NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
भारत
राजनीति
तबरेज़ हत्याकांड: भारतीय मानव अधिकार मोर्चा की राष्ट्रपति से हस्तक्षेप की मांग
मोर्चा ने यह भी मांग की है कि मुसलमानों पर हमलों को रोका जाए। इससे पहले मोर्चा ने जुलूस निकालने की कोशिश की, लेकिन जिला प्रशासन ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए उन्हें इसकी अनुमति नहीं दी।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
06 Jul 2019
फाइल फोटो

मुज़फ़्फ़रनगर। बॉलीवुड अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी के भाई अयाजुद्दीन सिद्दीकी की अध्यक्षता वाले भारतीय मानव अधिकर मोर्चा ने झारखंड में तबरेज़ अंसारी की भीड़ द्वारा पीट-पीट कर की गई हत्या के खिलाफ राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन दिया है।

उप-संभागीय मजिस्ट्रेट दीपक कुमार के माध्यम से शुक्रवार को सौंपे गए ज्ञापन में मोर्चा ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

मोर्चा ने यह भी मांग की है कि मुसलमानों पर हमलों को रोका जाए।

इससे पहले, अयाजुद्दीन के नेतृत्व में कुछ मुस्लिमों ने भीड़ द्वारा हत्या का विरोध करने के लिए जुलूस निकालने की कोशिश की थी, लेकिन जिला प्रशासन ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए उन्हें इसकी अनुमति नहीं दी थी।

चोरी के शक में अंसारी को 19 जून को झारखंड के सरायकेला-खरसावां जिले में भीड़ ने एक खंभे से बांध दिया था और लाठियों से पीटा था।

गंभीर रूप से घायल होने के कारण उन्होंने 22 जून को दम तोड़ दिया था। एक वीडियो में उसे कुछ लोगों द्वारा ‘‘जय श्री राम’’ और ‘‘जय हनुमान’’ बोलने के लिए मजबूर करते देखा गया।

आपको बता दें कि इंडिया स्पेंड की एक रिपोर्ट के मुताबिक 2014 के बाद से झारखंड में नफ़रत से भरे अपराध का यह 14वां मामला था। 

कुछ रिपोर्ट के अनुसार झारखंड में मॉब लिंचिंग का 18वां मामला था। यही नहीं तबरेज़ अंसारी की मौत के साथ, इस साल इस तरह के 11 मामले दर्ज किए गए हैं, जबकि मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा के 2014 में पहली बार सत्ता में आने के बाद से ऐसी घटनाओं की कुल संख्या बढ़कर 266 हो गई है। यह आंकडे Factchecker.in  की मीडिया रिपोर्टों के आधार पर जारी किए गए हैं जो एक ऐसी वेबसाइट है जो भारत में धार्मिक घृणा पर आधारित अपराधों के भयावह रूप पर नज़र रख रही है।

(भाषा के इनपुट के साथ)

#JusticeForTabrez
mob lynching
Jharkhand
meerut
Protest
UP police

Related Stories

चंदौली पहुंचे अखिलेश, बोले- निशा यादव का क़त्ल करने वाले ख़ाकी वालों पर कब चलेगा बुलडोज़र?

मध्यप्रदेश: गौकशी के नाम पर आदिवासियों की हत्या का विरोध, पूरी तरह बंद रहा सिवनी

चंदौली: कोतवाल पर युवती का क़त्ल कर सुसाइड केस बनाने का आरोप

प्रयागराज में फिर एक ही परिवार के पांच लोगों की नृशंस हत्या, दो साल की बच्ची को भी मौत के घाट उतारा

प्रयागराज: घर में सोते समय माता-पिता के साथ तीन बेटियों की निर्मम हत्या!

उत्तर प्रदेश: योगी के "रामराज्य" में पुलिस पर थाने में दलित औरतों और बच्चियों को निर्वस्त्र कर पीटेने का आरोप

चारा घोटाला: सीबीआई अदालत ने डोरंडा कोषागार मामले में लालू प्रसाद को दोषी ठहराया

झारखंड: भाजपा कार्यकर्ताओं ने मुस्लिम युवक से की मारपीट, थूक चटवाकर जय श्रीराम के नारे लगवाए

भारत में हर दिन क्यों बढ़ रही हैं ‘मॉब लिंचिंग’ की घटनाएं, इसके पीछे क्या है कारण?

पीएम को काले झंडे दिखाने वाली महिला पर फ़ायरिंग- किसने भेजे थे बदमाश?


बाकी खबरें

  • एम. के. भद्रकुमार
    भारत को अब क्वाड छोड़ देना चाहिए! 
    15 Mar 2022
    राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) जेक सुलिवन के बयान में अमेरिका के बढ़ते खतरे का भारत की रक्षा क्षमताओं और उसकी राष्ट्रीय सुरक्षा पर महत्त्वपूर्ण असर पड़ेगा। 
  • Kashmir press club
    राज कुमार
    जम्मू-कश्मीर में मीडिया का गला घोंट रही सरकार : प्रेस काउंसिल
    15 Mar 2022
    ग़ौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ़्ती ने सितंबर 2021 में प्रेस काउंसिल ऑफ़ इंडिया को एक पत्र लिखा था और मांग की थी कि काउंसिल एक फ़ैक्ट फ़ाइंडिंग टीम भेजकर जम्मू-कश्मीर में…
  • Jharkhand
    अनिल अंशुमन
    झारखंड: हेमंत सरकार ने आदिवासी समूहों की मानी मांग, केंद्र के ‘ड्रोन सर्वे’ कार्यक्रम पर लगाईं रोक
    15 Mar 2022
    ‘ड्रोन सर्वे’ और ‘ज़मीन की डिजिटल मैपिंग’ कार्यक्रम के खिलाफ आवाज़ उठा रहे सभी आदिवासी संगठनों ने सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है।
  • अजय कुमार
    रूस पर लगे आर्थिक प्रतिबंध का भारत के आम लोगों पर क्या असर पड़ेगा?
    15 Mar 2022
    आर्थिक जानकारों का कहना है कि सरकार चाहे तो कच्चे तेल की वजह से बढ़े हुए ख़र्च का भार ख़ुद सहन कर सकती है।
  • रौनक छाबड़ा
    ईपीएफओ ब्याज दर 4-दशक के सबसे निचले स्तर पर, केंद्रीय ट्रेड यूनियनों ने आम हड़ताल से पहले खोला मोर्चा 
    15 Mar 2022
    ईपीएफओ के केंद्रीय न्यासी बोर्ड ने शनिवार को वित्त वर्ष 2021-22 के लिए अपनी मौजूदा ब्याज दर को 8.5% से घटाकर 8.1% करने की सिफारिश की है। 
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License