NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
पूरे देश में 22 सीटों पर चुनाव लड़ेगी माले, भाजपा को हराना पहली प्राथमिकता
बिहार में चार और झारखंड में दो सीटों प्रत्याशियों के नाम की घोषणा की गई है। इसके अलावा पार्टी यूपी, ओडिशा व अन्य कुछेक राज्यों में भी अपने प्रत्याशी उतार रही है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
01 Apr 2019
आरा में भाकपा माले प्रत्याशी राजू यादव के साथ गुजरात से विधायक और दलित नेता जिग्नेश मेवाणी और जेएनयूएसयू अध्यक्ष एन साई बालाजी।
आरा में भाकपा माले प्रत्याशी राजू यादव के साथ जिग्नेश मेवाणी और जेएनयूएसयू अध्यक्ष एन साई बालाजी।

लोकसभा चुनाव 2019 में भाजपा नीत एनडीए गठबंधन की हार सुनिश्चित करने के लिए भाकपा-माले ने इस बार कम सीटों पर चुनाव लड़ने की घोषणा की थी ताकि वोटों का बंटवारा न हो। इसी रणनीति के तहत माले ने पूरे देश में कुल 22 लोकसभा सीटों पर अपने प्रत्याशी खड़े करने की घोषणा की है। बाकि सीटों पर भाजपा को हराने के अभियान में शामिल होने का ऐलान किया गया है।

पटना  में भाकपा माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य व अन्य नेताओं की ओर से जारी बयान में बताया गया है कि बिहार में पार्टी 4 सीटों, झारखंड में 2 तथा यूपी, उड़ीसा व अन्य कुछेक राज्यों से चुनाव लड़ रही है। बिहार की चार सीटों में आरा की सीट से प्रत्याशी के नाम की घोषणा पहले ही हो चुकी है। ये से राजू यादव माले के प्रत्यशी हैं। राजद व महागठबंधन के अन्य दलों ने भी राजू यादव को समर्थन दिया है, जबकि सिवान से पार्टी ने एक बार फिर पूर्व विधायक और चर्चित किसान नेता अमरनाथ यादव, काराकाट से पूर्व विधायक व अखिल भारतीय किसान महासभा के राष्ट्रीय महासचिव राजाराम सिंह तथा जहानाबाद से पूर्व जिला परिषद सदस्य महिला नेता कुंती देवी को अपना प्रत्याशी बनाया है। पाटलिपुत्र की सीट भाकपा-माले ने राजद के लिए छोड़ दी है।

झारखंड में कोडरमा सीट से राज-धनवार के वर्तमान विधायक राजकुमार यादव माले के प्रत्याशी होंगे। 2014 के लोकसभा चुनाव में राजकुमार यादव ने भाजपा प्रत्याशी को कड़ी टक्कर दी थी और लगभग 2 लाख 55 हजार वोट हासिल किए थे। विगत विधानसभा चुनाव में उन्होंने 50 हजार से ज्यादा वोट लाकर राजधनवार विधानसभा सीट पर बाबू लाल मरांडी को हराया था। झारखंड के पलामू-सु. सीट से गढ़वा जिला परिषद की पूर्व अध्यक्ष सुषमा मेहता पार्टी की उम्मीदवार हैं। इस प्रकार झारखंड में माले दो सीटों पर चुनाव लड़ रही है।

यूपी के मिर्जापुर से चर्चित दलित महिला नेता जीरा भारती चुनाव लडेंगी। उन्होंने अपने इलाके में कई आंदोलनों का नेतृत्व किया है। इसी तरह ओडिशा की पुरी सीट से ओडिशा ऐपवा की राज्य अध्यक्ष व दलित नेता मंदाकिनी सेठी प्रत्याशी होंगी और सांबित पात्रा के खिलाफ चुनाव लड़ेंगीं। ओडिशा के कोरापुट-एसटी सीट से भूमि अधिकार वनाधिकार आंदोलन के नेता दामोदर सबर पार्टी प्रत्याशी होंगे।

चुनावी अभियान की शुरूआत

भाकपा माले ने 31 मार्च से विधिवत चुनावी अभियान की शुरूआत कर दी है। रविवार, 31 मार्च को सीवान में जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष चंद्रशेखर तथा श्यामनारायण यादव शहादत दिवस मनाया गया। सीवान के अलावा भी शहादत दिवस पर पूरे राज्य में संकल्प सभाएं आयोजित की गईं तथा भाजपा को हराने का संकल्प दुहराया गया। सीवान में इस मौके पर चंद्रशेखर चौक पर सभा भी की गई, जिसमें गुजरात से विधायक जिग्नेश मेवाणी भी शामिल हुए। जिग्नेश ने सोमवार पहली अप्रैल को आरा लोकसभा का दौरा भी किया और महागठबंधन समर्थित भाकपा-माले उम्मीदवार राजू यादव के लिए जनसंपर्क अभियान चलाया।

