लोकतांत्रिक तरीके से चुने गए और गुजरात विश्वविद्यालय के विभिन्न वर्गों के हितों के प्रतिनिधित्व करने वाले सीनेट और सिंडिकेट की जगह प्रदेश की सरकार बोर्ड ऑफ गवर्नेंस के गठन की बात कर रही है।
1 फरवरी को हुए तख्तापलट के बाद से गत रविवार को देश के विभिन्न हिस्सों में सशस्त्र बलों द्वारा हिंसात्मक कार्रवाई में कम से कम 18 प्रदर्शनकारियों की मौत हो गई।
सरकार के नेतृत्व वाले कार्यक्रम के माध्यम से इसने 1979 के बाद से 770 मिलियन से अधिक लोगों को ग़रीबी से बाहर निकाला है। ये संख्या कुल वैश्विक ग़रीबी को कम करने के 70% के आंकड़े से अधिक है।