NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
यूरोप
यूक्रेन-रूस अपडेट: कीव में हवाई अलर्ट घोषित; यूक्रेन और रूस बृहस्पतिवार को वार्ता करेंगे
युद्धग्रस्त यूक्रेन की राजधानी कीव और उसके आसपास बुधवार की सुबह एक हवाई अलर्ट घोषित किया गया और निवासियों से जल्द से जल्द सुरक्षित स्थानों में जाने का अनुरोध किया गया।

एपी/भाषा
09 Mar 2022
ukraine

यूक्रेन और रूस बृहस्पतिवार को वार्ता करेंगे

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के एक शीर्ष सहयोगी ने कहा है कि बृहस्पतिवार को होने वाली वार्ता के लिए यूक्रेन का प्रतिनिधिमंडल बेलारूस आ रहा है।

रूसी प्रतिनिधिमंडल की अगुवाई कर रहे व्लादिमीर मेडिंस्की ने बुधवार शाम को संवाददाताओं से कहा, '' जहां तक मेरी जानकारी है, यूक्रेनी प्रतिनिधिमंडल कीव से रवाना हो चुका है और रास्ते में है। हम कल (बृहस्पतिवार) वार्ता की उम्मीद कर रहे हैं।''

उन्होंने कहा कि दोनों पक्ष पोलैंड की सीमा से सटे बेलारूसी क्षेत्र में वार्ता करने को लेकर सहमत हुए हैं।

वहीं, यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की के कार्यालय ने एसोसिएटेड प्रेस को प्रतिनिधिमंडल के रवाना होने की पुष्टि की है। हालांकि, पहुंचने के समय की जानकारी नहीं दी।

कीव में हवाई अलर्ट घोषित, निवासियों से सुरक्षित स्थलों पर जाने को कहा

युद्धग्रस्त यूक्रेन की राजधानी कीव और उसके आसपास बुधवार की सुबह एक हवाई अलर्ट घोषित किया गया और निवासियों से जल्द से जल्द सुरक्षित स्थानों में जाने का अनुरोध किया गया।

क्षेत्रीय प्रशासन के प्रमुख ओलेक्सी कुलेबा ने टेलीग्राम पर कहा, ‘‘कीव क्षेत्र - हवाई अलर्ट। मिसाइल हमले का खतरा है। सभी लोग तुरंत सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं।’’ 

यूक्रेन पर हमला करने के करीब दो हफ्ते बाद रूसी सेना ने देश की तटरेखा पर बढ़त हासिल कर ली है। अजोव सागर पर स्थित मारियुपोल को रूसी सैनिकों ने कई दिनों से घेर रखा है और 4,30,000 लोगों की आबादी वाले इस शहर में मानवीय संकट बढ़ रहा है। 

कई दिनों से रूसी सेना ने यूक्रेन के शहरों को घेर रखा है और नागरिकों को सुरक्षित निकालने के लिए मानवीय गलियारे बनाने की कोशिशें विफल हो गयी हैं।

ऐसी जानकारी है कि दो हफ्तों से चल रही इस लड़ाई में देश भर में हजारों लोगों की मौत हो गयी है जिसमें सैन्य और असैन्य नागरिक शामिल हैं।

रूस को आतंकवादी देश घोषित करें : यूक्रेन के राष्ट्रपति ने ब्रिटेन की संसद में कहा

यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने अपने देश पर रूस के हमले के बाद मंगलवार को ब्रिटेन के सांसदों से रूस को ‘‘आतंकवादी देश’’ के रूप में घोषित करने के साथ और अधिक सख्त प्रतिबंधों का आह्वान किया ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि देश के हवाई क्षेत्र सुरक्षित हैं।

यूक्रेन के 44 वर्षीय नेता जेलेंस्की ने वीडियोलिंक के माध्यम से निचले सदन ‘हाउस ऑफ कॉमन्स’ को संबोधित करते हुए ‘‘ऐतिहासिक’’ भाषण दिया। जेलेंस्की का सांसदों ने खड़े होकर अभिवादन किया।

जेलेंस्की ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘हम पश्चिमी देशों की सहायता के लिए आपकी मदद चाहते हैं। हम इस मदद के लिए आभारी हैं और बोरिस, मैं आपका आभारी हूं।’’         

यूक्रेन के राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘कृपया इस देश (रूस) के खिलाफ प्रतिबंधों को बढ़ाएं और कृपया इस देश को एक आतंकवादी देश घोषित करें। कृपया सुनिश्चित करें कि हमारे यूक्रेन का आसमान सुरक्षित रहे।’’                  

