NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कर्नाटक के बाद किसकी बारी?
कर्नाटक विधानसभा में मंगलवार को हुए विश्वास-मत के दौरान मुख्यमंत्री एच डी कुमारस्वामी की अगुवाई वाली कांग्रेस-जनता दल (एस) गठबंधन सरकार गिर गई! सरकार के पक्ष में सिर्फ 99 विधायक खड़े हुए जबकि विपक्ष में 105. बहुत संभव है, राज्य में जल्दी ही भाजपा सरकार बने! उधर, गोवा सहित कुछ अन्य राज्यों में भी भाजपा के पक्ष में दल-बदल का अंधड़ चला। दल-बदल विरोधी कानून के बावजूद ताकतवर और सत्ताधारी पार्टियां अपने विपक्षियों को तोड़ने का कोई मौका चूकना नहीं चाहतीं! ऐसे में बड़ा सवाल है: क्या कानून में बदलाव की ज़रूरत है? दूसरा बड़ा सवाल कि कर्नाटक के बाद भाजपा की अगली नजर मध्य प्रदेश पर है या राजस्थान पर? इन्हीं सवालों पर चर्चा कर रहे हैं वरिष्ठ पत्रकार उर्मिलेश!
न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
24 Jul 2019

कर्नाटक विधानसभा में मंगलवार को हुए विश्वास-मत के दौरान मुख्यमंत्री एच डी कुमारस्वामी की अगुवाई वाली कांग्रेस-जनता दल (एस) गठबंधन सरकार गिर गई! सरकार के पक्ष में सिर्फ 99 विधायक खड़े हुए जबकि विपक्ष में 105. बहुत संभव है, राज्य में जल्दी ही भाजपा सरकार बने! उधर, गोवा सहित कुछ अन्य राज्यों में भी भाजपा के पक्ष में दल-बदल का अंधड़ चला। दल-बदल विरोधी कानून के बावजूद ताकतवर और सत्ताधारी पार्टियां अपने विपक्षियों को तोड़ने का कोई मौका चूकना नहीं चाहतीं! ऐसे में बड़ा सवाल है: क्या कानून में बदलाव की ज़रूरत है? दूसरा बड़ा सवाल कि कर्नाटक के बाद भाजपा की अगली नजर मध्य प्रदेश पर है या राजस्थान पर? इन्हीं सवालों पर चर्चा कर रहे हैं वरिष्ठ पत्रकार उर्मिलेश!

hd kumaraswamy
congres janta dal
BJP
BJP government
karnataka
BJP in Karnataka
Karnataka Assembly
Congress

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • Inflation
    सौम्या शिवकुमार
    महंगाई "वास्तविक" है और इसका समाधान भी वास्तविक होना चाहिए
    01 Mar 2022
    केंद्रीय बैंकों द्वारा महंगाई को काबू करने के लिए ब्याज दर को प्रबंधित किया जाता है, लेकिन यह तरीक़ा अप्रभावी साबित हुआ है। इतना ही नहीं, इस उपकरण का जब इस्तेमाल किया जाता है, तब यह भी ध्यान नहीं रखा…
  • russia ukrain
    एपी/भाषा
    यूक्रेन-रूस घटनाक्रम: रूस को अलग-थलग करने की रणनीति, युद्ध अपराधों पर जांच करेगा आईसीसी
    01 Mar 2022
    अमेरिका ने जासूसी के आरोप में 12 रूसी राजनयिकों को निष्कासित करने की घोषणा की है। रूस की कई समाचार वेबसाइट हैक हो गईं हैं जिनमें से कुछ पर रूस ने खुद रोक लगाई है। तो वहीं संयुक्त राष्ट्र के दुलर्भ…
  •  Atal Progress Way
    बादल सरोज
    अटल प्रोग्रेस वे से कई किसान होंगे विस्थापित, चम्बल घाटी का भी बदल जाएगा भूगोल : किसान सभा
    01 Mar 2022
    "सरकार अपनी इस योजना और उसके असर को छुपाने की कोशिश में है। ना तो प्रभावित होने वाले किसानों को, ना ही उजड़ने और विस्थापित होने वाले परिवारों को विधिवत व्यक्तिगत नोटिस दिए गए हैं। पुनर्वास की कोई…
  • covid
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर एक लाख से कम हुई 
    01 Mar 2022
    पिछले 24 घंटों में देश में कोरोना के क़रीब 7 हज़ार नए मामले सामने आए हैं। देश में अब एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 92 हज़ार 472 हो गयी है।
  • Imperialism
    प्रभात पटनायक
    साम्राज्यवाद अब भी ज़िंदा है
    01 Mar 2022
    साम्राज्यवादी संबंध व्यवस्था का सार विश्व संसाधनों पर महानगरीय या विकसित ताकतों द्वारा नियंत्रण में निहित है और इसमें भूमि उपयोग पर नियंत्रण भी शामिल है। 
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License