कॉर्पोरेट परस्त सरकारी नीतियों के खिलाफ़ देश के मज़दूरों का एकजुट संघर्ष I
केन्द्रीय मज़दूर संगठनों और स्वतंत्र औद्योगिक महासंघों ने एक संयुक्त सम्मलेन में नवम्बर 9–11 को संसद भवन के पास तीन दिवसीय ‘महापड़ाव’ करने का फैसला किया I यह महापड़ाव केंद्र और ज़्यादातर राज्य सरकारों की जन और मज़दूर विरोधी नीतियों के खिलाफ़ किया जा रहा है I इस महापड़ाव की तैयारी में विभिन्न स्तरों पर एक संयुक्त प्रचार किया जा रहा है I