NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
कानून
भारत
राजनीति
अदालत ने वरवर राव की स्थायी जमानत दिए जाने संबंधी याचिका ख़ारिज की
बंबई उच्च न्यायालय ने एल्गार परिषद-माओवादी संपर्क मामले में कवि-कार्यकर्ता वरवर राव की वह याचिका बुधवार को खारिज कर दी जिसमें उन्होंने चिकित्सा आधार पर स्थायी जमानत दिए जाने का अनुरोध किया था।
भाषा
13 Apr 2022
Varvara Rao

बंबई उच्च न्यायालय ने एल्गार परिषद-माओवादी संपर्क मामले में कवि-कार्यकर्ता वरवर राव की वह याचिका बुधवार को खारिज कर दी जिसमें उन्होंने चिकित्सा आधार पर स्थायी जमानत दिए जाने का अनुरोध किया था । 

न्यायमूर्ति एस बी शुक्रे और न्यायमूर्ति जी ए सानप की पीठ ने हालांकि 83 वर्षीय कार्यकर्ता के लिए तलोजा जेल प्राधिकारियों के समक्ष आत्मसमर्पण करने की अवधि तीन महीने तक बढ़ा दी ताकि वह मोतियाबिन्द का ऑपरेशन करा सकें।

पीठ ने राव की यह अर्जी खारिज कर दी कि उन्हें जमानत पर रहते हुए मुंबई के बजाय हैदराबाद में रहने की अनुमति दी जाए।

अदालत ने यह भी कहा कि उसने पड़ोसी नवी मुंबई में स्थित तलोजा जेल में चिकित्सा सुविधाओं की कमी और वहां साफ-सफाई की खराब स्थिति पर राव के वकील आनंद ग्रोवर के कई दावे सही पाए। अत: उसने महाराष्ट्र के कारागार महानिरीक्षक को खासतौर से तलोजा जेल में ऐसी सुविधाओं की स्थिति पर ‘‘स्पष्ट’’ रिपोर्ट देने का निर्देश दिया है। 

अदालत ने आईजी को इस साल 30 अप्रैल तक रिपोर्ट अदालत को सौंपने का निर्देश दिया है। अदालत ने कहा, ‘‘आईजी कारागार यह सुनिश्चित करें कि अब से कैदियों को राज्य भर की जेलों में अपर्याप्त स्वास्थ्य सुविधाओं पर शिकायत करने की वजह न मिले।’’

उसने राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) की विशेष अदालत से एल्गार परिषद मामले में सुनवाई तेज करने और दैनिक आधार पर सुनवाई करने को कहा। 

राव पिछले साल फरवरी से अस्थायी चिकित्सा जमानत पर जेल से बाहर हैं। उन्होंने तीन याचिकाएं दायर की थीं।

उन्होंने अपनी चिकित्सा जमानत छह महीने तक बढ़ाने का अनुरोध किया था। उन्होंने जमानत पर बाहर रहते हुए तेलंगाना में अपने गृह नगर हैदराबाद में रहने और मामले की सुनवाई पूरी होने तक स्वास्थ्य आधार पर स्थायी जमानत दिए जाने का भी अनुरोध किया था। 

एनआईए के वकील अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल अनिल सिंह ने राव की सभी याचिकाओं का विरोध किया और उच्च न्यायालय से उन्हें वापस जेल भेजने का अनुरोध किया।

Varvara Rao
Bhima Koregaon
Indian judiciary

Related Stories

‘मैं कोई मूक दर्शक नहीं हूँ’, फ़ादर स्टैन स्वामी लिखित पुस्तक का हुआ लोकार्पण

मेरा हौसला टूटा नहीं है : कार्यकर्ता सुधा भारद्वाज

एल्गार परिषद : बंबई उच्च न्यायालय ने वकील सुधा भारद्वाज को ज़मानत दी

स्टेन स्वामी की मौत के ख़िलाफ़ देशभर में उठ रही आवाज़; एल्गार मामले के अन्य आरोपियों ने जेल में भूख हड़ताल की

बात बोलेगी: संस्थागत हत्या है फादर स्टेन स्वामी की मौत

एल्गार मामला : परिजनों ने मुख्यमंत्री से की कार्यकर्ताओं को रिहा करने की मांग

क्यों वरवरा राव को ज़मानत भारतीय लोकतंत्र के लिए एक शुभ संकेत है?

फादर स्वामी ने एनआईए को "झूठे सबूतों" के बारे में बताया था: सहकर्मी

स्टैन स्वामी की गिरफ़्तारी के ख़िलाफ़ हुए प्रदर्शनों ने देश को दिखाई राह

झारखंड: फादर स्टेन स्वामी की गिरफ़्तारी के ख़िलाफ़ बढ़ते विरोध और सवालों के स्वर!


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    पत्रकारिता की पढ़ाई के नाम पर महाविद्यालय की अवैध वसूली
    21 Apr 2022
    शाहजहांपुर के एक महाविद्यालय में पत्रकारिता पढ़ाने के नाम पर अवैध वसूली की जा रही है, मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं की गई।
  • मुकुंद झा
    दिल्ली के जहांगीरपुरी इलाके में अतिक्रमण विरोधी अभियान पर सुप्रीम कोर्ट की रोक, कोर्ट ने पूछे कई गंभीर सवाल
    21 Apr 2022
    दुष्यंत दवे ने कहा कि दिल्ली में 15 लाख लोगों के साथ 731 अनधिकृत कॉलोनियां हैं। आप केवल एक इलाके को निशाना बनाते हैं क्योंकि आप (एमसीडी) केवल एक समुदाय को टारगेट करना चाहते हैं।
  • न्यूजक्लिक रिपोर्ट
    एमपी में सरकार की असफलताओं को छिपाने और सत्ता को बचाने के लिए धार्मिक उन्माद भड़काया जा रहा है : संयुक्त विपक्ष 
    21 Apr 2022
    गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा के बयान असंवैधानिक, आपराधिक, उकसावे वाले तथा सांप्रदायिक विभाजन को बढ़ाने और सांप्रदायिक तत्वों को शह देने वाले होते हैं।"
  • सबरंग इंडिया
    पीएम मोदी के खिलाफ ट्वीट करने पर जिग्नेश मेवाणी गिरफ्तार
    21 Apr 2022
    वडगाम विधायक को गुजरात के बनासकांठा से गिरफ्तार कर उन्हें असम ले जाया जाएगा
  • सबरंग इंडिया
    जब जहांगीरपुरी में बुलडोज़र के सामने खड़ी हो गईं बृंदा करात...
    21 Apr 2022
    74 वर्षीय सीपीआई (एम) पोलित ब्यूरो सदस्य से नेतृत्व का सबक लेने की जरूरत, जिनके साहसिक कार्य ने एक अस्थिर स्थिति को बढ़ने से रोकने में मदद की
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License