NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
आंदोलन
घटना-दुर्घटना
भारत
पायल तड़वी केस: अपराध शाखा को तीनों आरोपी महिला डॉक्टरों से पूछताछ की इजाजत मिली
राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग का पांच सदस्यीय दल पायल तड़वी आत्महत्या कांड के संबंध में शीर्ष सरकारी अधिकारियों और बीवाईएल नायर अस्पताल के प्रबंधन से जुड़े लोगों से मिलने के लिए मुम्बई पहुंचा है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
06 Jun 2019
payal

बंबई हाई कोर्ट ने पायल तड़वी केस में आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार तीन महिला डॉक्टरों को अपराध शाखा की हिरासत में देने से इनकार कर दिया। बहरहाल, न्यायालय ने अपराध शाखा को उनसे चार दिनों तक पूछताछ की इजाजत दे दी।

न्यायमूर्ति एस एस शिंदे की एकल पीठ ने कहा कि अपराध शाखा तीनों आरोपियों को दिन के वक्त पूछताछ के लिए बायकला जेल से ले जा सकती है। हाई कोर्ट ने कहा, ‘गिरफ्तार आरोपियों को आज (गुरुवार को) दोपहर दो बजे से शाम छह बजे जबकि शुक्रवार, शनिवार और रविवार को सुबह नौ बजे से शाम छह बजे तक के लिए जेल, जहां उन्हें रखा गया है, से पूछताछ के लिए ले जाया जाएगा।’

अपराध शाखा ने इस हफ्ते की शुरुआत में उच्च न्यायालय का रुख कर तीनों आरोपी डॉक्टरों - हेमा आहूजा, भक्ति मेहर और अंकिता खंडेलवाल- की हिरासत मांगी थी। स्थानीय बी वाई एल अस्पताल से जुड़ी तीनों आरोपी डॉक्टरों को पिछले हफ्ते अपनी कनिष्ठ सहकर्मी डॉ. पायल तड़वी को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।

एक विशेष अदालत ने पिछले शुक्रवार को तीनों आरोपियों की पुलिस हिरासत अवधि बढ़ाने से इनकार करते हुए उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया था।

एनसीएसटी महाराष्ट्र सरकार और बीवाईएल अधिकारियों से मिलेगा

राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (एनसीएसटी) का पांच सदस्यीय दल पायल तड़वी आत्महत्या कांड के संबंध में शीर्ष सरकारी अधिकारियों और बीवाईएल नायर अस्पताल के प्रबंधन से जुड़े लोगों से मिलने के लिए मुम्बई पहुंचा है।

एक अधिकारी ने बताया कि आयोग के अध्यक्ष नंद कुमार साय की अगुवाई वाली यह टीम महाराष्ट्र के मुख्य सचिव, सचिव (स्वास्थ्य) और मुम्बई के पुलिस आयुक्त समेत प्रशासन एवं पुलिस के शीर्ष अधिकारियों के साथ आठ जून को बैठक करेगी।

आयोग इस मामले के सिलसिले में नेशनल मेडिकल कॉलेज के प्रबंध निदेशक टी एन टोपीवाला और बीवाईएल नायर अस्पताल के प्रबंधन से जुड़े लोगों से भी मिलेगा। 

आयोग ने इससे पहले महाराष्ट्र के मुख्य सचिव, स्वास्थ्य सचिव, मुम्बई के पुलिस आयुक्त और बीवाईएल नायर अस्पताल के अधिकारियों को नोटिस जारी किया था और उनसे दस दिनों में जवाब मांगा था।

टीएन टोपीवाला नेशनल मेडिकल के स्त्रीरोग विभाग की द्वितीय वर्ष की छात्रा 26 वर्षीय तड़वी ने 22 मई को अपने छात्रावास में खुदकुशी कर ली थी। उसके परिवार ने आरोप लगाया कि तड़वी के तीन वरिष्ठ साथियों ने उस पर ताना मारा और जातिसूचक अपमानजनक टिप्पणी की क्योंकि वह अनुसूचित जनजाति से थी।

आरोपियों पर अनुसूचित जाति/जनजाति (उत्पीड़न रोकथाम) अधिनियम, रैगिंग निरोधक कानून, सूचना प्रौद्योगिकी कानून और भादंसं की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। तड़वी को पिछले साल आरक्षित श्रेणी के तहत इस सरकारी कॉलेज एवं अस्पताल में दाखिला मिला था।

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

payal tadvi
dr payal
Dalit atrocities
Adivasi women
Mumbai
doctor
atrocities on STs

Related Stories

क्या पुलिस लापरवाही की भेंट चढ़ गई दलित हरियाणवी सिंगर?