भाकपा-माले की पोलित ब्यूरो सदस्य व चंद्रशेखर के समय जेएनयू में आइसा की नेता कविता कृष्णन, जेएनयूएसयू के वर्तमान अध्यक्ष एन साईं बालाजी, आइसा की राष्ट्रीय अध्यक्ष सुचेता डे, पूर्व जेएनयूएसयू अध्यक्ष गीता कुमारी, जेएनयूएसू के पूर्व महासचिव व आइसा के वर्तमान महासचिव संदीप सौरभ, जेएनयूएसयू की उपाध्यक्ष सारिका सहित कई छात्र-युवा नेता माले के चुनाव प्रचार अभियान में उतर चुके हैं।

भाकपा-माले भाजपा के खिलाफ 23 मार्च से लेकर 14 अप्रैल तक अभियान चला रही है। आपको बता दें कि 13 अप्रैल को जालियांवाला कांड के सौ वर्ष पूरे हो रहे हैं। इसी तरह 14 अप्रैल संविधान निर्माता बाबा साहेब अंबेडकर की जयंती है। पार्टी के मुताबिक, जलियांवाला कांड आज भी देश में जारी दमन-उत्पीड़न की सरकार के खिलाफ संघर्ष की प्रेरणा देता है। इसी तरह अंबेडकर जयंती आजादी, न्याय, बराबरी और भाईचारा के लिए संघर्ष की प्रेरणा देता है। इन दिवसों पर पार्टी राज्य भर में व्यापक कार्यक्रम कर रही है। 

2019 चुनाव
General elections2019
2019 Lok Sabha elections
CPI(ML)
dipankar bhattacharya
Bihar
Siwan
Arrah
Jharkhand
UttarPradesh
Odisha

Related Stories

बदायूं : मुस्लिम युवक के टॉर्चर को लेकर यूपी पुलिस पर फिर उठे सवाल

बिहार: पांच लोगों की हत्या या आत्महत्या? क़र्ज़ में डूबा था परिवार

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

बिहार : जीएनएम छात्राएं हॉस्टल और पढ़ाई की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

झारखंड-बिहार : महंगाई के ख़िलाफ़ सभी वाम दलों ने शुरू किया अभियान

बिहारः नदी के कटाव के डर से मानसून से पहले ही घर तोड़कर भागने लगे गांव के लोग

मिड डे मिल रसोईया सिर्फ़ 1650 रुपये महीने में काम करने को मजबूर! 

बिहार : दृष्टिबाधित ग़रीब विधवा महिला का भी राशन कार्ड रद्द किया गया

यूपी में  पुरानी पेंशन बहाली व अन्य मांगों को लेकर राज्य कर्मचारियों का प्रदर्शन


बाकी खबरें

  • सबरंग इंडिया
    सद्भाव बनाए रखना मुसलमानों की जिम्मेदारी: असम CM
    17 Mar 2022
    हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि एक करोड़ से अधिक आबादी वाले राज्य में मुस्लिम आबादी का 35 प्रतिशत हैं, वे अब अल्पसंख्यक नहीं, बल्कि बहुसंख्यक हैं।
  • सौरव कुमार
    कर्नाटक : देवदासियों ने सामाजिक सुरक्षा और आजीविका की मांगों को लेकर दिया धरना
    17 Mar 2022
    कलबुर्गी, विजयपुरा, विजयनगर, रायचूर, दवेंगेरे, बागलकोट, बल्लारी, यादगीर और कोप्पल ज़िलों की लगभग 1500 देवदासियों ने पुनर्वास की मांग को लेकर बेंगलुरु शहर में धरना दिया।
  • UKRAIN
    क्लाउस उलरिच
    गेहूं के निर्यात से कहीं बड़ी है यूक्रेन की अर्थव्यवस्था 
    17 Mar 2022
    1991 में सोवियत संघ से स्वतंत्रता मिलने के बाद, यूक्रेन का आर्थिक विकास भ्रष्टाचार, कैपिटल फ्लाइट और सुधारों की कमी से बाधित हुआ। हाल ही में हुए सुधारों से अब देश में रूस के युद्ध की धमकी दी जा रही…
  • भाषा
    दिल्ली हिंसा में पुलिस की भूमिका निराशाजनक, पुलिस सुधार लागू हों : पूर्व आईपीएस प्रकाश सिंह
    17 Mar 2022
    ‘पुलिस के लिये सबसे सशक्त हथियार नागरिकों का भरोसा एवं विश्वास होता है । नागरिक आपके ऊपर भरोसा तभी करेंगे जब आप उचित तरीके से काम करेंगे । ऐसे में लोगों को साथ लें । सामान्य जनता के प्रति संवेदनशील…
  • तान्या वाधवा
    कोलंबिया में राष्ट्रपति पद के दौड़ में गुस्तावो पेट्रो
    17 Mar 2022
    अलग-अलग जनमत सर्वेक्षणों के मुताबिक़ कोलंबिया में आगामी राष्ट्रपति चुनावों के लिए प्रगतिशील नेता गुस्तावो पेट्रो पसंदीदा उम्मीदवार हैं।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License