जेलेंस्की ने ब्रिटेन की संसद को संबोधित करते हुए कहा कि उनका देश रूस के आक्रमण के खिलाफ आखिरी सांस तक लड़ता रहेगा। जेलेंस्की ने ब्रिटिश सांसदों से कहा कि ‘‘हम हार नहीं मानेंगे और हारेंगे भी नहीं।’’

बाइडन प्रशासन का दावा, रूस अब वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए ‘अछूत’

अमेरिका के बाइडन प्रशासन ने दावा किया कि यूक्रेन पर सैन्य कार्रवाई के बाद रूस वैश्विक अर्थव्यस्था के लिए ‘अछूत’ हो गया है और विश्व समुदाय मॉस्को के खिलाफ सख्त प्रतिबंध लगाने की अमेरिकी पहल से जुड़ रहा है।             

अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने रूस के खिलाफ घोषित आर्थिक प्रतिबंधों के पैकेज को ‘इतिहास में सबसे महत्वपूर्ण’ करार दिया है और दावा किया है कि इससे रूसी अर्थव्यवस्था को गहरा नुकसान पहुंचेगा।

रूस से तेल और गैस आयात पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगाने की घोषणा करने के बाद व्हाइट हाउस में संवाददाताओं से बातचीत में बाइडन ने कहा, ‘‘इससे रूसी अर्थव्यवस्था गर्त में चली गई है। (रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर) पुतिन की ओर से घोषित युद्ध के बाद रूबल का करीब 50 प्रतिशत अवमूल्यन हुआ है और उसकी कीमत एक अमेरिकी सेंट से भी कम हो गई है।’’

बाइडन ने कहा, ‘‘हमने रूस के सबसे बड़े बैंकों को अंतरराष्ट्रीय वित्तीय प्रणाली से अलग-थलग कर दिया है, जिससे मॉस्को की बाकी दुनिया के साथ कारोबार करने की क्षमता बाधित हो गई है।’’

उल्लेखनीय है कि यूक्रेन पर सैन्य कार्रवाई के जवाब में बाइडन ने मंगलवार को घोषणा की कि अमेरिका रूस से तेल और गैस के आयात पर रोक लगाएगा।

बाइडन प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी ने बाद में कहा, ‘‘हमारे ऐतिहासिक समन्वय से रूस वैश्विक अर्थव्यस्था और वित्तीय प्रणाली के लिए ‘अछूत’ बन गया है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘वैश्विक अर्थव्यस्था में लगभग 50 प्रतिशत की हिस्सेदारी रखने वाले करीब 30 देशों ने रूस से तेल और गैस के आयात पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा की है, जिसका रूस पर आर्थिक स्तर पर तत्काल गहरा नुकसान पहुंचाने वाला असर पड़ेगा।’’

अधिकारी ने कहा कि मॉस्को की उच्च प्रौद्योगिकी तक पहुंच रोक दी गई है, जिससे उसके विकास की संभावना बाधित होगी और आने वाले कई वर्षों के लिए उसकी सेना भी कमजोर होगी।  

उन्होंने दावा किया कि रूसी सेंट्रल बैंक को वैश्विक वित्त प्रणाली से काटकर अमेरिका ने रूस को विदेशी मुद्रा भंडार से वंचित कर दिया है और पुतिन के पास अपनी मुद्रा के अवमूल्यन को रोकने के लिए बहुत कम विकल्प बचे हैं।

अधिकारी ने कहा, ‘‘लेन-देन को बाधित कर और रूस के सबसे बड़े बैंक की परिसंपत्ति को जब्त कर हमने पुतिन की विश्व के साथ कारोबार करने की क्षमता को बाधित कर दिया है।’’

रूस से तेल आयात पर फिलहाल रोक लगाने की स्थिति में नहीं सभी सहयोगी देश : अमेरिकी अधिकारी

अमेरिकी प्रशासन ने कहा कि रूस से तेल और गैस के आयात पर रोक लगाने से पहले उसने अपने यूरोपीय साझेदारों से चर्चा की थी। उसने माना कि फिलहाल सभी सहयोगी देश ऐसा प्रतिबंध लगाने की स्थिति में नहीं हैं।             

उल्लेखनीय है कि राष्ट्रपति जो बाइडन ने मंगलवार को कार्यकारी आदेश जारी कर रूस से कच्चे तेल, कई पेट्रोलियम उत्पादों, तरल प्राकृतिक गैस और कोयले के आयात पर रोक लगा दी थी।

