NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
अंतरराष्ट्रीय
पाकिस्तान
इंटरनेशनल कोर्ट: कुलभूषण जाधव की फांसी पर रोक लेकिन रिहाई की मांग ठुकराई 
इंटरनेशनल कोर्ट ने उनकी फांसी पर रोक लगा दी है। भारत के हक़ में फैसला सुनाते हुए इंटरनेशनल कोर्ट ने जाधव को कॉन्सुलर एक्सेस देने का आदेश भी दिया।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
17 Jul 2019
कुलभूषण जाधव की फांसी पर रोक

पाकिस्तान की जेल में कई वर्षो से  बंद भारतीय नागरिक कुलभूषण जाधव के मामले में इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस(आईसीजे) ने अपना फैसला सुना दिया है।  इंटरनेशनल कोर्ट ने उनकी फांसी पर रोक लगा दी है।  भारत के हक़ में फैसला सुनाते हुए इंटरनेशनल कोर्ट ने जाधव को काउंसलर एक्सेस देने का आदेश भी दिया।  कोर्ट के इस फैसले पर पाकिस्तान ने ऐतराज जताया लेकिन आईसीजे ने इसे खारिज कर दिया। कोर्ट ने कहा पाकिस्तान को अपने फैसले (सजा-ए-मौत) की फिर से समीक्षा करनी चाहिए। 
अदालत ने पाकिस्तान से कुलभूषण को  'कॉन्सुलर एक्सेस' की सुविधा देने को कहा। जाधव को  'कॉन्सुलर एक्सेस' नहीं मिलने के चलते, मामले की प्रभावी ढंग से दुवार समीक्षा करने को कहा है। लेकिन अदालत ने भारत की  कुलभूषण जाधव की सजा को निरस्त करके उन्हें रिहा करने की मांग को ठुकरा दिया। 

भारतीय नौसेना के पूर्व अधिकारी कुलभूषण जाधव को पाकिस्तान में एक सैन्य अदालत ने भारतीय ख़ुफ़िया एजेंसी के लिए जासूसी और आतंकवाद का दोषी पाया था और उन्हें मौत की सज़ा सुनाई गई थी.
 नीदरलैंड में द हेग के 'पीस पैलेस' में सार्वजनिक सुनवाई हुई, जिसमें अदालत के प्रमुख न्यायाधीश अब्दुलकावी अहमद यूसुफ मे फैसला पढ़कर सुनाया. 16 में से 15 जज, भारत के हक में थे. 
 वरिष्ठ भाजपा नेता एवं पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने कुलभूषण जाधव मामले में बुधवार को आए अंतरराष्ट्रीय न्याय अदालत के फैसले का तहेदिल से स्वागत किया और इसे भारत के लिए एक महान जीत करार दिया।
उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘मैं कुलभूषण जाधव मामले में अंतरराष्ट्रीय न्याय अदालत (आईसीजे) के फैसले का तहेदिल से स्वागत करती हूं। यह भारत के लिए एक महान जीत है।’’

क्या है पूरा मामला ?

पाकिस्तान की एक सैन्य अदालत द्वारा जाधव की मौत की सजा सुनाए जाने के मामले में भारत ने आईसीजे को चुनौती दी थी। पाकिस्तान की सैन्य अदालत ने अप्रैल 2017 में बंद कमरे में सुनवाई के बाद जासूसी और आतंकवाद के आरोपों में भारतीय नौसेना के सेवानिवृत्त अधिकारी जाधव  को मौत की सजा सुनाई   इस  सजा पर भारत ने कड़ी  आपत्ति जताई  थी।  भारत द्वारा पाकिस्तान से जाधव को रिहा करने की अपीलों के बार-बार खारिज होने के बाद भारत ने इस संबंध में वाणिज्य दूतावास संबंधों पर वियना समझौते का खुला उल्लंघन का आरोप लगाते हुए आठ मई 2017 को हेग स्थित अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था। 
भारत ने इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ़ जस्टिस में यह दलील दी थी कि जाधव को 'कॉन्सुलर एक्सेस' यानी भारतीय दूतावास के अधिकारियों से बात करने  देकर पाकिस्तान नेवियना संधि का उल्लंघन किया है। लेकिन पाकिस्तान का कहना है कि जासूसी के मामले में दोषी को 'कॉन्सुलर एक्सेस' नहीं दिया जा सकता। जिसे आज कोर्ट पूरी तरह से नकार दिया। 

