NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
लैटिन अमेरिका
ऑस्ट्रेलिया
पेरू चुनावः ओपिनियन पोल में पेड्रो कास्टिलो की जीत को दिखाया गया
इप्सोस पेरू द्वारा किए गए ओपिनियन पोल के अनुसार कास्टिलो 42% वोटों के साथ बढ़त बनाए हुए हैं जबकि इनके प्रतिद्वंद्वी केइको फुजिमोरी 31% वोटों के साथ दूसरे स्थान पर हैं।
पीपल्स डिस्पैच
19 Apr 2021
peru

इप्सोस पेरू पोल्स्टर द्वारा 18 अप्रैल को जारी किए गए ओपिनियन के अनुसार वामपंथी राजनीतिक पार्टी फ्री पेरू के पेड्रो कास्टिलो पेरू में राष्ट्रपति चुनावों के दूसरे दौर में जीत रहे हैं। कास्टिलो 42% वोटों के साथ बढ़त बनाए हुए हैं। वहीं इनके प्रतिद्वंद्वी अतिदक्षिण पार्टी पॉपुलर फोर्स पार्टी के केइको फुजीमोरी 31% वोटों के साथ दूसरे स्थान पर हैं। इस सर्वे में यह भी सामने आया है कि सर्वे में शामिल लोगों में से 16% ने कहा कि वे वोट नष्ट कर देंगे और 11% ने यह नहीं कहा कि वे किसे वोट देंगे।

इस सर्वे में आगे बताया गया है कि सर्वे में शामिल 55% लोगों ने कहा कि वे कभी फुजिमोरी को वोट नहीं देंगे जबकि 33% ने कास्टिलो के खिलाफ यही बात कही।

इसी तरह, सर्वे में दिखाया गया है कि कास्टिलो को 51% वोट मिलेंगे जबकि फुजीमोरी को 24% वोट मिलेंगे। हालांकि, राजधानी लीमा में जहां लगभग एक-तिहाई आबादी रहती है फुजिमोरी 43% वोट हासिल करेंगे और कास्टिलो 26% वोट प्राप्त कर सकेंगे।

11 अप्रैल को हुए पहले दौर के चुनाव के अंतिम परिणामों के अनुसार कास्टिलो को 19.06% वोट मिले हैं जबकि फुजिमोरी को 13.36% वोट मिले हैं।

कास्टिलो प्राथमिक स्कूल शिक्षक और यूनियन के नेता हैं। उन्होंने देश के संविधान को फिर से लिखने के पक्ष में इच्छा व्यक्त किया है, जिसका उद्देश्य निजी कंपनियों के साथ प्रतिस्पर्धा करने के लिए राज्य को अर्थव्यवस्था में अग्रणी भूमिका देना है। उन्होंने खनन, तेल, जल विद्युत, गैस और संचार जैसे रणनीतिक उद्योगों और प्राकृतिक संसाधनों का राष्ट्रीयकरण करने का प्रस्ताव दिया है।

इस बीच, पूर्व तानाशाह अल्बर्टो फुजिमोरी की बेटी फुजीमोरी ने अपने पिता की तानाशाही शासन के दौरान तैयार किए गए वर्तमान नवउदारवादी और अनुचित संविधान के संरक्षण के समर्थन की इच्छा जाहिर की हैं। वह मुक्त बाजार आर्थिक मॉडल की वकालत करती हैं।

दूसरे दौर का चुनाव 6 जून को होना निर्धारित हैं। पेरू के 25 मिलियन से अधिक लोग 2021-2026 की कार्यकाल के लिए अपने अगले राष्ट्रपति और दो उपराष्ट्रपति का चुनाव करेंगे। राज्य के नए प्रमुख और उनके उपराष्ट्रपति 28 जुलाई को पदभार ग्रहण करेंगे।

Peru
peru presidential election
petro cristla
left party in peru
socialim vs capitalism

Related Stories

लैटिन अमेरिकी मूवमेंट ने पेरू में तख़्तापलट की चेतावनी दी


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक डेस्क
    महाशय, आपके पास क्या मेरे लिए कोई काम है?
    05 May 2022
    वैज्ञानिक समाजवाद के प्रणेता, साम्यवाद के सिद्धांतकार कार्ल मार्क्स की आज जयंती है। उन्होंने हमें सिर्फ़ कम्युनिस्ट घोषणापत्र और दास कैपिटल जैसी किताब ही नहीं दी बल्कि कुछ ऐसी कविताएं भी दी हैं, जो…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में एक्टिव मामलों की संख्या 20 हज़ार के क़रीब पहुंची 
    05 May 2022
    देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 3,275 नए मामले सामने आए हैं | देश में अब एक्टिव मामलों की संख्या बढ़कर 19 हज़ार 719 हो गयी है।
  • Bharat Ek Mauj
    न्यूज़क्लिक टीम
    भारत एक मौज: बॉलीवुड जनता की हिंदी पार्टी
    05 May 2022
    भारत एक मौज के इस एपिसोड में आज संजय सवाल उठा रहे हैं कि देश में जनता के मुद्दों को उठाने के बजाए हमेशा ध्यान भटकाने वाले मुद्दे ही क्यों उठाए जाते हैं।
  • VOILENCE
    रवि शंकर दुबे
    चुनावी राज्यों में क्रमवार दंगे... संयोग या प्रयोग!
    05 May 2022
    ईद वाले दिन राजस्थान में हुई हिंसा ये बताने के लिए काफी है कि आगे आने वाले चुनावों में मुद्दे क्या होंगे। इतना तो तय है कि विकास की बात भूल जाइए।
  • urmilesh
    न्यूज़क्लिक टीम
    प्रेस फ्रीडम सूचकांक में भारत 150वे स्थान पर क्यों पहुंचा
    04 May 2022
    रिपोर्टर्स विदाउट बार्डर्स के वैश्विक प्रेस फ्रीडम सूचकांक में इस बार भारत पिछले साल के मुकाबले आठ अंक और नीचे गिरा और 180 देशो की सूची में 150 वे पर आ गया. पिछले दिनो भारत डेमोक्रेसी के वैश्विक…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License