAP
दिल्ली सरकार
दिल्ली नगर निगम
कैग रिपोर्ट
CAG

Related Stories

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग

मूसेवाला की हत्या को लेकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन, कांग्रेस ने इसे ‘राजनीतिक हत्या’ बताया

‘आप’ के मंत्री को बर्ख़ास्त करने से पंजाब में मचा हड़कंप

हार्दिक पटेल का अगला राजनीतिक ठिकाना... भाजपा या AAP?

मुंडका अग्निकांड: सरकारी लापरवाही का आरोप लगाते हुए ट्रेड यूनियनों ने डिप्टी सीएम सिसोदिया के इस्तीफे की मांग उठाई

मुंडका अग्निकांड के लिए क्या भाजपा और आप दोनों ज़िम्मेदार नहीं?

मुंडका अग्निकांड: लापता लोगों के परिजन अनिश्चतता से व्याकुल, अपनों की तलाश में भटक रहे हैं दर-बदर

जम्मू में आप ने मचाई हलचल, लेकिन कश्मीर उसके लिए अब भी चुनौती

शाहीन बाग़ : देखने हम भी गए थे प तमाशा न हुआ!


बाकी खबरें

  • Victims of Tripura
    मसीहुज़्ज़मा अंसारी
    त्रिपुरा हिंसा के पीड़ितों ने आगज़नी में हुए नुकसान के लिए मिले मुआवज़े को बताया अपर्याप्त
    25 Jan 2022
    प्रशासन ने पहले तो किसी भी हिंसा से इंकार कर दिया था, लेकिन ग्राउंड से ख़बरें आने के बाद त्रिपुरा सरकार ने पीड़ितों को मुआवज़ा देने की घोषणा की थी। हालांकि, घटना के तीन महीने से अधिक का समय बीत जाने के…
  • genocide
    अजय सिंह
    मुसलमानों के जनसंहार का ख़तरा और भारत गणराज्य
    25 Jan 2022
    देश में मुसलमानों के जनसंहार या क़त्ल-ए-आम का ख़तरा वाक़ई गंभीर है, और इसे लेकर देश-विदेश में चेतावनियां दी जाने लगी हैं। इन चेतावनियों को नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता।
  • Custodial Deaths
    सत्यम् तिवारी
    यूपी: पुलिस हिरासत में कथित पिटाई से एक आदिवासी की मौत, सरकारी अपराध पर लगाम कब?
    25 Jan 2022
    उत्तर प्रदेश की आदित्यनाथ सरकार दावा करती है कि उसने गुंडाराज ख़त्म कर दिया है, मगर पुलिसिया दमन को देख कर लगता है कि अब गुंडाराज 'सरकारी' हो गया है।
  • nurse
    भाषा
    दिल्ली में अनुग्रह राशि नहीं मिलने पर सरकारी अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ ने विरोध जताया
    25 Jan 2022
    दिल्ली नर्स संघ के महासचिव लालाधर रामचंदानी ने कहा, ‘‘लोक नायक जयप्रकाश अस्पताल, जीटीबी हस्पताल और डीडीयू समेत दिल्ली सरकार के अन्य अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ ने इस शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में भाग…
  • student
    भाषा
    विश्वविद्यालयों का भविष्य खतरे में, नयी हकीकत को स्वीकार करना होगा: रिपोर्ट
    25 Jan 2022
    रिपोर्ट के अनुसार महामारी के कारण उन्नत अर्थव्यवस्था वाले देशों में विश्वविद्यालयों के सामने अनेक विषय आ रहे हैं और ऐसे में विश्वविद्यालयों का भविष्य खतरे में है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License