India and Pakistan
kulbhushan jadhav
ICJ

Related Stories

कार्टून क्लिक: शुक्रिया पाकिस्तान! तुम हमारे चुनाव में हमेशा काम आते हो

कार्टून क्लिक : राजनीति की उल्टी चाल!

यूएन में आईसीजे ने कहा, पाकिस्तान ने जाधव मामले में वियना संधि का उल्लंघन किया

वरिष्ठ भारतीय राजनयिक गौरव अहलूवालिया ने कुलभूषण जाधव से मुलाकात की

जम्मू-कश्मीर : भारत, पाकिस्तान और संयुक्त राष्ट्र संघ की भूमिका

बौखलाहट : रेल सेवा के बाद पाकिस्तान की ओर से व्यापार और बस सेवा भी बंद

पाकिस्तान जाधव को बेरोकटोक राजनयिक पहुंच मुहैया कराए : भारत

कुलभूषण जाधव मामलाः फ़ैसले को लेकर उलझन

कुलभूषण जाधव की रिहाई असमंजस में 

इमरान ने मोदी को लिखा पत्र, बातचीत की इच्छा, भारत ने कहा- न


बाकी खबरें

  • भाषा
    किसी को भी कोविड-19 टीकाकरण कराने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता : न्यायालय
    02 May 2022
    पीठ ने कहा, “संख्या कम होने तक, हम सुझाव देते हैं कि संबंधित आदेशों का पालन किया जाए और टीकाकरण नहीं करवाने वाले व्यक्तियों के सार्वजनिक स्थानों में जाने पर कोई प्रतिबंध नहीं लगाया जाए। यदि पहले से…
  • नाइश हसन
    कितने मसलक… कितनी टोपियां...!
    02 May 2022
    सुन्नी जमात हैं तो गोल टोपी... बरेलवी से हैं तो हरी टोपी...., अज़मेरी हैं तो ख़ादिम वाली टोपी.... जमाती होे तो जाली वाली टोपी..... आला हज़रत के मुरीद हों तो लम्बी टोपी। कौन सी टोपी चाहती हैं आप?
  • शिरीष खरे
    कोरोना महामारी अनुभव: प्राइवेट अस्पताल की मुनाफ़ाखोरी पर अंकुश कब?
    02 May 2022
    महाराष्ट्र राज्य के ग़ैर-सरकारी समूहों द्वारा प्रशासनिक स्तर पर अब बड़ी तादाद में शिकायतें कोरोना उपचार के लिए अतिरिक्त खर्च का आरोप लगाते हुए दर्ज कराई गई हैं। एक नजर उन प्रकरणों पर जहां कोरोनाकाल…
  • सुबोध वर्मा
    पेट्रोल/डीज़ल की बढ़ती क़ीमतें : इस कमर तोड़ महंगाई के लिए कौन है ज़िम्मेदार?
    02 May 2022
    केंद्र सरकार ने पिछले आठ वर्षों में सभी राज्य सरकारों द्वारा करों के माध्यम से कमाए गए 14 लाख करोड़ रुपये की तुलना में केवल उत्पाद शुल्क से ही 18 लाख करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की है।
  • ज़ाहिद खान
    सत्यजित रे : सिनेमा के ग्रेट मास्टर
    02 May 2022
    2 मई, 1921 को कोलकाता में जन्मे सत्यजित रे सिनेमा ही नहीं कला की तमाम विधाओं में निपुण थे। उनकी जयंती पर पढ़िये यह विशेष लेख।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License