न्याय के लिए दलित महिलाओं ने खटखटाया राजधानी का दरवाज़ा

उत्तर प्रदेश: योगी के "रामराज्य" में पुलिस पर थाने में दलित औरतों और बच्चियों को निर्वस्त्र कर पीटेने का आरोप

मनी लॉन्ड्रिंग मामले में महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक से ईडी कर रही है पूछताछ

मुंबईः दो साल से वेतन न मिलने से परेशान सफाईकर्मी ने ज़हर खाकर दी जान

‘बुल्ली बाई’ ऐप मामला : मुंबई पुलिस ने एक और छात्र को गिरफ़्तार किया

यूपी: बेहतर कानून व्यवस्था और महिला सुरक्षा पर उठते सवाल!, दलित-नाबालिग बहनों का शव तालाब में मिला

पीड़ित परिवार का आरोप- अर्नब की वजह से जांच को दबाया गया

सिर्फ बलरामपुर ही नहीं, हाथरस के बाद कई और दुष्कर्म, NHRC ने योगी सरकार को भेजा नोटिस

हाथरस की दलित बेटी को क्या न्याय मिल सकेगा?


बाकी खबरें

  • सोनिया यादव
    आंगनवाड़ी की महिलाएं बार-बार सड़कों पर उतरने को क्यों हैं मजबूर?
    23 Feb 2022
    प्रदर्शनकारी कार्यकर्ताओं का कहना है कि केंद्र और राज्य दोनों सरकारों द्वारा घोषणाओं और आश्वासनों के बावजूद उन्हें अभी तक उनका सही बकाया नहीं मिला है। एक ओर दिल्ली सरकार ने उनका मानदेय घटा दिया है तो…
  • nawab malik
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    हम लड़ेंगे और जीतेंगे, हम झुकेंगे नहीं: नवाब मलिक ने ईडी द्वारा गिरफ़्तारी पर कहा
    23 Feb 2022
    लगभग आठ घंटे की पूछताछ के बाद दक्षिण मुंबई स्थित ईडी कार्यालय से बाहर निकले मलिक ने मीडिया से कहा, '' हम लड़ेंगे और जीतेंगे। हम झुकेंगे नहीं।'' इसके बाद ईडी अधिकारी मलिक को एक वाहन में बैठाकर मेडिकल…
  • SKM
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बंगाल: बीरभूम के किसानों की ज़मीन हड़पने के ख़िलाफ़ साथ आया SKM, कहा- आजीविका छोड़ने के लिए मजबूर न किया जाए
    23 Feb 2022
    एसकेएम ने पश्चिम बंगाल से आ रही रिपोर्टों को गम्भीरता से नोट किया है कि बीरभूम जिले के देवचा-पंचमी-हरिनसिंह-दीवानगंज क्षेत्र के किसानों को राज्य सरकार द्वारा घोषित "मुआवजे पैकेज" को ही स्वीकार करने…
  • राजस्थान विधानसभा
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    राजस्थान में अगले साल सरकारी विभागों में एक लाख पदों पर भर्तियां और पुरानी पेंशन लागू करने की घोषणा
    23 Feb 2022
    मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बुधवार को वित्तवर्ष 2022-23 का बजट पेश करते हुए 1 जनवरी 2004 और उसके बाद नियुक्त हुए समस्त कर्मचारियों के लिए आगामी वर्ष से पूर्व पेंशन योजना लागू करने की घोषणा की है। इसी…
  • चित्र साभार: द ट्रिब्यून इंडिया
    भाषा
    रामदेव विरोधी लिंक हटाने के आदेश के ख़िलाफ़ सोशल मीडिया की याचिका पर सुनवाई से न्यायाधीश ने खुद को अलग किया
    23 Feb 2022
    फेसबुक, ट्विटर और गूगल ने एकल न्यायाधीश वाली पीठ के 23 अक्टूबर 2019 के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें उन्हें और गूगल की अनुषंगी कंपनी यूट्यूब को रामदेव के खिलाफ मानहानिकारक आरोपों वाले वीडियो के…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License