इसका उद्देश्य रूस को अमेरिकी चालकों और उपभोक्ताओं से सालाना मिलने वाले अरबों डॉलर के राजस्व से वंचित करना है। पिछले साल अमेरिका ने रूस से रोजाना औसतन सात लाख बैरल कच्चा तेला और परिस्कृत पेट्रोलियम उत्पाद का आयात किया था।

बाइडन प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘‘इस कदम को उठाने से पहले हमने अपने यूरोपीय साझेदारों से करीबी चर्चा की, लेकिन उनसे हमें उम्मीद नहीं थी और हमने उनसे इसमें शामिल होने के लिए नहीं कहा।’’

अधिकारी ने कहा, ‘‘अमेरिका यह कदम उठाने में सक्षम है, क्योंकि घरेलू स्तर पर हमारी मजबूत ऊर्जा उत्पादन क्षमता है। हम स्वीकार करते हैं कि इस मामले में फिलहाल हमारे सभी सहयोगी देश हमसे जुड़ने की स्थिति में नहीं हैं।’’

अधिकारी ने स्पष्ट किया कि प्रतिबंध नए सौदों पर लागू होगा।

उन्होंने कहा, ‘‘हमने रूस से नयी खरीद पर रोक लगाई है, लेकिन पहले हो चुके करार के तहत हम तेल के आयात की अनुमति देंगे। पुराने सौदों के तहत आपूर्ति पूरी करने के लिए हम 45 दिन का समय दे रहे हैं।’’

इस बीच, रूस से तेल और गैस के आयात पर रोक लगाने की घोषणा करते हुए बाइडन ने कहा कि यूक्रेन के खिलाफ रूस के युद्ध से अमेरिकी परिवार प्रभावित हो रहे हैं, क्योंकि गैस के दाम बढ़ रहे हैं और इसमें और इजाफा होने की आशंका है।         

हालांकि, बाइडन ने वादा किया कि वह (रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर)पुतिन द्वारा बढ़ाए गए दाम के असर को घरेलू स्तर पर कम करने के लिए हर संभव कदम उठाएंगे।  

प्रतिबंधों के कार्यकारी आदेश पर दस्तखत करने के बाद व्हाइट हाउस में संवाददाताओं से बातचीत में बाइडन ने कहा, ‘‘पुतिन के युद्ध से पहले ही अमेरिकी परिवार प्रभावित हो रहे हैं, क्योंकि गैस के दाम बढ़ रहे हैं। पुतिन द्वारा यूक्रेन की सीमा पर सैनिकों का जमावड़ा करने के बाद से ही अमेरिका में गैस के दाम 75 सेंट तक बढ़ गए। इस प्रतिबंध से इसमें और वृद्धि होगी।’’

ईंधन के दाम को स्थिर रखने को लेकर उठाए गए कदम पर णेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘हम अपने सहयोगियों से समन्वय कर रहे हैं। हमने छह करोड़ बैरल तेल संयुक्त रूप से अपने आरक्षित भंडार (रिजर्व) से जारी करने की घोषणा की है। इसमें से आधा अमेरिका से आएगा। हम वैश्विक स्तर पर ऊर्जा की विश्वसनीय आपूर्ति सुनिश्चित कर रहे हैं।’’

मैकडॉनल्ड्स, स्टारबक्स, कोका-कोला, पेप्सिको ने रूस में व्यापार अस्थायी रूप से किया निलंबित

मैकडॉनल्ड्स, स्टारबक्स, कोका-कोला, पेप्सिको और जनरल इलेक्ट्रिक जैसे कई वैश्विक ब्रांड ने घोषणा की है कि वे यूक्रेन पर आक्रमण के जवाब में रूस में अपने व्यापार को अस्थायी रूप से निलंबित कर रहे हैं।   

‘मैकडॉनल्ड्स’ के अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) क्रिस केम्पचिंस्की ने कर्मचारियों को भेजे एक पत्र में कहा, ‘‘हमारे सिद्धांतों के अनुसार, हम यूक्रेन में लोगों को हो रही अनावश्यक पीड़ा को नजरअंदाज नहीं कर सकते।’’

शिकागो स्थित ‘बर्गर’ की दिग्गज कम्पनी ने कहा कि वह अस्थायी रूप से 850 स्टोर बंद कर देगी, लेकिन रूस में अपने 62,000 कर्मचारियों को भुगतान करना जारी रखेगी, जिन्होंने ‘‘हमारे मैकडॉनल्ड्स ब्रांड के लिए अपना खून-पसीना लगाया है।’’

केम्पचिंस्की ने पत्र में कहा, ‘‘हमारे जैसे वैश्विक ब्रांड के लिए स्थिति बेहद चुनौतीपूर्ण है और चीजों पर विचार करना जरूरी है।’’

