NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आधी आबादी
कला
साहित्य-संस्कृति
इतवार की कविता : एरिन हेंसन की कविता 'नॉट' का तर्जुमा
इतवार की कविता में आज पढ़िये ऑस्ट्रेलियाई कवयित्री एरिन हेंसन की कविता 'नॉट' जिसका हिंदी तर्जुमा किया है योगेंद्र दत्त त्यागी ने।
न्यूज़क्लिक डेस्क
05 Jun 2022
इतवार की कविता : एरिन हेंसन की कविता 'नॉट' का तर्जुमा

इतवार की कविता में आज पढ़िये ऑस्ट्रेलियाई कवयित्री एरिन हेंसन की कविता 'नॉट' जिसका हिंदी तर्जुमा किया है योगेंद्र दत्त त्यागी ने।

नॉट : एरिन हेंसन

तर्जुमा : योगेंद्र दत्त त्यागी

 

तुम्हारी उम्र है ये तुम नहीं हो

नाप भी कपड़ों का अपने तुम नहीं हो

वज़्न अपना तुम नहीं हो 

और न ही रंग इन बालों का तुम हो।

तुम्हारा नाम और गालों में पड़ते ये भंवर भी तुम नहीं हो

हां मगर, जो पढ़ चुकी हो सब किताबें और तुम्हारे लफ्ज़

वो तुम हो।

 

बिखरी-बिखरी सुब्ह की आवाज़ भी 

और वो तबस्सुम भी तुम्हीं हो 

जिसको तुम खिलने नहीं देती

तुम्हारे क़हक़हों की शीरीनी

तुम्हारा एक-इक आंसू हो तुम।

बुलंद आवाज़ में तन्हाई में गाती हो जिनको भी 

वो सारे गीत भी तुम हो।

जहां की सैर की तुमने 

जिसे अपना नशेमन कहती हो

वो देस हो, वो घर भी तुम हो।

यकीं जिनमें भी रखती हो वो सब बातें

और जिनको प्यार तुम करती हो सारे फ़र्द वो तुम हो।

 

तुम्हारी ख़्वाबगाह में लगी तस्वीर और 

जो ख़्वाब देखती हो तुम

वही तुम हो।

बेपनाह हुस्न एक मुजस्सम हो 

लेकिन न जाने क्यूं 

सब भुला बैठी उसी लम्हा 

के जब तुम मान बैठी थी 

तुम्हारी कुल शिनाख़्त 

और तुम्हारी ज़ात का महवर हैं वो चीजें -

जो के तुम हरगिज़ नहीं हो

 

योगेंद्र दत्त दिल्ली स्थित अनुवादक और शायर हैं।

erin hanson
erin hansoN NOT
erin hanson poetry
itwaar ki kavita
self acceptance poetry
poetry in hindi

Related Stories


बाकी खबरें

  • itihas ke panne
    न्यूज़क्लिक टीम
    काशी विश्वनाथ के बहाने 'औरंगज़ेब' की चर्चा
    26 Dec 2021
    हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने काशी विश्वनाथ कॉरिडोर का उद्घाटन करते हुए कहा कि 'अगर कोई औरंगज़ेब खड़ा होता है तो कोई शिवाजी भी आता है'। उत्तर प्रदेश का चुनाव नज़दीक आते ही बीजेपी ने चुनाव…
  • अनिल जैन
    ख़बरों के आगे-पीछे : संसद का मखौल, बृजभूमि का ध्रुवीकरण और अन्य
    26 Dec 2021
    'ख़बरों के आगे-पीछे' के इस अंश में बीते हफ़्ते ख़बरों की दुनिया में क्या कुछ हुआ, इस पर राय रख रहे हैं अनिल जैन।
  • न्यूज़क्लिक डेस्क
    इतवार की कविता : 'तुम मुझको गुड़िया कहते हो, ठीक ही कहते हो...'
    26 Dec 2021
    आज 26 दिसंबर को मशहूर शायरा शाकिर की यौम ए वफ़ात है, इस मौक़े पर पेश है उनकी नज़्म, 'निकनेम'।
  • जगन्नाथ कुमार यादव
    नई शिक्षा नीति के ख़िलाफ़ AISA का 'रोल बैक NEP' अभियान
    26 Dec 2021
    बीते शुक्रवार को प्रेस क्लब ऑफ इंडिया में नई शिक्षा नीति-2020 के खिलाफ़ छात्र संगठन 'ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा)' ने एक राष्ट्रीय अभियान 'रोल बैक एनईपी 2020 (NEP)' की घोषणा करते हुए एक प्रेस…
  • Christmas
    राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: मानुस ते बानर भायो, विश्व गुरु बतलाए!
    26 Dec 2021
    ताजमहल के शहर में जब बड़े दिन पर सेंटा क्लॉज मुर्दाबाद के नारे लगे, विश्व गुरु का ताज उसी क्षण नये इंडिया के सिर पर सज गया। और जब बजरंगियों ने चौराहे पर सेंटा क्लॉज का पुतला फूंका, तब तो बाकायदा…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License