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आंदोलन
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भारत
राजनीति
अर्थव्यवस्था
किसानों का हक़ छिनेगी बड़ी कंपनी?
देश भर के किसान अपनी मांगों को लेकर दिल्ली की सीमाओं पर पिछले 44 दिन से बैठे हैं। किसानों का मानना है कि पहले से ही बदहाल किसान इन नए कृषि क़ानूनों के आने से और बदहाल और मजबूर हो जाएगा। प्राइवेट मंडिया खुलने से उसे एपीएमसी की मंडिया बंद होने का ख़तरा है तो कॉन्ट्रेक्ट फॉर्मिंग से अपनी ज़मीने जाने का ख़तरा है। अब क्या कंपनियों की नज़र किसानों की आय पर है? बता रहे हैं ऑनिंद्यो
न्यूज़क्लिक टीम
08 Jan 2021
farmers protest
Farm Bills
corporate
BJP
Modi government

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