‘स्टारबक्स’ ने भी गत शुक्रवार कहा था कि वह अपने 130 रूसी स्टोर से होने वाले लाभ को यूक्रेन में मानवीय राहत प्रयासों के लिए दान कर रहा है। वहीं, ‘कोका-कोला’ ने भी रूस में अपने कारोबार को निलंबित करने की घोषणा की है, लेकिन इस संबंध में अधिक जानकारी मुहैया नहीं कराई।

‘कोक’ की साझेदार, स्विट्जरलैंड स्थित ‘कोका-कोला हेलेनिक बॉटलिंग कम्पनी’ के पास रूस में 10 बॉटलिंग प्लांट हैं, जो इसका सबसे बड़ा बाजार है। ‘कोका-कोला हेलेनिक बॉटलिंग कम्पनी’ में ‘कोक’ की 21 फीसदी हिस्सेदारी है।

‘पेप्सिको’ और ‘जनरल इलेक्ट्रिक’ ने भी रूस में अपना कारोबार आंशिक रूप से बंद करने की घोषणा की है। ‘पेप्सिको’ ने कहा कि वह रूस में अपने पेय पदार्थ की बिक्री बंद करेगा। वह, वहां हर प्रकार केक पूंजी निवेश और प्रचार गतिविधियों को भी निलंबित करेगा।

हालांकि, कम्पनी ने कहा कि वह अपने 20,000 रूसी कर्मचारियों और 40,000 रूसी कृषि श्रमिकों का समर्थन जारी रखने के लिए दूध, बेबी फॉर्मूला और बेबी फूड का उत्पादन जारी रखेगी।

‘जनरल इलेक्ट्रिक’ ने भी एक ट्वीट में बताया कि वह रूस में अपना कारोबार आंशिक रूप से निलंबित कर रहा है। कम्पनी ने कहा कि रूस में मौजूदा बिजली सेवाओं के लिए आवश्यक सामान और चिकित्सा उपकरण संबंधी सेवाएं जारी रहेंगी।            

इससे पहले, ‘केएफसी’ और ‘पिज्जा हट’ की मूल कम्पनी ‘यम ब्रांड्स’ ने मंगलवार देर रात कहा था कि उसने रूस में कम्पनी के स्वामित्व वाले 70 ‘केएफसी’ रेस्तरां को अस्थायी रूप से बंद करने की योजना बनाई है। साथ ही, वह रूस में सभी 50 ‘पिज्जा हट’ रेस्तरां को बंद करने के लिए एक फ्रेंचाइजी के साथ बातचीत कर रहे हैं।

वहीं, ‘बर्गर किंग’ ने कहा कि वह रूस में अपने 800 स्टोर से होने वाले मुनाफे को राहत प्रयासों के लिए दे रहा है। ‘अमेजन’ ने मंगलवार को कहा था कि कम्पनी के क्लाउड कंप्यूटिंग नेटवर्क और अमेजन वेब सर्विसेज पर रूस और बेलारूस में नए खाते नहीं बन पाएंगे।  

गौरतलब है कि रूस ने पिछले महीने यूक्रेन पर हमला कर दिया था, जिसके बाद से वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आलोचना और तमाम प्रतिबंधों का सामना कर रहा है।

पोलिश रक्षाकर्मियों ने लगभग 100 भारतीय छात्रों की पिटाई करके वापस यूक्रेन भेजा: बेलारूस

बेलारूस ने बुधवार को दावा किया कि पोलिश सीमा पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने लगभग 100 भारतीय छात्रों की पिटाई की और उन्हें वापस यूक्रेन भेज दिया, जिसके बाद उन्हें रोमानिया के एक शरणार्थी शिविर में रखा गया।

संयुक्त राष्ट्र में बेलारूस के राजदूत वैलेन्टिन रयबाकोव ने बुधवार को संयुक्त राष्ट्र महासभा में एक बयान देते हुए यह टिप्पणी की।

रयबाकोव ने कहा, ‘‘पोलिश सीमा प्रहरियों ने 26 फरवरी को लगभग 100 भारतीय छात्रों के एक समूह को पीटा और यूक्रेन वापस भेज दिया, जिन्हें इसके बाद रोमानिया में एक शरणार्थी शिविर में रखा गया।’’

संयुक्त राष्ट्र में यूक्रेन के राजदूत सर्गेई किस्लिट्स्या ने कहा कि उनके देश में रूसी सैन्य अभियान में एक भारतीय नागरिक मारा गया और एक चीनी नागरिक घायल हो गया। किस्लिट्स्या ने कहा, ‘‘यूक्रेन को गहरा खेद है कि भारत का एक छात्र खारकीव में रूसी सेना की गोलाबारी का शिकार हुआ है। हम भारत और पीड़ित के रिश्तेदारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं।’’

विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने मंगलवार को कहा था कि लगभग आठ हजार भारतीय, मुख्य रूप से छात्र, यूक्रेन में फंसे हुए हैं। भारत यूक्रेन के पश्चिमी पड़ोसियों जैसे रोमानिया, हंगरी और पोलैंड से विशेष उड़ानों के माध्यम से अपने नागरिकों को निकाल रहा है, क्योंकि 24 फरवरी से यूक्रेनी हवाई क्षेत्र बंद है।

ukraine
Russia
Ukraine Russia Conflict

Related Stories

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

डेनमार्क: प्रगतिशील ताकतों का आगामी यूरोपीय संघ के सैन्य गठबंधन से बाहर बने रहने पर जनमत संग्रह में ‘न’ के पक्ष में वोट का आह्वान

रूसी तेल आयात पर प्रतिबंध लगाने के समझौते पर पहुंचा यूरोपीय संघ

यूक्रेन: यूरोप द्वारा रूस पर प्रतिबंध लगाना इसलिए आसान नहीं है! 

पश्चिम बैन हटाए तो रूस वैश्विक खाद्य संकट कम करने में मदद करेगा: पुतिन

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शक्ति संतुलन में हो रहा क्रांतिकारी बदलाव

90 दिनों के युद्ध के बाद का क्या हैं यूक्रेन के हालात

यूक्रेन युद्ध से पैदा हुई खाद्य असुरक्षा से बढ़ रही वार्ता की ज़रूरत

खाड़ी में पुरानी रणनीतियों की ओर लौट रहा बाइडन प्रशासन


बाकी खबरें

  • Goa election
    न्यूज़क्लिक टीम
    गोवा चुनाव: राज्य में क्या है खनन का मुद्दा और ये क्यों महत्वपूर्ण है?
    05 Feb 2022
    गोवा में खनन एक प्रमुख मुद्दा है। सभी पार्टियां कह रही हैं कि अगर वो सत्ता में आती हैं तो माइनिंग शुरु कराएंगे। लेकिन कैसे कराएंगे, इसका ब्लू प्रिंट किसी के पास नहीं है। क्योंकि, खनन सुप्रीम कोर्ट के…
  • ajay mishra teni
    भाषा
    लखीमपुर घटना में मारे गए किसान के बेटे ने टेनी के ख़िलाफ़ लोकसभा चुनाव लड़ने का इरादा जताया
    05 Feb 2022
    जगदीप सिंह ने दावा किया कि समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस ने उन्हें लखीमपुर खीरी की धौरहरा विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने की पेशकश की थी, लेकिन उन्होंने यह कहते हुए मना कर दिया कि वे 2024 के लोकसभा…
  • up elections
    भाषा
    उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव पहला चरण: 15 निरक्षर, 125 उम्मीदवार आठवीं तक पढ़े
    05 Feb 2022
    239 उम्मीदवारों (39 प्रतिशत) ने अपनी शैक्षणिक योग्यता कक्षा पांच और 12वीं के बीच घोषित की है, जबकि 304 उम्मीदवारों (49 प्रतिशत) ने स्नातक या उससे ऊपर की शैक्षणिक योग्यता घोषित की है।
  • election
    न्यूज़क्लिक टीम
    "चुनाव से पहले की अंदरूनी लड़ाई से कांग्रेस को नुकसान" - राजनीतिक विशेषज्ञ जगरूप सिंह
    05 Feb 2022
    पंजाब में चुनाव से पहले मुख्यमंत्री पद के दावेदार की घोषणा करना राहुल गाँधी का गलत राजनीतिक निर्णय था। न्यूज़क्लिक के साथ एक खास बातचीत में राजनीतिक विशेषज्ञ जगरूप सिंह ने कहा कि अब तक जो मुकाबला…
  • beedi worker
    सतीश भारतीय
    बीड़ी कारोबार शरीर को बर्बाद कर देता है, मगर सवाल यह है बीड़ी मजदूर जाएं तो जाएं कहां?
    05 Feb 2022
    मध्यप्रदेश का सागर जिला जिसे बीड़ी उद्योग का घर कहा जाता है, वहां बीड़ी कारोबार नशा से बढ़कर गरीब आवाम की रोजी-रोटी का सहारा है। उन्हें बीड़ी कारोबार से बाहर निकालकर गरिमा पूर्ण जीवन मुहैया करवाने के…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License